विकलांगों के पुनर्वास का काम चुनौती भरा
शनिवार को बेउर के इंडियन इंस्टीच्युट और हेल्थ एंड रिसर्च में तीन दिवसीय 7वां नेशनल रिहैब मीट-2016 का उद्घाटन पटना उच्च न्यायालय के अवकाश प्राप्त न्यायाधीश न्यायमूर्ति राजेन्द्र प्रसाद ने किया इसका आयोजन इंडियन इंस्टीच्युट आफ हेल्थ एजुकेशन ऐंड रिसर्च, बेउर, पटना के संयुक्त तत्वावधान में किया गया। उन्होंने कहा कि कोई व्यक्ति एक नहींं अनेक प्रकार की विकलांगता का शिकार हो तो उसकी पीड़ा की कल्पना मात्र से रोम सिहर उठता है। ऐसे व्यक्तियों के पुनर्वास का कार्य कितना चुनौतीपूर्ण और प्रशंसनीय है, इसे शब्दों में प्रकट नही किया जा सकता। भारतीय पुनर्वास परिषद के उपनिदेशक डा सुबोध कुमार ने कहा कि, परिषद देश में विकलांगता के क्षेत्र में कार्य करने वाले विशेषज्ञों को निबंधित हीं नहीं करती है,उन्हें नई तकनीक से अवगत कराने के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रमों से भी जोड़ती है।
राष्ट्रीय बहु विकलांग पुनर्वास संस्थान, चेन्नई के निदेशक डा हिमांशु दास ने कहा कि, यहां हो रहा यह पुनर्वास सम्मेलन इसलिए महत्त्वपूर्ण और ऐतिहासिक है कि देश में पहली बार बहु-विकलांगता पर इतना बड़ा सम्मेलन हो रहा है, जिसमें सभी क्षेत्रों के विशेषज्ञ भाग ले रहे हैं राष्ट्रीय अस्थि विकलांग संस्थान, कोलकाता के अकुपेशनल थेरेपी विभाग के अध्यक्ष डा पंकज बाजपेयी ने कहा कि इस संस्थान द्वारा किया जा रहा यह कार्य पुनर्वास-कार्यक्रमों के लिये भविष्य की पूंजी बन रही है। आयोजन समिति के संरक्षक तथा संस्थान के निदेशक-प्रमुख डा अनिल सुलभ ने कहा कि यह पुनर्वास-सम्मेलन देश का प्रथम और एक मात्र सम्मेलन है, जो विकलांगता के सभी क्षेत्रों के विशेषज्ञों को साझा-मंच प्रदान करता है। इस वर्ष का केन्द्रीय विषय- “बहु विकलांगता और पुनर्वास” रखा गया है। विषय की दृष्टि से यह पूर्व की अपेक्षा अधिक चुनौतीपूर्ण है। निश्चित रूप से अगले तीन दिनों में इस पर एक बड़ा मंथन होगा तथा इसका निष्कर्ष भी अत्यंत लाभकारी सिद्ध होगा। इस संदर्भ में यह भी स्पष्ट होगा कि, फिजियोथेरापी, अकुपेशनल थेरेपी, ऑडियोलॉजी ऐंड स्पीच पैथोलॉजी, प्रोस्थेटिक ऐंड और्थोटिक, स्पेशल एजुकेशन, क्लिनिकल साइकोलॉजी, आर्थोपेडिक-सर्जरी, न्यूरोलॉजी आदि विशेषज्ञता की समेकित कोशिशों का क्या नतीजा निकल सकता है। विकलांगता के क्षेत्र में विशेष कार्यों के लिये डा सुबोध कुमार, डा हिमांशु दास तथा डा पंकज बाजपेयी को ‘लाइफ टाइम अचीवमेंट’ अवार्ड से सम्मानित किया गया। त्रिपुरा के पूर्व राज्यपाल प्रो सिद्धेश्वर प्रसाद ने उन्हें अभिनंदन-वस्त्र, स्मृति-चिन्ह तथा प्रशस्ति-पत्र प्रदान किया। उद्घाटन-सत्र में ओरियंटल बैंक आफ कॉमर्स के उप महाप्रबंधक बी जी संधि विग्रह तथा डा गीता यादव तथा ने विचार व्यक्त किये। अतिथियों का स्वागत आयोजन समिति के अध्यक्ष आकाश सुलभ ने तथा धन्यवाद-ज्ञापन आयोजन सचिव डा अनूप कुमार गुप्ता ने किया। संचालन डा तपसी ढेंक ने किया। आरंभ में संगीताचार्य श्याम किशोर के निर्देशन में तैयार किये गए। डा विकास कुमार सिंह, डा पी कुमार, डा संजीत कुमार, डा असगर अली खान, डा प्रभात कुमार, डा राजेश झा, प्रो कुमारी पूर्णिमा, प्रो सरिता कुमारी, प्रो सुशील झा, नरेन्द्र देव तथा आनंद मोहन झा आदि मौजूद थे।
नेशनल रिहैब मीट का उद्घाटन करते डॉ. सुबोध कुमार, डॉ. अनिल सुलभ, डॉ. पंकज वाजपेयी, डॉ. हिमांशु दास।