जमुई। खैरा थाना क्षेत्र के हरणी गांव से दस लाख रुपए फिरौती के लिए अपहृत एक व्यवसायी सुखदेव यादव को अपराधियों ने साठ हजार रुपए वसूलने के बाद सकुशल छोड़ दिया है। उसे सिंकदरा और खैरा जंगल के बीच मंगलवार की देर रात रिहा किया है। हालांकि, एसपी ने इसे पुलिसिया दबिश के चलते व्यवसायी की रिहाई की बात कह रहे हैं। अपराधियों के चंगुल में तीन दिनों तक रहने के दौरान अपहृत के साथ मारपीट व अमानवीय व्यवहार किया गया।
कब हुआ था अपहरण
विगत पांच मई की देर शाम अपराधियों ने सुखदेव यादव को उस वक्त अपहरण कर लिया था जब बाजार स्थित अपना किराना दुकान बंद कर बाइक से वापस घर लौट रह था। पूर्व से घाट लगाए बैठे अपराधियों ने सुनील यादव के घर के समीप से अपहरण कर लिया था। घटना के दूसरे दिन अपहृत के मोबाइल से ही उसके परिजन को फोन पर दस लाख रुपए की फिरौती मांगी थी। बाद में अपराधी ने रकम घटा कर चार लाख रुपए कर दी थी। लेकिन अपहृत की माली हालत देखते हुए अपराधियों ने महज साठ हजार रुपए वसूलने के बाद रिहा कर दिया।
बोले अपहृत
अपराधियों के चंगुल से छूट कर लौटे अपहृत सुखदेव यादव ने परिजनों को बताया कि उसके साथ चार हथियारबंद अपराधी हमेशा साथ रहते थे। दिनभर पहाड़ पर छिपाकर रखने के बाद रात में खेत में सुलाता था। खाने के लिए दिन भर में मात्र एक बार सत्तू की पोटली देता था। उन्होंने बताया कि जब कोई उनसे मिलने आता था तब उसके आंखों पर पट्टी बांध दिया जाता था। इससे अंदाज लगाया जा सकता था कि अपहरणकर्ताओं में अपहृत का कोई करीबी भी शामिल था। अपहृत ने बताया कि उसकी रिहाई में पुलिस की कोई भूमिका नहीं है। साठ हजार रुपए देने के बाद ही अपराधियों ने उसे छोड़ा है।
अपहरण के बाद पुलिस की एक टीम बनाई गई थी। पुलिसिया दबिश का ही परिणाम है कि अपराधियों ने अपहृत को छोड़ दिया है। अपराधियों की पहचान हो चुकी है। जल्द ही गिरफ्तार किए जाएगें।
दीपक वर्णवाल, एसपी, जमुई
अपहृत लड़की व आरोपी ने किया कोर्ट में आत्मसर्पण
भागलपुर। शहर के बूढ़ानाथ मोहल्ले से अपहृत छात्रा दीपा कुमारी और आरोपी मो. साजन ने बुधवार को मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी आरसी मालवीय के कोर्ट में आत्मसमर्पण किया। जज ने लड़की दीपा को मेडिकल जांच के लिए भेज दिया जबकि आरोपी मो. साजन को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। कोर्ट में गुरुवार को दीपा को धारा 164 के तहत बयान दर्ज होगा। सभी की निगाहें अब लड़की के कोर्ट में दिए गए बयान पर होगी। इधर पुलिस अभिरक्षा में लड़की का सदर अस्पताल में मेडिकल जांच कराई गई।
क्या है मामला
गौरतलब हो कि विगत छह अप्रैल को बूढ़ानाथ मोहल्ले से दीपा कुमारी का अपहरण तब हो गया था जब वह अपने पिता के साथ काली मंदिर से पूजा कर वापस लौट रही थी। दीपा का पिता ने मामले में मोजादिपुर थाना क्षेत्र के काजवलीचक निवासी मो. साजन और उसके दो साथियों को नामजद आरोपी बनाते हुए आदमपुर थाने में प्राथमिकी दर्ज कराया था। पुलिस ने तब इसे प्रेम प्रसंग का मामला मानते हुए ठंडे बस्ते में डाल दिया था। लड़की की बरामदगी नहीं होने पर विहिप सहित कई समाजिक संगठनों ने पुलिस के खिलाफ सड़क पर उतर आए थे। पीड़ित परिजनों ने भागलपुर दौरे पर आए डीजीपी अभयानंद के समक्ष प्रदर्शन और डीआईजी व एसएसपी का घेराव भी किया था। मामला काफी तूल पकड़ लिया था। दबाव के कारण पुलिस आरोपी मो. साजन के पिता, भाई व बहनोई को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है।
आईटीआई छात्र की हत्या कर शव को रेलवे ट्रैक पर फेंका
भागलपुर। शिवनारायपुर थाना क्षेत्र के वभनगामा के समीप रेलवे ट्रैक से पुलिस ने बुधवार को एक छात्र चंद्रशेखर यादव का शव बरामद किया है। छात्र को किसी तेजधार हथियार से गला रेत कर हत्या कर दी गई है। वभनगामा निवासी मालिक चन्द्र यादव का मृतक पुत्र कहलगांव स्थित आईटीआई का छात्र था। हत्या के कारणों का खुालासा नहीं हो सका है। लेकिन ऐसी आशंका व्यक्त की जा रही है कि छात्र की हत्या प्रेम-प्रसंग में हुई है। मृतक की मां मुन्नी देवी ने अपने पड़ोसी प्रमोद यादव के पिता व पत्नी के खिलाफ थाने में प्राथमिकी दर्ज कराया है। पुलिस शव को बरामद कर पोस्टमास्र्टम के लिए भागलपुर भेज दिया है।