• Hindi News
  • Madhya Pradesh News
  • Timarni News
  • निजी स्कूल संचालकों को लिखित में बताना होगा, कितने बच्चे किस वाहन से आते हैं
--Advertisement--

निजी स्कूल संचालकों को लिखित में बताना होगा, कितने बच्चे किस वाहन से आते हैं

हरदा। आरटीओ ने जारी किए नोटिस। नोटिस के साथ शर्तों का फार्मेट भी आरटीओ द्वारा भेजे जा रहे नोटिस के साथ...

Dainik Bhaskar

Feb 13, 2018, 06:55 AM IST
निजी स्कूल संचालकों को लिखित में बताना होगा, कितने बच्चे किस वाहन से आते हैं
हरदा। आरटीओ ने जारी किए नोटिस।

नोटिस के साथ शर्तों का फार्मेट भी

आरटीओ द्वारा भेजे जा रहे नोटिस के साथ परिवहन अधिकारी द्वारा दो फार्मेट भी संलग्न किए हैं। इनमें यह बताया है कि बस का रंग कैसा हो। आगे पीछे क्या लिखना है। कितने दरवाजे जरुरी हैं। स्पीड गवर्नर, अग्निशामक यंत्र, इमरजेंसी दरवाजा व अन्य वांछित शर्तों का बिंदूवार ब्यौरा है। दूसरे फार्म में परमिट, बीमा, फिटनेस, वाइपर की स्थित, प्रेशर हार्न, लाइसेंस, प्रदूषण संबंधी प्रमाण पत्र व अन्य क्या दस्तावेज जरूरी हैं। इनमें से किसी भी प्रकार की कमी पर कार्रवाई की जाएगी।

वाहनों की जारी रहेगी जांच


स्कूल संचालकों को नोटिस देकर जानकारी मांगी है


डीईओ भी भेजेंगे नोटिस

निजी स्कूलों की मान्यता की कागजी कार्रवाई में एक बिंदू वाहन सुविधा से भी जुड़ा है। कई प्राइवेट स्कूलों में बस और मैजिक तथा दूसरे वाहनों से बच्चे आते-जाते हैं। जब काेई हादसा होता है तब प्रशासन पर अव्यवस्था का दोष मढ़ा जाता है। इससे बचने के लिए डीईओ भी निजी स्कूल संचालकों को नोटिस भेज रहे हैं। जिससे हर विद्यालय में दर्ज बच्चे के आने-जाने का पूरा ब्यौरा उनके पास भी उपलब्ध रहे। इससे यह फायदा होगा कि कौन सा बच्चा किस तरह स्कूल पहुंचता है, इसकी जानकारी विभाग के पास भी मौजूद रहेगी। किसी अन्य की लापरवाही या चूक होने पर प्रशासन की छवि खराब नहीं होगी।

X
निजी स्कूल संचालकों को लिखित में बताना होगा, कितने बच्चे किस वाहन से आते हैं
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..