सुपौल. जिला मुख्यालय स्थित वार्ड नं- 20 में रविवार की रात निर्माणाधीन नाले में डूबने से दो वर्षीय बच्ची की मौत हो गई। घटना के विरोध में लोगों ने सुपौल-बसबिट्टी पथ को घंटों जाम कर दिया। अनुमंडल पदाधिकारी विमल कुमार मंडल व सदर थानाध्यक्ष रामसहाय राय के प्रयास से स्थानीय लोगों ने जाम तो हटा दिया लेकिन वे अभी भी थाने में जमे हुए हैं।
पुलिस के अनुसार रविवार को बच्ची खेलने के लिए घर से निकली थी। दिन में दो बजे के बाद से उसके संबंध में कोई जानकारी नहीं मिलने पर घर वालों ने उसकी खोज करनी शुरू कर दी। देर रात पता चला कि बच्ची का लाश नाले में पड़ा है। शव की पहचान होने के बाद ग्रामीण आक्रोशित हो गए और इन लोगों ने सड़क जाम कर दिया।
स्थानीय लोगों का कहना था कि ठेकेदार की लपरवाही के कारण ये सब हुआ है, इस कारण उसे मुआवजे देना होगा। इसके साथ ही लोगों ने निर्माणाधीन नाले का कार्य शीघ्र पूरा करने की मांग करने लगे। मासूम अपनी मां के साथ नानी के घर आई हुई थी।
मृत बच्ची की मां शाहजहां खातून ने बताया कि वह दो बजे से ही गायब थी। पहले ऐसा लगा कि बगल में खेलने गयी होगी। लेकिन अगल-बगल में नहीं मिलने पर खोजबीन की ही जा रही थी कि अचानक डूबने की खबर मिली।
बच्ची के पिता मोहम्मद सगीर झिटकिया, सिहेंश्वर के रहने वाले हैं। बता दें कि तकरीबन छह माह पूर्व नाले की खुदाई जेसीबी से हुई थी। लेकिन निर्माण कार्य अब तक पूरा नहीं हो सका है।