• Hindi News
  • National
  • Bahujan Samaj Party is preparing a strategy for the ticket in Lok Sabha elections 2019

लोकसभा चुनाव / बसपा नए प्रयोग के लिए तैयार; कई टिकट बदलेंगे, कुछ नए चेहरे भी आ सकते हैं सामने



Bahujan Samaj Party is preparing a strategy for the ticket in Lok Sabha elections 2019
X
Bahujan Samaj Party is preparing a strategy for the ticket in Lok Sabha elections 2019

  • सपा से किया है बसपा ने गठबंधन, यूपी की 38 सीटों पर लड़ेगी पार्टी चुनाव
  • 2014 के लोकसभा चुनावों में बसपा का खाता भी नहीं खुला था

Dainik Bhaskar

Mar 16, 2019, 04:30 PM IST

लखनऊ. बहुजन समाज पार्टी 2019 का लोकसभा चुनाव पुरानी परिपाटी से कुछ हटकर लड़ने की योजना पर काम कर रही है। इसके चलते जहां कई सीटों पर नए उम्मीदवार को उतारने का विचार किया जा रहा है, तो कुछ प्रत्याशियों की सीट भी बदलने की संभावना जताई जा रही है। बसपा ने नई रणनीति के तहत ही सपा से गठबंधन किया है और यूपी की 80 सीटों के मुकाबले 38 सीटों उम्मीदवार उतारे जा रहे हैं। 2014 के आम चुनावों में बसपा को एक भी सीट नहीं मिली थी।


12 दिन में दूसरी हुआ गठन : बसपा सुप्रीमो मायावती ने लोकसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए राज्य स्तर पर बनाए गए संगठन के दो सेक्टरों को तत्काल प्रभाव से भंग करते हुए इसका नए सिरे से गठन किया है। संगठन का पुनर्गठन 12 दिनों के अंदर दूसरी बार किया गया है। अब प्रत्येक तीन मंडल में एक सेक्टर होगा और इसमें दो-दो टीमें काम करेंगी।

 

मायावती की आंख-कान होगी यही टीम : लोकसभा चुनाव के दौरान यही टीम बसपा सुप्रीमो की आंख-कान होगी। यही टीम जमीनी स्तर पर प्रचार का कमान संभालने के साथ मायावती को पूरी रिपोर्ट करेगी। इस टीम में कुल 25 लोगों को शामिल किया गया है। टीम में उन्हें ही स्थान दिया गया है, जो बसपा कोर कमेटी से किसी न किसी रूप में जुड़े हुए हैं। मायावती ने संगठन में फेरबदल का ऐलान गुरुवार को प्रदेश मुख्यालय पर उत्तर प्रदेश में स्टेट और मंडल के वरिष्ठ पदाधिकारियों व पार्टी के जिम्मेदार लोगों की बैठक में किया।

 

उम्मीदवारों का चयन कई कसौटियों पर हो रहा : 2014 के लोकसभा चुनाव में एक भी सीट न मिलना माना जा रहा है। बसपा इस बार सपा के साथ गठबंधन पर मैदान में उतर रही है और उसे 38 सीटें मिली हैं। पिछले लोकसभा चुनाव की अपेक्षा 42 सीटें कम हैं। बसपा पिछले बार सभी 80 सीटों पर चुनाव लड़ी थी, लेकिन उसे एक सीट पर भी सफलता नहीं मिल पाई थी। बसपा के रणनीतिकारों की मानें तो इस बार उम्मीदवारों का चयन कई कसौटियों पर रखा जा रहा है। मसलन, क्षेत्र में उसका व्यक्तिगत जनाधार क्या होगा और संगठन के लोग कितना पसंद कर रहे हैं।

 

इन सीटों पर नाए चेहरे पर दांव संभव: बसपा सूत्रों की मानें तो सीतापुर, मोहनलालगंज, कैसरगंज के साथ बुलंदशहर, अलीगढ़, गौतमबुद्धनगर, अमरोहा से पुरानों का टिकट कट सकता है। इसी तरह मिश्रिख, धौरहरा, अकबरपुर, फरुर्खाबाद, कैसरगंज और घोषी में नया प्रत्याशी उतारा जा सकता है।


 

लोकसभा चुनाव 2014
बसपा चुनाव लड़ी 80
वोटिंग प्रतिशत 19.62

 

इनको मिल सकता है टिकट

सहारनपुर हाजी फजलुर्रहमान
बिजनौर इकबाल ठेकेदार
नगीना गिरीश चन्द्र
अमरोहा मलूक नागर
मेरठ हाजी याकूब कुरैशी
गौतमबुद्धनगर सतवीर नागर
बुलंदशहर योगेश वर्मा
अलीगढ़ अजीत बालियान
आगरा मनोज सोनी
फतेहपुर सीकरी सीमा उपाध्याय
शाहजहांपुर अमरचंद जौहर धौरहरा - अरशद सिद्दीकी
सीतापुर नकुल दूबे
मिश्रिख नीलू सत्यार्थी
मोहनलालगंज सीएल वर्मा
सुल्तानपुर चंद्रभद्र सिंह सोनू
प्रतापगढ़ अशोक त्रिपाठी
फर्रुखाबाद मनोज अग्रवाल
अकबरपुर निशा सचान
जालौन अजय अहिरवार
हमीरपुर संजय साहू
फतेहपुर सुखदेव वर्मा
अंबेडकरनगर राकेश पाण्डेय
कैसरगंज संतोष तिवारी
श्रावस्ती राम शिरोमणि वर्मा
डुमरियागंज आफ़ताब आलम उर्फ गुड्डू भैया
बस्ती राम प्रसाद चौधरी
संत कबीरनगर भीष्मशंकर कुशल तिवारी
देवरिया विनोद जायसवाल
बांसगांव दूधनाथ
लालगंज घूराराम
घोसी अतुल राय
सलेमपुर आरएस कुशवाहा
मछलीशहर त्रिभुवन राम
गाजीपुर अफजाल अंसारी
भदोही रंगनाथ मिश्रा

 

2014 के आम चुनावों में यूपी की स्थिति

पार्टी  सीटें
भाजपा 71
सपा 5
कांग्रेस 2
अपना दल 2
कुल 80

 

COMMENT

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना