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लंदन / विजय माल्या भारत लाया जाएगा, कोर्ट ने मंजूरी दी; मामला ब्रिटिश सरकार को रेफर किया

Dainik Bhaskar

Dec 10, 2018, 08:52 PM IST


Vijay Mallya Said fear of unfair trial haven't stolen public money
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Vijay Mallya Said fear of unfair trial haven't stolen public money
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  • माल्या पर भारतीय बैंकों के 9,000 करोड़ रुपए बकाया, भारत ने फरवरी 2017 में प्रत्यर्पण की अपील की थी
  • फैसले के खिलाफ माल्या के पास 14 दिन में हाईकोर्ट में अपील का अधिकार
  • माल्या ने फैसले से पहले कहा- पैसे लौटाने का मेरा प्रस्ताव झूठा नहीं था, इसका प्रत्यर्पण से लेना-देना नहीं

लंदन. वेस्टमिंस्टर अदालत ने सोमवार को फैसला दिया कि भगोड़े शराब कारोबारी विजय माल्या (62) को ब्रिटेन से भारत प्रत्यर्पित किया जाए। जज एम्मा आर्बटनॉट ने कहा कि पहली नजर में माल्या के खिलाफ धोखाधड़ी, साजिश रचने और मनी लॉन्डरिंग का केस बनता है। अदालत ने यह मामला अब ब्रिटिश सरकार को भेज दिया है। फैसले से पहले कोर्ट पहुंचे माल्या ने कहा था कि मैंने रुपए लौटाने का प्रस्ताव दिया है, यह झूठा नहीं था। मेरे इस ऑफर का प्रत्यर्पण से कोई लेना-देना नहीं है। मैंने पैसे चुराए नहीं। मैंने किंगफिशर एयरलाइंस को बचाने के लिए अपने 4 हजार करोड़ रुपए इसमें लगाए थे।

 

माल्या पर भारतीयों बैंकों के 9,000 करोड़ रुपए बकाया हैं। वह मार्च 2016 में लंदन भाग गया था। भारत ने पिछले साल फरवरी में यूके से उसके प्रत्यर्पण की अपील की थी। भारत में फ्रॉड और मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपों पर अप्रैल 2017 में स्कॉटलैंड यार्ड में माल्या की गिरफ्तारी हुई लेकिन, जमानत पर छूट गया। उसके प्रत्यर्पण का मामला 4 दिसंबर 2017 से लंदन की अदालत में चल रहा है।

 

आगे क्या

 

  • यूके की लीगल एक्सपर्ट पावनी रेड्डी के मुताबिक, यूके सरकार अदालत के फैसले से संतुष्ट होती है तो वह माल्या के प्रत्यर्पण का आदेश जारी करेगी। इस फैसले के खिलाफ माल्या के पास 14 दिन में हाईकोर्ट में अपील का अधिकार होगा। 
  • माल्या ने अगर प्रत्यर्पण के फैसले के खिलाफ अपील नहीं की तो यूके की सरकार के आदेश जारी करने के 28 दिन में उसका प्रत्यर्पण किया जाएगा। 

माल्या की 5 दलीलें 

    • माल्या का कहना है कि उसके खिलाफ मामला राजनीति से प्रेरित है। उसने एक रुपया भी उधार नहीं लिया। किंगफिशर एयरलाइंस ने लोन लिया था। कारोबार में घाटा होने की वजह से लोन की रकम खर्च हो गई। वह सिर्फ गारंटर था और यह फ्रॉड नहीं है।   
    • वह कर्ज का 100% मूलधन चुकाने को तैयार है। उसने साल 2016 में कर्नाटक हाईकोर्ट में भी यह ऑफर दिया था। उसका कहना है कि रकम चुराकर भागने की बात गलत है। उसे बैंक डिफॉल्ट का पोस्टर बॉय बना दिया गया है।
    • माल्या ने यह भी कहा था कि साल 2016 में उसने प्रधानमंत्री मोदी और वित्त मंत्री अरुण जेटली को चिट्ठी लिखकर जांच कमेटी गठित करने की मांग की थी लेकिन, कोई जवाब नहीं मिला। 
    • माल्या ने यह भी कहा था कि भारतीय जेलों की हालत अच्छी नहीं है। इसके बाद यूके की अदालत ने भारत से जेल का वीडियो मांगा था। भारत ने मुंबई की आर्थर रोड जेल के बैरक नंबर 12 का वीडियो भेजा था, जहां माल्या को रखा जाएगा। वीडियो देखने के बाद यूके की कोर्ट ने संतुष्टि जताई थी। 
    • मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक प्रत्यर्पण पर फैसले से पहले माल्या ने यह भी कहा है कि राजनीति की वजह से उसे भारत में न्याय मिलने के आसार कम हैं। उसके खिलाफ नए आरोप लग सकते हैं।

  1. भारतीय जांच एजेंसियों की दलील

     

    • सीबीआई ने यूके की अदालत के फैसले का स्वागत किया। कहा- हमें उम्मीद है कि माल्या को जल्द भारत लाया जाएगा और हम उसके खिलाफ मामलों में नतीजे पर पहुंचेंगे।
    • हमने तथ्यों और कानून के आधार पर मजबूती से अपना पक्ष रखा था और हम पूरी तरह आश्वस्त थे कि माल्या को प्रत्यर्पित किया जाएगा। 
    • माल्या ने जानबूझकर बैंकों का कर्ज नहीं चुकाया। वह प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट के तहत भगोड़ा घोषित है। उस पर मनी लॉन्ड्रिंग का भी आरोप है। वह ब्रिटेन के कानून के मुताबिक भी आरोपी है।

