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डेराबस्सी में जजों की टीम को मौजूदा हालात से अवगत कराया पार्षदों ने

तहसील कॉम्प्लेक्स में कोर्ट का मुआयना करने पहुंचे हाइकोर्ट के इंस्पेक्टिंग जज। सिटी रिपोर्टर | डेराबस्सी ...

Danik Bhaskar | Apr 02, 2018, 02:05 AM IST
तहसील कॉम्प्लेक्स में कोर्ट का मुआयना करने पहुंचे हाइकोर्ट के इंस्पेक्टिंग जज।

सिटी रिपोर्टर | डेराबस्सी

हाइकोर्ट से मोहाली जिला एवं सेशन कोर्ट के इंस्पेक्टिंग जज राजीव रैना समेत जजों की टीम से मिलकर शहर के इकलौते कम्युनिटी सेंटर को कोर्ट खाेलने से बचाए जाने की उम्मीद बढ़ गई है। इस सेंटर की ग्राउंड फ्लोर पर दो अतिरिक्त अदालतें टेंपरेरी खोलने के फैसले के विरोध में कुछ पार्षदों समेत मीडिया ने जजों की टीम से मिलकर उन्हें मौजूदा हालात से अवगत कराया। टीम ने पटवारखाने व रिहायशी क्वार्टर की खाली बिल्डिंग का दौरा कर उसे अतिरिक्त कोट्स के लिए पर्याप्त बताया। साथ ही भरोसा दिया कि मौजूदा हालात समेत लोगों की राय को हाइकोर्ट की बिल्डिंग कमेटी तक जरूर पहुंचाएंगे।

उल्लेखनीय है कि डेराबस्सी सब डिवीजनल ज्युडिशियल मजिस्ट्रेट कोर्ट में तीन कोर्ट चल रहे हैं और मोहाली में सालभर से चल रहे दो अतिरिक्त कोर्ट अब टेंपरेरी तौर पर शहर के इकलौते कम्युनिटी सेंटर में खोलने का फैसला किया गया है। अतिरिक्त कोर्ट खोलने के लिए पीडब्ल्यूडी ने रेनोवेशन हेतु 46.71 लाख रुपए का न केवल टेंडर अलॉट कर दिया गया। बल्कि, कम्युनिटी सेंटर का कब्जा भी मांग लिया गया है। नगर निकाय ने इसके विरोध में प्रस्ताव पास कर अदालतें न केवल कहीं और खाेलने की अपील की है बल्कि कम्युनिटी सेंटर को बचाने के लिए हरसंभव संघर्ष का भी फैसला किया है। इंस्पेक्टिंग जज राजीव रैना व सेशन जज अर्चना पुरी ने कोर्ट का दौरा किया। उनके साथ डेराबस्सी के ज्युडिशियल मजिस्ट्रेट में बलविंदर कौर धालीवाल, सोनाली सिंह व राज नारायण भी मौजूद थे। मौके पर पहुंचे पार्षदों में रविंदर बतरा, दविंदर सिंह, विपन थमन व नरेश उपनेजा समेत मीडिया के सदस्यों ने बताया कि कम्युनिटी भवन बारे फैसले में नगर निकाय की चुनी हुई लोकतांत्रिक बॉडी की पूरी तरह अनदेखी की गई है जबकि निकाय अब तक 1.10 करोड़ रुपए सेंटर की दो मंजिला इमारत पर लगा चुकी है। टीम को बताया गया कि कोर्ट खोलने से गरीब परिवार कम्युनिटी सेंटर के इस्तेमाल से वंचित हो जाएंगे। टीम से जनहित में कम्युनिटी सेंटर की बजाय साथ लगती पटवारखाने व अफसरों की खाली रिहायश में कोर्ट खोलने की अपील की गई।

जजों की टीम ने दोनों इमारतों का दौरा भी किया और वहां लोकेशन समेत इमारत को नई अदालतों के लिए पर्याप्त बताया। जस्टिस रैना ने कहा कि वे पार्षदों समेत लोगों की राय व सुझाव बिल्डिंग कमेटी तक अवश्य पहुंचा देंगे। बाकी अंतिम निर्णय कमेटी को ही करना है। उन्होंने कहा कि वैसे भी टेंपरेरी कोर्ट अब ज्यादा समय तक शहर में नहीं रहेंगे क्योंकि बिल्डिंग कमेटी ने जवाहरपुर रोड पर पंचायत की आठ एकड़ जमीन ज्युडिशियल कॉम्पलेक्स के लिए फाइनल कर दिया है। जल्द ही इस साइट पर काम भी निर्माण कार्य भी शुरु कर दिया जाएगा। फिलहाल वहां वाॅटर सप्लाई कार्यालय मौजूद है। सेशन जज अर्चना पुरी ने भी बताया कि जवाहरपुर वाली साइट हाइवे से अप्रोच व क्षेत्रफल कि लिहाज से भी उपयुक्त है।