--Advertisement--

8 साल से अलग रह रहे थे दंपती, लोक अदालत में हुई सुलह, अब फिर साथ

सारंगपुर | स्थानीय न्यायालय परिसर में रविवार को नेशनल लोक अदालत अदालत का आयोजन किया गया। शुभारंभ अपर जिला सत्र...

Dainik Bhaskar

Apr 24, 2018, 06:20 AM IST
8 साल से अलग रह रहे थे दंपती, लोक अदालत में हुई सुलह, अब फिर साथ
सारंगपुर | स्थानीय न्यायालय परिसर में रविवार को नेशनल लोक अदालत अदालत का आयोजन किया गया।

शुभारंभ अपर जिला सत्र न्यायाधीश दिव्यांगना जोशी पांडे ने किया। लोक अदालत के शुभारंभ मे न्यायधीश शोभना मीणा, न्यायधीश गोपेश गर्ग, न्यायाधीश कुमारी प्रीति जैन एवं नगर पालिका अध्यक्ष रूपल प्रमोद सादानी, बार एसोसिएशन अध्यक्ष सी. के. जैन उपस्थित थे रविवार को लोक अदालत का आयोजन व शादी विवाह के सीजन के चलते लोक अदालत में लोगों की भीड़ बिलकुल नजर नहीं आई। नर्मदा-झाबुआ ग्रामीण बैंक ने लोक अदालत 152 प्रकरण रखे थे। इनमें से एक प्रकरण का भी निराकरण नहीं हो सका। लोक अदालत के शुभारंभ में सारंगपुर नगर पालिका परिषद और शिवम टेंट हाउस सारंगपुर के बीच चल रहा धारा 138 के प्रकरण का आपसी समझौते से निराकरण कर लोक अदालत में यह प्रकरण समाप्त कर दिया। लगभग 8 वर्षों से अलग रह रहे दंपती हेमंत पुष्पद और पवनबाई पुष्पद निवासी बाग टंकी सारंगपुर को लोक अदालत के माध्यम से राजीनामा कराकर न्यायधीश जैन के समक्ष एडवोकेट एस. एन. चूलीवाल ने एक दूसरे को फूलमाला पहनाकर कराया। उक्त दंपती को नर्मदा झाबुआ बैक प्रबंधक माखनसिंह यादव ने एफडी भेंट की।

सारंगपुर | लोक अदालत में समझौते के दौरान न्यायाधीश के सामने खड़े पक्षकार।

लोक अदालत में 118 प्रकरणों का हुआ निपटारा

शुजालपुर | लोक अदालतों के आयोजनों से विवादों का निपटारा हो जाता है।इसलिए कहा गया है सबकी जीत न किसी की हार यही है लोक अदालत का सार।उक्त बात लोक अदालत के शुभारंभ अवसर पर द्वितीय जिला अपर सत्र न्यायाधीश अमित रंजन समाधिया ने कही। शुजालपुर न्यायालय परिसर में कही। रविवार को आयोजित लोक अदालत का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलित कर व मां सरस्वती तथा महात्मा गांधी के चित्र पर माल्यार्पण कर किया। इस दौरान प्रथम अपर जिला सत्र न्यायाधीश किशोर कुमार गेहलोत, न्यायाधीश हेमंत कुमार रघुवंशी, सविता ओगले, प्रेमलता बोराना एवं संजना सरल, अधिवक्ता अजयपाल सिंह जादौन, मितेश चोपड़ा, विद्युत वितरण कंपनी डीई अभिषेक रंजन उपस्थित थे। लोक अदालत में गठित 6 न्यायालयों में कुल 118 प्रकरणों का निराकरण किया। इसमें 289 लोग लााभान्वित हुए। इन प्रकरणों से दो करोड़ अठ्ठारह लाख उनसत्तर हजार पांच सौ पचास रुपए का राजस्व प्राप्त हुआ। इसी तरह आपराधिक, सिविल, विद्युत अधिनियम, श्रम, मोटर, दुर्घटना दावा, चेक अनादरण, कुटुंब न्यायालय, ग्राम न्यायालय आदि से संबंधित मामलों में कुल पेंडिंग 68 मामलों का निष्पादन हुआ। इसमें कुल राजस्व राशि दो करोड़ सोलह लाख बयासी हजार सात सौ अस्सी जमा हुई। इन प्रकरणों में 173 लोगो को लाभ मिला। प्रीलिटिगेशन के कुल 50 प्रकरणों का निराकरण किया। इसके माध्यम से एक लाख छयासी हजार रुपए सात सौ सत्तर रुपए के भुगतान का समझौता हुआ और 116 लोगों को इसका फायदा मिला। कुल 236 प्रकरणों का निपटारा हुआ और 578 लोगों को लाभ पहुंचा एवं समझौते के तहत चार करोड़ सेत्तीस लाख छत्तीस हजार नौ सौ रुपए के लगभग का राजस्व जमा हुआ।

X
8 साल से अलग रह रहे थे दंपती, लोक अदालत में हुई सुलह, अब फिर साथ
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..