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आज का इतिहास:ग्लैमरस भूमिकाओं के लिए चर्चा में रही परवीन बॉबी ने कभी शादी नहीं की, आज उनकी पुण्यतिथि

5 महीने पहले
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याद कीजिए अमिताभ बच्चन की फिल्म दीवार। इसमें एक दिलचस्प सीन है। अमिताभ बीयर बार में बैठे होते हैं। तभी उन्हें अकेला देखकर एक महिला उनके पास आती है। जान-पहचान के बिना ही दोनों बात करने लगते हैं। अमिताभ से मिल रही महिला, उस समय की भारतीय महिलाओं से थोड़ी अलग नजर आती है। उसके एक हाथ में सिगरेट, दूसरे में शराब का प्याला होता है। वो एकदम कॉन्फिडेंट और शॉर्ट स्कर्ट पहने हुए होती है।

इस फिल्म में जिस महिला के किरदार की बात हो रही है, वो भारतीय सिनेमा जगत की मशहूर एक्ट्रेस परवीन बॉबी है। आज उनकी पुण्यतिथि है।

70 के दशक में अपनी ग्लैमरस भूमिकाओं को लेकर चर्चा में रहीं परवीन का जन्म 4 अप्रैल 1949 को गुजरात के जूनागढ़ के एक मुस्लिम परिवार में हुआ था। शुरुआती शिक्षा माउंट कार्मल हाईस्कूल से हुई। इसके बाद उन्होंने सेंट जेवियर्स कॉलेज से ग्रेजुएशन किया। अहमदाबाद कॉलेज से इंग्लिश लिटरेचर में मास्टर डिग्री ली। पिता वली मोहम्मद बॉबी जूनागढ़ के नवाब के यहां प्रशासनिक सेवा में थे। जब परवीन 10 साल की थीं, तब उनके पिता की मौत हो गई।

कई ब्लॉक बस्टर फिल्मों में काम किया
परवीन ने कई ब्लॉक बस्टर फिल्मों में काम किया। इसमें दीवार, नमक हलाल, अमर अकबर एंथोनी और शान जैसी फिल्में शामिल थीं। उन्होंने कभी शादी नहीं की। परवीन का मॉडलिंग करियर 1972 में शुरू हुआ। फिल्म चरित्र से 1973 में बॉलीवुड डेब्यू किया। 20 जनवरी 2005 को सोसायटी के गार्ड ने जब परवीन के दरवाजे के बाहर तीन दिन पुराना दूध और अखबार देखा तो पुलिस को इसकी सूचना दी।

पुलिस ने आकर कमरे से परवीन का शव को बरामद किया। उन्होंने अपनी जिंदगी के आखिर में ईसाई धर्म अपना लिया था और मरने के बाद ईसाई धर्म के अनुसार अपने शव को दफनाने की इच्छा जाहिर की थी, लेकिन रिश्तेदारों ने शव को कब्जे में लेकर उनकी माता के पास दफना दिया।

एशिया के पहले न्यूक्लियर रिएक्टर अप्सरा की कहानी

न्यूक्लियर रिएक्टर किसी भी न्यूक्लियर प्रोग्राम की रीढ़ की हड्डी होता है। ये बात 50 के दशक में भारतीय न्यूक्लियर प्रोग्राम के जनक डॉक्टर होमी जहांगीर भाभा ने कही थी। इसके बाद एशिया के पहले न्यूक्लियर रिएक्टर अप्सरा की ऑपरेटिंग 5 अगस्त, 1956 में मुंबई स्थित भाभा रिसर्च सेंटर के ट्रॉम्बे परिसर में शुरू हुई।

इसकी रूपरेखा, डिजाइन भाभा और उनके सहयोगी वैज्ञानिकों और इंजीनियरों ने तैयार की थी। इसका उद्घाटन 20 जनवरी 1957 को भारत के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू ने किया। उस समय इसके डायरेक्टर भाभा थे। होमी जहांगीर को भारत में न्यूक्लियर एनर्जी का जनक कहा जाता है।

भारत और दुनिया में 20 जनवरी की महत्वपूर्ण घटनाएं इस प्रकार हैंः

2020: जेपी नड्डा भाजपा के 11वें राष्ट्रीय अध्यक्ष चुने गए।

2018: भारत ने लगातार दूसरी बार नेत्रहीन क्रिकेट विश्व कप जीता।

2010: चौदहवीं का चांद, कागज के फूल और साहब, बीवी और गुलाम जैसी फिल्मों के सिनेमेटोग्राफर वीके मूर्ति को साल 2008 में दादा साहब फाल्के पुरस्कार से नवाजा गया।

2007: अफगानिस्तान में सीमान्त गांधी के नाम से मशहूर अब्दुल गफ्फार खान के नाम पर संग्रहालय स्थापित किया गया।

2006: नासा ने प्लूटो ग्रह के बारे में और जानकारी हासिल करने के लिए न्यूहोराइजन स्पेसशिप लॉन्च किया।

1980: अमेरिकी राष्ट्रपति जिमी कार्टर ने मास्को ओलिंपिक का बहिष्कार किया।

1952: ब्रिटेन की सेना ने मिस्र के शहर इस्मायलिया और स्वेज नगर पर कब्जा किया।

1945: भारत के मौजूदा राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल का जन्म हुआ।

1988: भारतीय स्वतंत्रता सेनानी खान अब्दुल गफ्फार खान का निधन हुआ था।

1925: सोवियत संघ और जापान के बीच सहयोग समझौता हुआ।

1993: परमवीर चक्र से सम्मानित लांस नायक करम सिंह का निधन हुआ था।

1265: इंग्लैंड में संसद की पहली बैठक हुई।