आफताब का आज नार्को टेस्ट होगा:यह फेल हुआ तो ब्रेन मैपिंग हो सकती है, पॉलीग्राफ रिपोर्ट भी तैयार की जा रही

नई दिल्ली2 महीने पहले
28 साल के आफताब ने 18 मई को 27 साल की श्रद्धा का मर्डर कर दिया था।

श्रद्धा मर्डर केस के आरोपी आफताब अमीन पूनावाला का आज रोहिणी के बाबा साहेब अंबेडकर अस्पताल में नार्को टेस्ट होगा। टेस्ट में तीन से चार दिन लग सकते हैं। दिल्ली की साकेत कोर्ट ने इसकी परमिशन दे दी है।

उधर, फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) टीम ने टेस्ट की तैयारियां पूरी कर ली हैं। नार्को टेस्ट के दौरान FSL टीम के साथ डॉक्टर भी मौजूद रहेंगे। रिपोर्ट्स के मुताबिक अगर नार्को टेस्ट बेनतीजा रहा तो पुलिस आफताब का ब्रेन मैपिंग टेस्ट करने की मांग भी कर सकती है।

दिल्ली पुलिस जल्द से जल्द आफताब का नार्को टेस्ट पूरा करवाना चाहती है। जांच में शामिल एक अधिकारी ने न्यूज एजेंसी ANI को बताया कि आफताब बहुत चालाक है और कभी भी मामले में नया मोड़ ला सकता है। अभी तक वह पुलिस की हर बात मान रहा है, जांच में सहयोग कर रहा है। यहां तक कि पॉलीग्राफ और नार्को टेस्ट के लिए भी राजी हो गया। वहीं, पुलिस को उसके इस अच्छे व्यवहार पर संदेह हो रहा है।

पॉलीग्राफ में आफताब बोला- श्रद्धा की हत्या का अफसोस नहीं
आफताब का पॉलीग्राफ टेस्ट पूरा हो गया है, जिसकी फाइनल रिपोर्ट तैयार की जा रही है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक पूछताछ के दौरान आफताब ने कबूल किया है कि उसी ने श्रद्धा की हत्या की। साथ ही यह भी कहा कि उसको श्रद्धा की हत्या का कोई अफसोस नहीं है।

क्या है ब्रेन मैपिंग?
हमारा दिमाग अरबों न्यूरॉन से बना है। ये न्यूरॉन ही शरीर के सभी हिस्सों से दिमाग तक संदेश पहुंचाते हैं और दिमाग के मैसेज को शरीर के सभी अंगों तक भेजते भी हैं। ये मैसेज का वेव के रूप में आदान-प्रदान करते हैं। ब्रेन मैपिंग टेस्ट में इन्हीं तरंगों को मॉनिटर किया जाता है। इससे शख्स की मेंटल हेल्थ कंडीशन का पता लगाया जाता है।

वहीं, क्रिमिनल से राज उगलवाने के लिए भी इसका इस्तेमाल किया जाता है। इस प्रोसेस में आरोपी से सवाल किए जाते हैं और जब वह जवाब देता है तब उसकी प्रतिक्रिया को मॉनीटर किया जाता है।

पूछताछ में आफताब ने कबूलीं ये 3 बातें

1. मीडिया रिपोर्ट्स में टेस्ट करने वाली टीम से जुड़े सूत्रों के हवाले से कहा गया है कि आफताब ने हत्या के बाद लाश जंगल में फेंकने की बात स्वीकार की है।

2. उसने बताया कि कई लड़कियों से उसने डेटिंग ऐप के जरिए दोस्ती की।

3. श्रद्धा की हत्या से पहले और उसके बाद भी उसके दूसरी लड़कियों से रिश्ते थे।

आफताब को बचाने वाले पुलिसकर्मियों को मिला इनाम

तस्वीर 28 नवंबर की है। जब रोहिणी FSL के सामने आफताब को ले जा रही पुलिस वैन पर हमला किया गया।
तस्वीर 28 नवंबर की है। जब रोहिणी FSL के सामने आफताब को ले जा रही पुलिस वैन पर हमला किया गया।
पुलिस वैन के बाहर आते ही सुबह से घात लगाए बैठे हमलावरों ने वैन पर तलवारों से हमला कर दिया था।
पुलिस वैन के बाहर आते ही सुबह से घात लगाए बैठे हमलावरों ने वैन पर तलवारों से हमला कर दिया था।

