चुनाव प्रचार / मोदी का तंज- फर्जी दोस्ती 23 मई को टूटेगी, बुआ-बबुआ दुश्मनी पार्ट-2 शुरू करेंगे

Dainik Bhaskar

Apr 20, 2019, 08:38 PM IST



Narendra Modi Rally UP Bihar West Bengal news and updates
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Narendra Modi Rally UP Bihar West Bengal news and updates

  • मोदी ने शनिवार को बंगाल के बालूरघाट, बिहार के अररिया और उप्र के एटा-बरेली में जनसभाएं कीं
  • मोदी ने दिल्ली के बाटला हाउस में कार्रवाई को लेकर कांग्रेस पर तंज कसा
  • मोदी ने बंगाल में कहा- सैनिकों की वीरता के नहीं, चिटफंड घोटाले और घुसपैठियों के सबूत खोजें

पटना/कोलकाता/लखनऊ. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को बंगाल के बालूरघाट, बिहार के अररिया और उत्तर प्रदेश के एटा, बरेली में जनसभाएं कीं। एटा में उन्होंने सपा-बसपा गठबंधन पर निशाना साधा। मोदी ने कहा कि उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव से पहले भी गठबंधन हुआ था। चुनाव खत्म हुआ, दोस्ती भी खत्म हो गई। दुश्मनी में बदल गई। अब एक बार फिर नई दोस्ती हुई है। ये दोस्ती 23 मई को टूटेगी। बुआ-बबुआ दुश्मनी पार्ट-2 शुरू करेंगे।

 

मोदी ने कहा, ''योगी सरकार से पहले यहां सपा की सरकार थी। खुद को समाजवादी बताते हैं, लोहिया जी के नाम पर राजनीति करते हैं। उनका ध्यान गरीबों को घर देने के बजाय अपने बंगले पर था। हम दिल्ली से पत्र लिखकर घर देने के लिए गरीबों की लिस्ट मांग रहे थे, लेकिन वे अपने बंगलों को विदेशी टाइल्स और फर्नीचर से सजाने में लगे थे। सुना है टोंटिया बहुत शानदार लगाई गईं थीं। वो तो अच्छा हुआ, यहां आपने योगी जी की सरकार बनवा दी नहीं तो हम पूछते ही रह जाते।''

 

मोदी का तंज- आतंकियों के मारे जाने पर कांग्रेस के बड़े नेताओं की आंखों में आंसू आ जाते थे

अररिया में उन्होंने कहा कि हमने आतंकियों को घर में घुसकर मारा। आतंकियों के मारे जाने पर कांग्रेस के बड़े नेताओं की आंख में आंसू आ जाते थे। इससे पहले उन्होंने प.बंगाल के बालुरघाट में कहा कि दीदी, अगर सबूत ही खोजने हैं तो चिटफंड घोटाले और घुसपैठियों के सबूत खोजो, सैनिकों की वीरता के सबूत खोजना बंद करो।

 

'आपकी तपस्या ब्याज समेत लौटाऊंगा'
मोदी ने अररिया में कहा, "बंगाल के बाद यह दूसरा ऐसा जनसैलाब है। आप लोग रैली में इतना गर्मी में तप रहे हैं। आपकी यह तपस्या खाली नहीं जाएगी। मैं इसे ब्याज समेत लौटाऊंगा। यह फणीश्वरनाथ रेणु की धरती है। उनके पोते ने मुझे उनकी किताब मैला आंचल दी। उसमें एक वाक्य लिखा है- ‘मैं साधना करूंगा ग्रामवासिनी भारत मां के मैले आंचल तले।’ इस वाक्य के पीछे जो प्रेरणा है, वह हम सबके लिए महत्वपूर्ण हैं। जिन्हें भारत माता से दिक्कत होगी, जो 'भारत तेरे टुकड़े होंगे' नारा लगाने वालों के साथ जाकर खड़े हो जाते हैं, वे भारत के विकास के लिए साधना कैसे कर पाएंगे। खुद को मां भारती के लिए खपा भी कैसे पाएंगे।"

 

'एक तरफ वोट भक्ति तो दूसरी तरफ देशभक्ति की राजनीति'
प्रधानमंत्री ने कहा, "जब सत्ताभोग और परिवार का विकास ही लक्ष्य हो जाता है। तो हर जगह कलह और बंटवारा दिखाई देता है। बिहार में तो यह साफ नजर आ रहा है। आज देश में एक तरफ वोट भक्ति की राजनीति है, तो दूसरी तरफ देशभक्ति की। देशभक्ति की राजनीति क्या होती है वो पहले आपने उड़ी और फिर पुलवामा हमले के बाद देखा। भारत ने आतंकियों को घुस कर मारा भी और पाकिस्तान को अलग-थलग भी कर दिया। इसी तरह की वोट बैंक की राजनीति की गई थी जब दिल्ली के बाटला हाउस में हमारे वीरों ने अनेक बम धमाकों में शामिल आतंकियों को मारा था। लेकिन आतंकियों पर कार्रवाई से खुश होने के बजाय, कांग्रेस के बड़े नेताओं की आंख में आंसू आ गए थे।"

 

