सुरक्षा के लिए नौकरों किराएदारों की वेरिफिकेशन जरूरी: एसएचओ
शहरतथा आसपास के क्षेत्र में अधिक्तर लोगों ने अपने नौकरों किराएदारों का पूरा ब्योरा पुलिस को नहीं दिया। इससे पुलिस बाहर से आने वाले नौकरों किराएदारों की वेरिफिकेशन नहीं करवा पा रही है, जोकि सुरक्षा के लिहाज से जरूरी है। यह बात एसएचओ उमेद सिंह ने लोगों से अपने नौकरों किराएदारों का ब्यौरा पुलिस के पास जमा करवाने की बात पर जोर देते हुए कही है। शहर में अभी तक मकान मालिकों और दुकानदारों ने अपने नौकरों किराएदारों का ब्यौरा पुलिस को देने के लिए कोई खास दिलचस्पी नहीं दिखाई है। बाहरी राज्यों से आकर यहंा रह रहे लोगों मे कहीं असामाजिक तत्व भी शामिल होने की संभावना से इंकार नहीं किया जा सकता है और उनका ब्यौरा पुलिस के पास जमा करवाने में शहर के लोगों की अपनी सुरक्षा भी जुड़ी हुई है। अगर उनकी पुलिस वेरिफिकेशन करवाई जाए तो ऐसे मामले में उन्हें आसानी से काबू किया जा सकता है। उन्होंने यह भी बताया कि नौकर किराएदार से पुलिस वेरिफिकेशन करने की बात से ही अगर व्यक्ति अापराधिक प्रवृत्ति का है तो वह मकान या दुकान छोड़ कर चला जाएगा।
लापरवाही बन सकती है आफत
शहरके कुछ जानकारों के मुताबिक शहर में किराएदारों की संख्या काफी अधिक है। लोगों दुकानदारों को यह डर होता है कि कहीं पुलिस को उनका ब्यौरा देने पर नौकर, किराएदार कमरा या काम छोड़ कर चले जाएं। लापरवाही लोगों के लिए कभी भी आफत बन सकती है, क्योंकि नौकरों किराएदारों का पुलिस को ब्यौरा देना कानून के हिसाब से गलत है। इसके अलावा नौकर किराएदार के रूप मे कोई अपराधी भी रह सकता है।