रोहिणी FSL में सोमवार शाम को हुए हमले में आफताब को बचाने वाले पुलिसकर्मियों को इनाम मिला है। दिल्ली पुलिस कमिश्नर ने तारीफ करते हुए उनको 10-10 हजार रुपए दिए हैं। आफताब पर हमले के दौरान किसी भी तरह का नुकसान नहीं होने पर उन्होंने खुशी जाहिर की है।

आफताब को ले जा रही पुलिस वैन पर रोहिणी स्थित फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) के बाहर 4-5 लोगों ने हमले की कोशिश की थी। इनके हाथों में तलवारें थीं। पुलिस ने इन हमलावरों से आफताब को बचाया था। मामले में 2 लोगों को अरेस्ट भी किया गया था। 4 की तलाश जारी है।

आफताब को डर था श्रद्धा उसे छोड़ देगी, इसलिए मार डाला

तिहाड़ जेल में आफताब को अलग सेल में रखा गया है। यहां उसके अलावा कोई और कैदी नहीं है।
तिहाड़ जेल में आफताब को अलग सेल में रखा गया है। यहां उसके अलावा कोई और कैदी नहीं है।

दिल्ली पुलिस के सूत्रों ने मंगलवार को भास्कर को बताया कि श्रद्धा आफताब की मारपीट से परेशान थी। वह उसे छोड़ना चाहती थी। 3-4 मई को आफताब और श्रद्धा ने अलग रहने का फैसला किया था। यह बात आफताब को रास नहीं आई। उसे लगता था कि श्रद्धा किसी और के साथ इन्वॉल्व हो जाएगी। इसके बाद आफताब ने श्रद्धा का मर्डर कर उसके टुकड़े कर दिए।

श्रद्धा मर्डर केस में नई जानकारियां 5 पॉइंट्स में...

1. आफताब मई के बाद से कम खाना मंगवाने लगा था
पुलिस ने आफताब की इंटरनेट हिस्ट्री निकालने के लिए वॉट्सऐप, फेसबुक, इंस्टाग्राम, गूगल, गूगल पे, पेटीएम समेत कई ऐप से डाटा मांगा है। सूत्रों के मुताबिक, जोमैटो ने जानकारी दी है कि आफताब पहले दो लोगों का खाना ऑर्डर करता था, लेकिन कुछ दिनों बाद उसने एक ही व्यक्ति का खाना ऑर्डर करना शुरू कर दिया। बता दें, श्रद्धा और आफताब 8 मई को मुंबई से दिल्ली शिफ्ट हुए थे। 10 दिन बाद यानी 18 मई को आफताब ने श्रद्धा का मर्डर कर दिया।

2. पेटीएम और गूगल पे से आफताब के पेमेंट्स की जानकारी मांगी
दिल्ली पुलिस ने गूगल पे, पेटीएम से आफताब के पेमेंट डीटेल मांगे हैं। इससे पहले, बंबल डेटिंग ऐप (Bumble dating App), फेसबुक, इंस्टाग्राम समेत कई प्लेटफॉर्म्स को चिट्ठी लिखकर आफताब के अकाउंट्स की डिटेल्स मांगी थी। कुछ ऐप ने डिटेल्स दी भी हैं। पुलिस को गूगल ब्राउजिंग के कुछ संदिग्ध लिंक मिले हैं, जिन्हें आफताब ने सर्च किया था।

