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पाकिस्तान ने भारत में अशांति फैलाने के लिए खोला करतारपुर कॉरिडोर: सामाजिक कार्यकर्ता

2 वर्ष पहले
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पीओके के सामाजिक कार्यकर्ता अहमद मिर्जा।(फाइल फोटो) - Dainik Bhaskar
पीओके के सामाजिक कार्यकर्ता अहमद मिर्जा।(फाइल फोटो)
  • अहमद मिर्जा ने कहा- पाकिस्तान के सैन्य अधिकारी कश्मीर सीमा से आतंक नहीं फैला पाने से निराश हैं
  • भारतीय मूल के अमजद मिर्जा पाकिस्तान से निर्वासित हैं, फिलहाल स्कॉटलैंड के ग्लासगो में रहते हैं
  • ‘‘पाकिस्तान पंजाब में करतारपुर के रास्ते खालिस्तानी आतंकवादियों को भेज सकता है’’

ग्लासगो. सामाजिक कार्यकर्ता अमजद मिर्जा ने शनिवार को पाकिस्तान पर करतार कॉरिडोर से भारत में अशांति फैलाने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा- पाकिस्तानी सैन्य अधिकारी कश्मीर सीमा से आतंक नहीं फैला पाने से निराश हैं। वे भारत में अशांति फैलाने के लिए दूसरा रास्ता खोज रहे हैं। ऐसे में करतारपुर कॉरिडोर का इस्तेमाल किया जा सकता है। भारतीय मूल के अमजद मिर्जा पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) के सामाजिक कार्यकर्ता हैं। अमजद पाकिस्तान से निर्वासित हैं। फिलहाल स्कॉटलैंड के ग्लासगो में रहते हैं।


अमजद ने कहा, ‘‘पाकिस्तान ने यह निर्णय अब क्यों लिया? उन्होंने कॉरिडोर 73 साल बाद क्यों शुरू किया‌? ऐसा इसलिए किया गया कि आतंक फैलाने के लिए कश्मीर के दरवाजे बंद हो चुके हैं। इसके बाद पाकिस्तानी सेना के प्रति आम लोगों में विश्वास कम हुआ। वे अब इस रास्ते खालिस्तानी आतंकवादियों को पंजाब की शांति बिगाड़ने भेजेंगे।’’

पाकिस्तान भारत विरोधी योजनाओं को अंजाम देने में जुटा
उन्होंने कहा- अगर पाकिस्तान को लोगों की इतनी चिंता है तो लद्दाख और कश्मीर का रास्ता क्यों नहीं खोलता? अगर वह ऐसा करेगा तो दोनों देशों की सीमा पर रहने वाले लोग एक-दूसरे से घुलने-मिलने लगेंगे। पाकिस्तान के मन में भारत के कल्याण की कोई बात नहीं है। वह केवल अपनी भारत विरोधी योजनाओं को अंजाम देने में जुटा है।

पाकिस्तान पीओके के लोगों पर अत्याचार कर रहा
अमजद ने कहा- सरकार पर पीओके और गिलगित-बाल्टिस्तान के लोगों पर अत्याचार कर रही है। अपने मुद्दों को लेकर 22 अक्टूबर को रैली निकालने वालों पर लाठी चार्ज किया गया। पुलिस कार्रवाई में 4 लोगों की मौत हुई और 150 लोगों को गिरफ्तार किया गया। अभी भी 100 से अधिक लोग लापता हैं। इसके बाद भी लोग सरकार के खिलाफ एकजुट हैं।