'23 मई के बाद दीदी को विकास रोकने का नतीजा समझ आएगा'
मोदी ने बालूरघाट में कहा, "पूरा देश कह रहा है कि पश्चिम बंगाल में कुछ बड़ा होने वाला है। स्पीडब्रेकर दीदी को अब 23 मई के बाद समझ आ जाएगा कि जनता के साथ गुंडागर्दी करने, उनके पैसे लूटने और विकास रोकने का नतीजा क्या होता है। मैं मीडिया में देख रहा था कि कैसे सामान्य लोगों ने, हमारी बहनों ने टीएमसी के गुंडों को सबक सिखाया। उनकी धमकियों के बावजूद किसान, मजदूर, व्यापारी, माताएं-बहनें और नौजवान वोट देने निकल पड़े। बंगाल में पहले और दूसरे चरण में मतदान की जो रिपोर्ट आई है। उसने स्पीडब्रेकर दीदी की नींद पर भी लगाम लगा दिया है। इस बौखलाहट में किस तरह के जघन्य अपराध हो रहे हैं, वह भी देश देख रहा है। पुरुलिया में हमारे एक कार्यकर्ता की हत्या की गई।"

 

'ममता ने मां, माटी और मानुष के नाम पर धोखा दिया'
प्रधानमंत्री ने कहा, "आप लोगों ने ममता दीदी पर बहुत विश्वास किया, लेकिन उन्होंने आपके मां, माटी और मानुष के नाम पर सिर्फ धोखा दिया है। यह गलती आपने ही नहीं मैंने भी की। जब मैं उन्हें टीवी पर देखता था या कभी मिलता था तो लगता था कि वो सादगी की मूर्ति हैं, बंगाल का भला चाहती हैं। लेफ्टिस्टों से बंगाल की मुक्ति चाहती हैं। प्रधानमंत्री बनने के बाद जब मैंने उनके काम देखे तो मेरा माथा शर्म से झुक गया। अब मैं भी उन्हें पहचान गया हूं और बंगाल का तो बच्चा-बच्चा उन्हें पहचानता है। पहले गरीबों के पसीने की कमाई नारदा, सारदा और रोजवैली ने लूट ली। फिर दीदी ने घोटालेबाजों को ही विधायक-सांसद बना दिया। आपका यह चौकीदार पाई-पाई का हिसाब लेगा। अब यह चाहे जितनी ताकत लगा लें, इंसाफ होने से नहीं रोक पाएंगे।"

 

'दीदी के पास गुंडों के लिए पैसा है, कर्मचारियों के लिए नहीं'
मोदी ने कहा, "जिस तरह बुआ-भतीजा मिलकर पश्चिम बंगाल की संस्कृति को यहां के लोगों को बदनाम कर रहे हैं वो शर्मनाक है। दीदी के पास गुंडों को देने के लिए पैसा है, लेकिन कर्मचारियों को डीए देने के लिए पैसे नहीं हैं। दिल्ली की केंद्र सरकार ने सातवां वेतन आयोग लागू कर दिया। बगल के राज्य त्रिपुरा ने भी भाजपा की सरकार बनते ही सातवां वेतन आयोग लागू कर दिया। लेकिन यहां की दीदी अब तक छठा वेतन आयोग भी लागू नहीं करती हैं। वह कहती हैं कि पश्चिम बंगाल की मॉडल पूरे देश में लागू करना चाहती हैं।"

 

"जहां गरीबों को गरीब रखने का षड़यंत्र होता है, जहां गरीब की कमाई को टीएमसी नेता लूट लेते हैं। जहां पूजा करना और यात्राएं निकालना मुश्किल होता है, जहां तुष्टिकरण के लिए दूसरे देश के लोगों को बुलाकर चुनाव-प्रचार करवाया जाता है। क्या पहले कभी ऐसा हुआ है कि किसी दूसरे देश का व्यक्ति यहां आकर प्रचार करे? ऐसा मॉडल देश के लिए तो दूर पश्चिम बंगाल के लिए भी मंजूर नहीं है। देश को ऐसा विकास का मॉडल चाहिए, जहां सबको सुरक्षा और सम्मान मिले। जिससे दुनिया भारत की जयकार करे।" 

 

'एक बार फिर मोदी सरकार बनेगी'
पीएम मोदी ने कहा, "23 मई को चुनाव का नतीजा आएगा। तब फिर एक बार मोदी सरकार बनेगी और हम घुसपैठ को रोकने के लिए घुसपैठियों को पहचानने के लिए और कड़े कदम उठाने वाले हैं। सीमा पर फेंसिंग के काम में जो रुकावट डाल रहे हैं, उन्हें भी हम सच्चाई समझा देंगे। नागरिकता कानून को लेकर बहुत अफवाहें फैलाई जा रही हैं। जब देश का बंटवारा हुआ तो मां भारती में आस्था रखने वाले हजारों-लाखों लोग वहीं रह गए।"

"नेताओं ने उनसे कहा था कि आपको यहां सारी सु‌विधाएं मिलेंगी, लेकिन उन नेताओं ने अपना वादा नहीं निभाया और अपनों को ही पराया बना दिया। यह लोग जो मां भारती की जय बोलते हैं वह कहां जाएंगे, जिन पर उनकी आस्था के लिए जुर्म हो रहा है, वो कहां जाएंगे। उन्हें नर्क से निकालना हर एख हिंदुस्तानी का कर्तव्य है। इसलिए हम नागरिकता कानून संसद में पास करा कर रहेंगे।"

 

 

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