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दिल्ली की बिल्डिंग में आग:27 की मौत, 29 लापता; बढ़ सकता है मृतकों का आंकड़ा, बिल्डिंग मालिक हिरासत में

नई दिल्ली11 दिन पहलेलेखक: वैभव पलनीटकर

दिल्ली में शुक्रवार को मुंडका मेट्रो स्टेशन के पास तीन मंजिला कमर्शियल बिल्डिंग में लगी आग से 27 लोगों की जलकर मौत हो गई। दमकल अधिकारी ने बताया कि रेस्क्यू ऑपरेशन खत्म हो गया है। उन्होंने दावा किया कि मरने वालों की संख्या बढ़कर 30 हो सकती है। टीम को घटनास्थल से कुछ अवशेष मिले हैं, जिनके शव होने का संदेह है। इसकी जांच कराई जा रही है। अगर संदेह सही साबित हुआ तो मृतकों की संख्या बढ़ जाएगी। अभी 27 लोगों की मौत की घोषणा की गई है, इनमें से 18 शवों की पहचान नहीं हो सकी है।हादसे में 15 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।

29 लापता लोगों में 24 महिलाएं
दिल्ली अग्निकांड में अभी 29 लोग लापता बताए जा रहे हैं, इनमें 5 पुरुष और 24 महिलाएं हैं। बिल्डिंग में काम करने वाली सोनी कुमारी (35), तानिया (27), मोहिन पाल (38), पूजा (19), भारती देवी (42), गीता देवी (42), मधु देवी (29), मोनिका (21), यशोदा देवी (35), मुस्कान (22), स्वीटी (32), पूजा (19), मोहिनी (40), भारती नेगी (45), रंजू देवी (32), जसोदा देवी (34), मधु (21), पूनम (19), प्रीति (24), निशा कुमारी (18), मधु (24), गीता चौहान (45), सोनम (20), आशा (30), नरेंद्र (26), कैलाश जानी (55), प्रवीण (33), विशाल (24), अमित जानी (34) अभी लापता हैं।

संजय गांधी हॉस्पिटल ने लापता लोगों की लिस्ट जारी की है।
संजय गांधी हॉस्पिटल ने लापता लोगों की लिस्ट जारी की है।

लापता लोगों की यह लिस्ट संजय गांधी हॉस्पिटल ने तैयार की है। यह लिस्ट उन लोगों की शिकायतों के आधार पर बनाई गई है, जो इस बिल्डिंग में काम करने वाले अपने परिजन की तलाश कर रहे हैं। पुलिस ने शुक्रवार की देर शाम इमारत के मालिक हरीश गोयल और वरुण गोयल को हिरासत में ले लिया। वहीं दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने जांच के आदेश दिए हैं। उन्होंने कहा कि घटना के लिए जिम्मेदार पाए जाने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। मृतकों के परिजन को 10 लाख रुपए मुआवजा दिया जाएगा।

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आग लगने की सूचना शुक्रवार को शाम 4.40 बजे मिली थी। करीब 7 घंटे बाद आग पर काबू पा लिया गया। हालांकि देर रात 12 बजे आग फिर से धधकने लगी, जिस पर वहां मौजूद दमकल कर्मियों ने काबू पाया। रेस्क्यू टीम ने इमारत की खिड़कियां तोड़कर फंसे लोगों को बचाया। रात को NDRF की टीम भी मौके पर पहुंच गई।

बिल्डिंग के फर्स्ट फ्लोर से शुरू हुई आग तेजी से फैली और ग्राउंड फ्लोर को छोड़कर इमारत की ऊपरी तीन मंजिलें लपटों से घिर गईं।
बिल्डिंग के फर्स्ट फ्लोर से शुरू हुई आग तेजी से फैली और ग्राउंड फ्लोर को छोड़कर इमारत की ऊपरी तीन मंजिलें लपटों से घिर गईं।

करीब 150 लोगों को रेस्क्यू किया गया
जिस बिल्डिंग में आग लगी वहां कई कंपनियों के ऑफिस थे। यहां से करीब 150 लोगों को रेस्क्यू किया गया। 100 लोगों की टीम इसके लिए तैनात की गई। दिल्ली पुलिस ने घटनास्थल से संजय गांधी मेमोरियल हॉस्पिटल तक ग्रीन कॉरिडोर बनाया, ताकि घायलों को तेजी से अस्पताल तक पहुंचाया जा सके। इस बीच DM ऑफिस ने हेल्पलाइन नंबर 011-25195529, 011-25100093 जारी किए हैं।

