• Hindi News
  • National
  • Prime Minister Narendra Modi Will Dedicate 35 PSA Oxygen Plants To Nation From AIIMS Rishikesh

देश को 35 ऑक्सीजन प्लांट की सौगात:मोदी ने उत्तराखंड से की शुरुआत, कहा- कोरोना से लड़ाई में ऑक्सीजन सप्लाई एक चुनौती थी

देहरादून20 दिन पहले
  • कॉपी लिंक
मोदी ने कहा कि भविष्य में कोरोना से लड़ाई के लिए हमारी तैयारी और पुख्ता हो, इसलिए देश में PSA ऑक्सीजन प्लांट का नेटवर्क तैयार हो रहा है। - Dainik Bhaskar
मोदी ने कहा कि भविष्य में कोरोना से लड़ाई के लिए हमारी तैयारी और पुख्ता हो, इसलिए देश में PSA ऑक्सीजन प्लांट का नेटवर्क तैयार हो रहा है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश को 35 PSA ऑक्सीजन प्लांट की सौगात दी है। उत्तराखंड के ऋषिकेश स्थित एम्स में हो रहे कार्यक्रम से इसकी शुरुआत हुई है। प्रधानमंत्री इस वक्त लोगों को संबोधित कर रहे हैं। उन्होंने कहा है कि कोरोना से लड़ाई में ऑक्सीजन सप्लाई से लेकर वैक्सीन तक की चुनौती थी। साथ ही कहा कि सरकार हर जिले में एक मेडिकल कॉलेज खोलना चाहती है।

कोरोना काल में ऑक्सीजन की चुनौती से निपटे
मोदी ने कहा कि कोरोना से लड़ाई में बड़ी जनसंख्या तो एक चुनौती थी ही, साथ ही हमारी भौगोलिक स्थिति भी चुनौती थी। यह चुनौती देश के सामने आती रहीं। देश इनसे कैसे लड़ा हर देशवासी के लिए जानना बहुत जरूरी है। सामान्य दिनों में एक दिन में 900 मीट्रिक टन लिक्विड ऑक्सीजन का प्रोडक्शन होता था। डिमांड बढ़ते ही भारत ने इसका प्रोडक्शन दस गुना से भी ज्यादा बढ़ाया। दुनिया के किसी भी देश के लिए यह अकल्पनीय लक्ष्य था, लेकिन भारत ने इसे हासिल करके दिखाया।

ऑक्सीजन सप्लाई के लिए युद्धस्तर पर काम किया
प्रधानमंत्री ने कहा कि ऑक्सीजन की सप्लाई के लिए भी खास टैंकर की जरूरत होती है। लॉजिस्टिक की इतनी चुनौतियों से जूझते हुए देश ने युद्ध स्तर पर काम किया। हमने दुनिया में जहां से भी संभव हो ऑक्सीजन प्लांट और ऑक्सीजन टैंकर मंगाए। वायुसेना के विमान लगाए गए। डीआरडीओ की मदद से तेजस फाइटर प्लेन लगाए गए। इससे काम तो तेज हुआ ही। एक लाख ऑक्सीजन कंसेंट्रेटर के लिए पैसा भी दिया गया।

4000 नए ऑक्सीजन प्लांट मिलेंगे
मोदी ने कहा कि भविष्य में कोरोना से लड़ाई और पुख्ता हो इसके लिए 1100 से अधिक ऑक्सीजन प्लांट काम करना शुरू कर चुके हैं। पीएम केयर फंड से हर जिला PSA ऑक्सीजन प्लांट से जुड़ गया है। देश को चार हजार नए ऑक्सीजन प्लांट मिलने जा रहे हैं। ऑक्सीजन की चुनौती का मुकाबला करने में देश के अस्पताल पहले से ज्यादा सक्षम हो रहे हैं।