  2. अक्टूबर 2012 में किंगफिशर एयरलाइंस बंद हुई

    मार्च 2012 में माल्या की किंगफिशर एयरलाइंस ने यूरोप और एशिया के लिए फ्लाइट्स बंद कर दीं। घरेलू बाजार में जहां किंगफिशर हर दिन 340 फ्लाइट्स ऑपरेट करती थीं, उन्हें घटाकर 125 कर दिया गया। लेकिन यह फॉर्मूला 8 महीने भी नहीं चला। अक्टूबर 2012 में किंगफिशर की सारी फ्लाइट्स बंद हो गईं।

  3. साल 2013-14 तक एयरलाइंस का घाटा बढ़कर 4,301 करोड़ रुपए हो चुका था। इसी साल माल्या दुनिया के टॉप-100 अमीरों की लिस्ट से बाहर हो गया। लोन के प्रिंसिपल अमाउंट पर ब्याज बढ़ता गया। मार्च 2016 तक माल्या 9,000 करोड़ रुपए का कर्जदार हो गया और विदेश भाग गया।

  4. आर्थिक अपराध के 18 मामलों में 23 भगोड़ों का प्रत्यर्पण बाकी 

     

    भारत की 48 देशों के साथ भारत की प्रत्यर्पण संधि है। साल 2014 से अब तक आर्थिक अपराध के मामलों में सिर्फ 5 अपराधियों का प्रत्यपर्ण हो पाया है। 23 भगोड़ों को अभी तक नहीं लाया जा सका है। इनके लिए संबंधित देशों से प्रत्यर्पण की अपील की जा चुकी है।

     

    आर्थिक अपराधों से जुड़े प्रत्यर्पण के 3 बड़े मामले

    आरोपी मामला जिस देश से प्रत्यर्पण होना है
    विजय माल्या बैंक लोन ब्रिटेन
    नीरव मोदी पीएनबी घोटाला ब्रिटेन
    मेहुल चौकसी पीएनबी घोटाला एंटीगुआ

  5. जेटली ने फैसले पर कहा- यह महान दिन

    वित्त मंत्री अरुण जेटली ने फैसले पर कहा- यह भारत के लिए महान दिन है। माल्या को यूपीए सरकार के दौरान फायदे मिले। यूपीए सरकार के दौरान उसके खिलाफ केस दर्ज किया गया।

  6. माल्या को सुब्रत रॉय से सबक सीखना चाहिए: प्रकाश बियाणी

    माल्या के प्रत्यर्पण के फैसले पर कॉरपोरेट इतिहासकार प्रकाश बियाणी का कहना है कि उम्मीद करें कि माल्या अब पहले जितने एरोगेंट नहीं रहे होंगे। उन्हें सुब्रत रॉय से सबक सीखना चाहिए जिन्होंने अदालत और सेबी का मजाक उड़ाया था। उन्होंने  संपदा भी खोई और महीनों जेल में भी रहे।

  7. 26 साल में यूके से सिर्फ एक प्रत्यर्पण हो पाया

    भारत और यूके के बीच साल 1992 में प्रत्यर्पण संधि हुई थी। तब से अब तक यूके से सिर्फ एक आरोपी का प्रत्यर्पण हो पाया है। अक्टूबर 2016 में यूके से समीरभाई वीनूभाई पटेल को भारत प्रत्यर्पित किया गया। वह साल 2002 के गुजरात दंगों में आरोपी था।

  8. यूके में रह रहे भारतीय भगोड़े
     

    • विजय माल्या: बैंकों का कर्ज नहीं चुकाया 
    • नीरव मोदी: पीएनबी घोटाले का आरोपी
    • ललित मोदी: वित्तीय अनियमितताओं का मामला
    • टाइगर हनीफ: साल 1993 के गुजरात धमाकों का आरोपी
    • नदीम सैफी: गुलशन कुमार हत्याकांड का आरोपी
    • रवि शंकरन: नेवी वॉर रूम लीक मामले में आरोपी
    • रेमंड वार्ले: गोवा में बच्चों के यौन शोषण का आरोपी

  9. यूके क्यों भागते हैं ज्यादातर बड़े अपराधी ?

    यूरोपियन कन्वेंशन ऑन ह्यूमन राइट्स पर यूके ने दस्तखत किए हैं। इसके तहत अगर यूके की अदालतों को लगता है कि किसी व्यक्ति को प्रत्यर्पित किया गया तो उसे प्रताड़ित किया जा सकता है या राजनीतिक कारणों से प्रत्यर्पण किया जा रहा है तो वह प्रत्यर्पण की अपील को खारिज कर सकती है।

  10. जज ने कहा- झूठा केस बनाए जाने के संकेत नहीं

    • एम्मा आर्बटनॉट ने कहा- ऐसे कोई संकेत नहीं हैं, जिनसे यह लगे कि माल्या के खिलाफ झूठा केस बनाया गया है।
    • सभी साक्ष्यों पर विचार करने के बाद हम कह सकते हैं कि मामला है, जिसका उन्हें (माल्या) को जवाब देना है। 
    • मुंबई की ऑर्थर रोड जेल की बैरक नंबर 12 का वीडियो वास्तविक तस्वीर पेश करता है और इसे हाल में ही री-डेकोरेट किया गया है।
    • माल्या वहां की जेल में अपनी डायबिटीज और दूसरी समस्याओं के लिए निजी स्वास्थ्य सेवाएं ले सकता है। 

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