• Hindi News
  • National
  • Tamil Nadu Has The Highest 54% Recovery In A Week; Corona Cases Are Doubling In 19 Days Here, While In 11 Days In The Country

कोरोना की सुखद खबर:तमिलनाडु में एक हफ्ते में सबसे ज्यादा 54% रिकवरी; यहां 19 दिन में कोरोना के मामले दोगुने हो रहे, जबकि देश में 11 दिन में

चेन्नई2 वर्ष पहलेलेखक: शिवानी चतुर्वेदी
  • कॉपी लिंक
तमिलनाडु के नागरकोइल शहर में पुलिसकर्मियों ने रविवार को सफाई कर्मियों को सलामी दी। - Dainik Bhaskar
तमिलनाडु के नागरकोइल शहर में पुलिसकर्मियों ने रविवार को सफाई कर्मियों को सलामी दी।
  • राज्य में अब तक 3023 मामले, इनमें से 1379 ठीक हुए; टॉप 10 संक्रमित राज्यों में सबसे ज्यादा
  • देश में अब हर 11 दिन में मामले दोगुना हो रहे, लेकिन तमिलनाडु बाकी राज्यों से आगे

तमिलनाडु में एक हफ्ते में कोरोना मरीजों के ठीक होने का औसत करीब 54 फीसदी है। यह टॉप 10 संक्रमित राज्यों में सबसे ज्यादा है। राज्य में अब तक 3023 मामले आए हैं। इनमें से 1379 ठीक हो चुके हैं। देश में अब हर 11 दिन में मामले दोगुना हो रहे हैं। इस मामले में भी तमिलनाडु बाकी देश से काफी आगे है, यहां हर 19 दिन में मामले दोगुने हो रहे हैं। बेहतर रिकवरी रेट के लिए यहां मरीजों की निगरानी के लिए बनाई गई खास व्यवस्था है।

दरअसल, यहां 20 डॉक्टरों की टीम रोजाना हर मरीज पर विशेष निगरानी रख रही है। यह काम वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए किया जा रहा है। डॉक्टरों की इस टीम में निजी और सरकारी डॉक्टर शामिल हैं। टीम में सभी के पास 20 से 30 साल का अनुभव है। खास बात यह है कि हर केस पर पैनी नजर रखने की यह व्यवस्था राज्य ने मार्च के पहले हफ्ते में ही बना दी थी।

क्लोज मॉनिटरिंग से फायदा हुआ: डॉ. कोलाडासामी

राज्य में पब्लिक हेल्थ और प्रिवेंटिव मेडिसिन के डायरेक्टर डॉ. के कोलाडासामी बताते हैं कि हर मरीज पर एक्सपर्ट की टीम की क्लोज मॉनिटरिंग से सबसे बड़ा फायदा यह हुआ कि मरीज को शुरुआती स्तर पर ही सही इलाज मिलने लगा। डॉक्टर के सामने अगर मरीज कोई छोटी-सी बात भी रखता है तो उस पर भी टीम ध्यान दे रही है और उसके अनुसार इलाज किया जा रहा है। 

प्रयोग: इम्युनिटी बढ़ाने जड़ी-बूटी का इस्तेमाल

कंटेनमेंट क्षेत्र में आम लाेगों और स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को इम्युनिटी बढ़ाने के लिए काबासुर कुदेनीर पावडर दिया जा रहा है। यह पावडर 15 तरह की जड़ी-बूटियों से तैयार किया गया है। चेन्नई के संजीव बायो मेडिकल रिसर्च सेंटर ने कोविड-19 वायरस की मॉलिक्यूलर डि-कोडिंग की है। इसमें पाया गया है कि इस दवा में मौजूद फाइटोकोम्पॉइड रासायनिक यौगिक काेविड-19 से लड़ने में उपयोगी रहे हैं। 

सख्ती: लॉकडाउन तोड़ने पर 3.76 करोड़ वसूले

राज्य में 24 मार्च के बाद से अब तक लॉकडाउन तोड़ने के आरोप में 3 लाख 66 हजार 430 मामले दर्ज किए गए हैं। पुलिस के अनुसार इस बीच 3 लाख 86 हजार 509 उल्लंघनकर्ताओं को गिरफ्तार और रिहा किया गया। लॉकडाउन तोड़ने वालों के 3 लाख 25 हजार 851 से अधिक वाहनों को जब्त किया गया और 3 करोड़ 76 हजार का जुर्माना वसूला गया। दक्षिण भारत के किसी भी राज्य में सड़क पर बेवजह घूमने वालों पर इतनी सख्ती नहीं की गई है।