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नहीं है यात्री प्रतीक्षालय, खुले आसमान तले सड़क किनारे बसों का इंतजार करते हैं यात्री

नगर के लोगों के लिए बस स्टैंड पर यात्रियों के लिए प्रतीक्षालय नहीं है। इसके कारण यात्रियों को ठंड, बारिश और गर्मी...

Dainik Bhaskar

Feb 24, 2018, 09:15 AM IST
नहीं है यात्री प्रतीक्षालय, खुले आसमान तले सड़क किनारे बसों का इंतजार करते हैं यात्री
नगर के लोगों के लिए बस स्टैंड पर यात्रियों के लिए प्रतीक्षालय नहीं है। इसके कारण यात्रियों को ठंड, बारिश और गर्मी के खुले आसमान के नीचे खड़े होकर बसों का इंतजार करना पड़ता है। नगर से रोजाना 100 से अधिक बसों का आवागमन होता है। इन बसों में 500 से अधिक यात्री सफर करते हैं। लेकिन यात्रियों के लिए कोई सुविधा नहीं है। नगर से इंदौर, खंडवा, भोपाल, होशंगाबाद सहित अन्य शहरों व गांवों के यात्री आवागमन करते हैं। इनमें छात्र-छात्राएं भी शामिल हैं। लेकिन यात्री प्रतीक्षालय व स्थाई बस स्टैंड नहीं होने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। सबसे अधिक मुसीबत महिला यात्रियों को उठानी पड़ती है।

नगर के हरदा रोड स्थित मंडी नाके से लोग हरदा, इंदौर, खिरकिया, खंडवा की ओर जाने के लिए बस का इंतजार करते हैं। रेल्वे लाइन के पार छीपानेर, गोंदागांव, नौसर, करताना, रुंदलाय, गुल्लास, नयागांव, पोखरनी, बाजनिया सहित करीब 20 गांव जुड़े हुए हैं। इन गांवों में 20 हजार से ज्यादा लोग रहते हैं। मंडी नाका व रेलवे लाइन पार यात्री प्रतीक्षालय बनाया जा सकता है।

टिमरनी। बस का इंतजार करते हुए ।

जर्जर हो गया बारजा रोड का प्रतीक्षालय

बारजा-सामरधा रोड पर नगर पंचायत परिषद द्वारा बना यात्री प्रतीक्षालय जर्जर हो गया है। प्रतीक्षालय के टीन उखड़ गए हैं। कुर्सियां भी टूट गई हैं। इसके कारण बसों के इंतजार में ग्रामीण यात्रियों को धूप व बारिश में खड़े रहकर बस का इंतजार करना पड़ता है।

हाईवे पर खड़े रहकर छात्र करते हैं बसों का इंतजार

सोडलपुर रोड स्थित महाविद्यालय में करीब 2200 छात्र-छात्राएं पढ़ाई करते हैं। इनमें से करीब 1100 छात्राएं आसपास के गांवों से पढ़ाई करने आती हैं। इन छात्राओं को हाईवे पर खड़े होकर बसों का इंतजार करना पड़ता है। काॅलेज के सामने से ही धौलपुर, सौंताड़ा, भादूगांव सहित 8 से 10 गांव की छात्राएं बस से आनाजाना करतीं हैं। छात्राओं ने प्रशासन से यात्री प्रतीक्षालय व बैठने के लिए बैंच लगाने की मांग की है।


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