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साेयाबीन अाैर उड़द के नुकसान से 5 हजार से बढ़कर 25 हजार हेक्टे. हुआ धान का रकबा

जिले में लगभग 80 फीसदी रकबे में बोवनी हो चुकी है भास्कर संवाददाता|विदिशा जिले के ज्यादातर हिस्सों में मानसून...

Danik Bhaskar | Jul 12, 2018, 08:25 AM IST
जिले में लगभग 80 फीसदी रकबे में बोवनी हो चुकी है

भास्कर संवाददाता|विदिशा

जिले के ज्यादातर हिस्सों में मानसून की चाल अभी तक खेती के लिहाज से अनुकूल रही है। जिले में लगभग 80 फीसदी रकबे में बोवनी हो चुकी है। पिछले साल सोयाबीन और उड़द की फसल में हुए घाटे ने कई किसानों में धान की उपज में रुचि बढ़ा दी है। यही वजह है कि इस साल 5 हजार से सीधे 25 हजार हेक्टेयर में धान की फसल किसान ले रहे हैं। हालांकि जिले में सबसे अधिक 3.30 लाख हेक्टेयर का रकबा सोयाबीन का ही है। दूसरी सबसे अधिक रकबा उड़द फसल है। इस साल 5 लाख हेक्टेयर से अधिक रकबे में बोवनी होना है।

नहर क्षेत्र में ज्यादातर किसान इस साल धान की खेती में रुझान दिखा रहे हैं। मौजूदा समय में खेतों में धान की रोप तैयार हो रही हैं। जिले में अभी तक 4 लाख हेक्टेयर से अधिक रकबे में बोवनी हो चुकी है। कम बारिश की वजह से बोवनी में जिले का लटेरी और सिरोंज ब्लाक काफी पिछड़ा हुआ है।

समय पर और जरूरत का पानी नहीं गिरने से लटेरी और सिरोंज ब्लाक में ज्यादातर किसान बोवनी नहीं कर पाए हैं। हालांकि पिछले 24 घंटे के दौरान इन दोनों तहसीलों में अच्छी बारिश दर्ज होने से अब किसान बोवनी की तैयारी में जुट गए है। जबकि अन्य विदिशा, ग्यारसपुर, नटेरन, गुलाबगंज, गंजबासौदा और कुरवाई में अच्छी बारिश की वजह से बोवनी लगभग अंतिम चरण में है।