मधुप यादव }
मधुप यादव }
‘विदेशमें नौकरी दिलवाने का झांसा देकर मुझसे किसी ने पांच लाख रुपए ठग लिए थे। मैं विदेश तो चला गया लेकिन मुझे वहां नौकरी नहीं मिली। अब किसी तरह से पैसा जुटाना था ताकि सर चढ़ा कर्ज उतार सकूं। ...आैर फिर अपने देश वापस जाकर सुकून की जिंदगी जी सकूं। मैंने कभी टैक्सी चलाई तो कभी स्टोरकीपर का काम किया। कई बार तो साफ-सफाई का काम करके अपना गुजारा किया।’ यह कहानी है अमृतपाल सिंह का। वे इन मोहाली में रहते हैं आैर दो बेवसाइट्स चला रहे हैं। एेसे वेबसाइट्स जो सिख कम्युनिटी के लोगों को विदेशों में जॉब्स मुहैया करवाती हैं। इसके लिए अमृतपाल सिंह ने 28 कंट्रीज के गुरुद्वारो में टाइअप किया है। यह सफर कैसे शुरू हुआ बता रहे हैं अमृतपाल सिंह।‘बात 2004 की है। मैं सिंगापुर में था। मैं हर रविवार गुरुद्वारे जाया करता था। वहां मुझे ऐसे कई लोग मिलते थे जो मायूस होते थे। उनमें से ज्यादातर ऐसे थे जिनके साथ नौकरी के नाम पर धोखा हुआ था। वे सभी पंजाब वापस लौटना चाहते थे। बस यही बात मेरे मन में बैठ गई। मैंने सोचा ऐसा क्या किया जाए जिससे कि सिखों की विदेशों में पहचान बने आैर उनके साथ कोई धोखाधड़ी भी हो। छानबीन के बाद मैंने 2005 में गुरुद्वारा जॉब्स वेबसाइट बनाई। इससे मैंने विदेशी गुरुद्वारों को जोड़ा। इनके जरिए इंप्लाइ को सीधे गुरुद्वारों के संपर्क में लाया। यहां तक कि इसके लिए कोई फीस भी नहीं रखी। 2006 में इंडिया वापस आया तो अपने पिता जी को कुछ दोस्तों के साथ पार्क में बैठे देखा। उनमें से ज्यादातर ऐसे थे जो अच्छी पोजिशंस से रिटायर्ड हुए थे। मैंने सोचा क्यों ऐसे लोगों का अनुभव किसी जरूरतमंद के काम जाए। इसी मकसद के साथ रिटायर्ड सिख्स वेबसाइट बनाई। रिटायर्ड लोगों को भी विदेशों में जॉब्स दिलवाईं। मेरी दोनों वेबसाइट्स पर 4100 से ज्यादा लोग जुड़े हैं, जिनमें से ज्यादातर लोग अच्छा काम भी कर रहे हैं।’
{www.gurdwarajob.com (इससे विदेशी गुरुद्वारों में रागी, पाठी, कथावाचक, सेवादार, लांगरी, मैनेजर, प्रधान, मैनेजमेंट कमेटी के सदस्य बनने के लिए कोई अप्लाई कर सकता है। इसके लिए कोई फीस अदा करने की जरूरत नहीं है।)
{www.retiredsikhs.com (इसमें रिटायर्ड बैंकर, टीचर, मार्शल, क्लर्क अपने लिए नौकरी ढूंढ सकते हैं। इसके अलावा बिजनेस ऑप्शन भी यहां उपलब्ध हैं। मेट्रिमोनियल को भी इससे जोड़ा गया है। यह भी फ्री रखा गया है।)
वेबसाइट्सके यह फायदे
इंप्लॉइको : इसमेंकोई भी अपना बायोडाटा फ्री में पोस्ट कर सकता है। ...आैर साइट पर मौजूद नौकरी के लिए अप्लाई भी कर सकता है।
इंप्लॉयरको : वेफ्री में अपना प्रचार कर सकते हैं। बगैर किसी मिडिलमैन के इंप्लाइ से सीधे संपर्क किया जा सकता है।
ये हैं वेबसाइट्स
मोहाली के अमृतपाल सिंह ने सिख कम्युनिटी के लिए ऐसी दो वेबसाइट्स बनाई हैं, जिनका टाइअप 28 देशों के गुरुद्वारों से है।
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इनकी वेबसाइट्स विदेशी गुरुद्वारों में जॉब्स दिलवाती हैं