पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

Install App
  • Hindi News
  • National
  • Ashok Gehlot Sachin Pilot | Rajasthan Political Crisis LIVE Updates: Chief Minister Ashok Gehlot Loyal Congress MLAs In Jaisalmer, Sachin Pilot Latest News Today

राजस्थान की सियासी उठापटक:सीएम गहलोत बोले- प्रधानमंत्री को राजस्थान का तमाशा रोकना चाहिए, हॉर्स ट्रेडिंग के रेट बढ़ गए; केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह का घोटाले में नाम, उन्हें इस्तीफा देना चाहिए

जयपुर/जैसलमेर2 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
  • जयपुर के फेयरमॉन्ट होटल में 18 दिन बाड़ेबंदी के बाद गहलोत ने अपने विधायक जैसलमेर शिफ्ट किए
  • जयपुर में केंद्रीय जांच एजेंसी की बड़ी कार्रवाई की आशंका समेत 5 वजहों से जैसलमेर को चुना

सियासी उठापटक के बीच अपने गुट के विधायकों को जैसलमेर शिफ्ट करने के एक दिन बाद मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने शनिवार को कहा कि प्रधानमंत्री को राजस्थान में चल रहा तमाशा रोकना चाहिए। यहां हॉर्स ट्रेडिंग के रेट बढ़ गए हैं। गहलोत ने केंद्रीय मंत्री और जोधपुर सांसद गजेंद्र सिंह शेखावत पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि संजीवनी को-ऑपरेटिव सोसायटी के घोटाले में शेखावत का नाम आ चुका है। कोर्ट ने भी जांच के निर्देश दिए हैं। ऐसे में शेखावत को नैतिक आधार पर इस्तीफा देना चाहिए।

खरीद-फरोख्त का खतरा बढ़ने की वजह से मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने अपने गुट के विधायकों को राजधानी जयपुर से 570 किलोमीटर दूर जैसलमेर के सूर्यगढ़ पैलेस होटल में पहुंचा दिया है। खुद गहलोत 15 मंत्री और 73 विधायकों समेत कुल 88 विधायक शुक्रवार को शिफ्ट हो गए।

विधायक संयम लोढ़ा होटल सूर्यगढ़ पैलेस में।
विधायक संयम लोढ़ा होटल सूर्यगढ़ पैलेस में।

विधानसभा सत्र 14 अगस्त से, विधायक उसी दिन लौटेंगे
गहलोत के 6 मंत्रियों समेत 14 विधायक अभी बाहर हैं। इनमें बीमार चल रहे तीन विधायक- परसराम मोरदिया, मास्टर भंवरलाल मेघवाल और बाबूलाल बैरवा हैं। छह मंत्रियों, तीन बीमार विधायकों और स्पीकर को छोड़ गहलोत गुट के बाकी बचे चार विधायकों के आज जैसलमेर पहुंचने के आसार हैं। विधानसभा का सत्र 14 अगस्त को शुरू होगा। तब तक विधायकों के जैसलमेर में ही रहने की उम्मीद है।

जयपुर क्यों छोड़ा, जैसलमेर ही क्यों चुना: 5 वजह
1.
केंद्रीय एजेंसियां जयपुर में ज्यादा सक्रिय हो रही थीं। बताया जा रहा है कि सरकार को फेयरमॉन्ट होटल- जहां गहलोत गुट के विधायक 18 दिन रहे, उस होटल में बड़ी कार्रवाई होने का शक था।
2. जयपुर में बाड़ेबंदी वाली जगह धरने-प्रदर्शन शुरू हो गए थे। सरकार ऐसी जगह चाहती थी, जहां आवाजाही कम हो।
3. जयपुर में विधायकों के घरवाले और रिश्तेदार भी आने-जाने लगे थे। सरकार ऐसा नहीं चाहती थी।
4. जयपुर से बाड़ेबंदी को सवाई माधोपुर और दूसरी जगहों पर शिफ्ट करने पर भी विचार हुआ, लेकिन बॉर्डर का इलाका होने और बाहरी लोगों की पहुंच आसान नहीं होने की वजह से जैसलमेर को चुना।
5. बताया जा रहा है कि जैसलमेर की तनोट माता में गहलोत की आस्था है। विधायकों को माता के दर्शन करवाने की तैयारी है।

सरकार जैसलमेर में तो...क्या जनता के कामों पर असर पड़ेगा?
इस बारे में मुख्यमंत्री गहलोत ने कहा- 'मैं जयपुर में रहूंगा। मंत्री भी यहीं रहेंगे। ज्यादातर लोग आते-जाते रहेंगे। गवर्नेंस में कोई कॉम्प्रोमाइज नहीं होगा। कोरोना को लेकर रोज वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कर रहा हूं। कानून व्यवस्था संभाल रखी है, लेकिन सरकार बचाना भी जरूरी है।'

अपडेट्स

  • गहलोत और सचिन पायलट गुट के जो विधायक होटलों में रुके हैं, उनके वेतन-भत्ते रोकने के लिए राजस्थान हाईकोर्ट में जनहित याचिका (पीआईएल) लगाई गई है। पिटीशन लगाने वाले विवेक सिंह जादौन का कहना है कि कोरोना की वजह से राज्य की फाइनेंशियल हालत ठीक नहीं है, लेकिन विधायक अपने इलाकों में जाने की बजाय होटलों में रुके हुए हैं।
  • विधायकों की खरीद-फरोख्त के मामले में केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह के वॉइस सैंपल लेने के लिए एसओजी ने शुक्रवार को सीएमएम कोर्ट में अर्जी लगाई। विधायक भंवरलाल शर्मा के वॉइस सैंपल भी लिए जाएंगे। एसओजी ने कहा है कि विधायकों की खरीद-फरोख्त के वायरल ऑडियो की एफएसएल रिपोर्ट आ गई है। अभी तक की जांच के आधार पर मंत्री और विधायक के वॉइस सैंपल लेना सही होगा।

राजस्थान की राजनीति से जुड़ी ये खबरें भी पढ़ सकते हैं...

1. राजस्थान का रण: गहलोत ने रणभूमि बदली, लेकिन सदन से पहले कोर्ट में टूट सकता है जादूगर का तिलिस्म

2. पायलट गुट के विधायक विश्वेंद्र सिंह बोले- अगर मुख्यमंत्री जनता के लिए काम करते तो सरकार अल्पमत में नहीं होती

आज का राशिफल

मेष
Rashi - मेष|Aries - Dainik Bhaskar
मेष|Aries

पॉजिटिव- अध्यात्म और धर्म-कर्म के प्रति रुचि आपके व्यवहार को और अधिक पॉजिटिव बनाएगी। आपको मीडिया या मार्केटिंग संबंधी कई महत्वपूर्ण जानकारी मिल सकती है, इसलिए किसी भी फोन कॉल को आज नजरअंदाज ना करें। ...

और पढ़ें