3. पूछताछ के दौरान बेहद कॉन्फिडेंट था आफताब
पुलिस सूत्रों से यह जानकारी भी मिली है कि पूछताछ के दौरान आफताब बहुत ज्यादा कॉन्फिडेंट था। जब उससे पूछताछ की गई तो उसने बहुत तेजी से और रिलैक्स होकर जवाब दिया। इससे लगा कि वह पहले से सोच-समझकर जवाब देता है। पुलिस को शक यह भी है कि जब सितंबर-अक्टूबर में आफताब को मुम्बई पुलिस ने पूछताछ के लिए बुलाया था, उस वक्त भी श्रद्धा के कुछ बॉडी पार्ट्स उसके दिल्ली वाले फ्लैट में मौजूद थे।

4. अब तक 13 हड्डियां मिलीं, खून के सैंपल जांच के लिए भेजे
पुलिस ने आफताब की निशानदेही पर अभी तक 13 हड्डियां बरामद की हैं। श्रद्धा का जबड़ा मिलने की जानकारी भी मिली है। गुरुग्राम से भी कुछ बॉडी पार्ट रिकवर होने की बात सामने आई है। इसके अलावा आफताब के घर के बाथरूम, किचन के अलावा बेडरूम से भी खून के धब्बों के सैंपल मिले हैं, जिन्हें जांच के लिए भेजा गया है।

दिल्ली पुलिस ने जंगल और आफताब के फ्लैट से कुछ हथियार भी बरामद किए हैं। हालांकि इनमें से किस हथियार से श्रद्धा का शव काटा गया, यह CFSL रिपोर्ट आने के बाद पता लगेगा। इस केस में आफताब और श्रद्धा को फ्लैट दिलाने वाले बद्री का अब तक कोई संदिग्ध रोल नहीं मिला है। उसने केवल इन्हें मकान दिखाया था।

3 नए दावे भी सामने आए...

1. दोस्तों को ब्रेकअप की कहानी सुनाई: मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि श्रद्धा को मारने के बाद आफताब मुंबई में उसके दोस्तों से मिला था और उन्हें ब्रेकअप की कहानी सुनाई थी।

2. हत्या में दूसरे व्यक्ति ने साथ दिया: श्रद्धा की हत्या करने में आफताब का साथ एक व्यक्ति ने दिया था। दिल्ली पुलिस को शक है कि इसी व्यक्ति ने सबूत मिटाने में भी आफताब की मदद की। फिलहाल, पुलिस इसके बारे में जानकारी जुटा रही है। हालांकि यह पता नहीं चला है कि उसने यह थ्योरी किस आधार पर बनाई।

3. ड्रग पैडलर ने आफताब को ड्रग्स दी: गुजरात पुलिस ने एक ड्रग पैडलर फैजल मोमिन को गिरफ्तार किया है। उसने दावा किया है कि वह आफताब को ड्रग्स सप्लाई करता था। आफताब नशीली दवाओं का इस्तेमाल करता था, या नहीं। इसे भी जांच में शामिल किया जाएगा।

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1. आफताब ने कत्ल से पहले दृश्यम देखी थी, पार्ट-2 का इंतजार कर रहा था

पुलिस सूत्रों के मुताबिक, आफताब ने माना है कि उसने श्रद्धा के कत्ल से पहले बॉलीवुड फिल्म दृश्यम देखी थी, उसे पार्ट-2 का भी इंतजार था। FSL सूत्रों के मुताबिक, दृश्यम देखकर ही वो मर्डर के बाद एक कहानी गढ़ने की फिराक में था। पूरी खबर पढ़ें ...

2. पीटने के 5 दिन बाद श्रद्धा को अस्पताल लाया आफताब, डॉक्टर बोले- चल भी नहीं पा रही थी

मुंबई के ओजोन अस्पताल के डॉ. शिवप्रसाद शिंदे ने मीडिया को बताया है कि 3 दिसंबर 2020 को श्रद्धा उनके पास इलाज कराने आई थी। उसके शरीर पर जो चोटें थीं, वो फिजिकल वॉयलेंस के चलते ही आती हैं, लेकिन उसने कुछ भी खुलकर नहीं बताया। पूरी खबर पढ़ें...