बढ़ सकती है मरने वालों की संख्या
रात को करीब 1 बजे आउटर दिल्ली के DCP समीर शर्मा ने बताया, 'बिल्डिंग में रेस्क्यू का काम अभी पूरा नहीं हुआ है। हो सकता है कि कुछ और शव यहां मिलें। अब तक जो शव मिले हैं, वो ऐसी हालत में है कि उनकी शिनाख्त मुश्किल है। लिहाजा पुलिस फोरेंसिक टीम की मदद लेगी। लापता लोगों से इनके सैंपल मैच कराए जाएंगे, ताकि मृतकों की पहचान की जा सके। लापता लोगों की लिस्ट रातभर में तैयार कर ली जाएगी।'

दिल्ली पुलिस ने आशंका जताई है कि आग में जलनेवालों का आंकड़ा बढ़ सकता है। मलबे में कुछ और शव दबे हो सकते हैं।
दिल्ली पुलिस ने आशंका जताई है कि आग में जलनेवालों का आंकड़ा बढ़ सकता है। मलबे में कुछ और शव दबे हो सकते हैं।

बिल्डिंग मालिक को हिरासत में लिया
दिल्ली पुलिस ने बताया कि मेट्रो स्टेशन के पिलर 544 के पास बनी यह इमारत एक 3 मंजिला कॉमर्शियल बिल्डिंग है, जिसे ऑफिस स्पेस के तौर पर कंपनियों को किराए पर दिया जाता है। इस इमारत की फायर NOC नहीं थी। पुलिस ने इमारत के मालिक हरीश गोयल, वरुण गोयल को हिरासत में ले लिया है।

CCTV गोदाम में शॉर्ट सर्किट से लगी आग
इमारत की पहली मंजिल पर CCTV की फैक्ट्री और गोदाम है। यहां शॉर्ट सर्किट से लगी आग ने भीषण रूप धारण कर लिया और पूरी बिल्डिंग आग की चपेट में आ गई। फैक्ट्री में काफी संख्या में मजदूर काम कर रहे थे। इमारत में प्रवेश और निकास एक ही होने से बचाव कार्य जल्द शुरू नहीं हो सका। जगह काफी कंजस्टेड होने से रेस्क्यू ऑपरेशन में भारी परेशानी आई।

इमारत में रखा हुआ सामान पूरी तरह जल गया है। जिन 27 लोगों की मौत हुई, वे ऊपर की तीन मंजिलों में ही फंसे हुए थे।
इमारत में रखा हुआ सामान पूरी तरह जल गया है। जिन 27 लोगों की मौत हुई, वे ऊपर की तीन मंजिलों में ही फंसे हुए थे।

ग्राउंड फ्लोर के अलावा बिल्डिंग की सभी मंजिलों पर हर चीज राख हो गई है। दिल्ली के फायर डायरेक्टर अतुल गर्ग ने बताया कि इमारत में सामान काफी था। इस कारण आग बुझाने में काफी परेशानी आई। बिल्डिंग की तीन में से दो मंजिलों की सर्चिंग पूरी हो गई है। तीसरी मंजिल की सर्चिंग की जा रही है।

घबराहट में इमारत से कूद गए लोग
इमारत की खिड़कियों से निकलते धुएं के बीच लोगों को JCB मशीन और क्रेन के​​​​​ सहारे नीचे उतारा गया, वहीं कुछ लोग रस्सी की मदद से नीचे आए। दिल्ली फायर सर्विस के डिप्टी चीफ फायर ऑफिसर सुनील चौधरी ने बताया कि कुछ लोग बिल्डिंग से कूद गए, जिससे वो घायल हो गए। मौके पर फायर ब्रिगेड की 27 गाड़ियां भेजी गई थीं। एंबुलेंस भी तैनात है। नजदीकी गांव के लोगों ने मौके पर पहुंचकर लोगों को बचाने में मदद की।

देर रात आग पर काबू पाने के बाद दमकलकर्मियों ने पूरी इमारत की तलाशी ली, ताकि घायलों और शवों का पता लगाया जा सके।
देर रात आग पर काबू पाने के बाद दमकलकर्मियों ने पूरी इमारत की तलाशी ली, ताकि घायलों और शवों का पता लगाया जा सके।

इसलिए हादसे ने लिया बड़ा रूप
स्थानीय लोगों ने बताया कि बिल्डिंग में जगह कम थी और ज्यादा लोग काम कर रहे थे। ऐसे में जब आग भड़की तो अफरा-तफरी मच गई, जिससे लोग खुद से बचकर नहीं भाग पाए और हादसे के शिकार हो गए। यहां CCTV का गोदाम था। गोदाम में आग लगने से लपटें और भीषण हो गई, जिससे दमकल कर्मियों को आग बुझाने में काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।