- Hindi News
- चाइनीज कांटी ने खत्म किया देशी कीलों का बाजार
चाइनीज कांटी ने खत्म किया देशी कीलों का बाजार
अमित सिन्हा| पटना @newdelhitweet
चीनसे आयातित चमचमाती कीलों का बाजार पटना में लगातार बढ़ रहा है। ये कीलें गाजियाबाद के आयातक के माध्यम से बिहार, झारखंड के बाजार तक पहुंच रही हैं। इन कीलों ने हाल के दिनों में भारत में बननेवाली काली कीलों को पूरी तरह रिप्लेस कर दिया है। इनकी खूबी है कि इन्हें अगर दीवार में ठोंका जाए तो ये टेढ़ी नहीं होती हैं कंक्रीट और पिलर में भी घुस जाती हैं।
ैइसके विपरीत देश में बननेवाली पारंपरिक कीलों को दीवार में ठोंकना एक मुश्किल काम है क्योंकि हथौड़ी लगते ही वे मुड़ जाती हैं। यदि घर में कैलेंडर या फोटो फ्रेम भी टांगना हो तो ये कीलें दीवार में बिना ड्रिलिंग के सही-सलामत नहीं जा पाती हैं। एक-दो रुपए प्रति पीस आनेवाली इन कीलों की डिमांड पटना जैसे शहर में तेजी से बढ़ी है।
पटना के पास हाजीपुर में एसएस फोम के निर्माता अंजनी गुप्ता बताते हैं कि उन्होंने भी चाइनीज कीलों के तर्ज पर कील बनाने की शुरूआत की थी परंतु पटना में बिजली की कमी, कुशल श्रमिकों की कमी और कच्चे माल को मंगाने पर आने वाला खर्च इस पूरे प्रोजेक्ट पर भारी पड़न लगा, अंतत: उन्हें यह यूनिट 2011 में तीन महीने चलाकर बंद करनी पड़ी। जहां एक रुपए में तीन देशी कीलें मिलती हैं, वहीं एक रुपए में एक चाइनीज कांटी मिलती है
पटना में चाइनीज कांटियों के बड़े स्टॉकिस्ट किशन किशोर के मुताबिक, 2012 से इन कांटियों का व्यापार पटना में हो रहा है। इसके पहले देशी कीलें ही थी और कहीं कंपीटिशन नहीं था। चाइनीज कीलों की गुणवत्ता बहुत अच्छी है। गैल्वेनाइज्ड होने का कारण देखने में भी खूबसूरत हैं। हां दाम में लगभग तीन गुनी है पर गुणवत्ता के लिए ग्राहक इसकी ही मांग करते हैं।
उच्च गुणवत्ता वाले जिंक प्लेटेड क्वालिटी कार्बन स्टील से इनका निर्माण होता है। विशेष तापमान पर आयातित मशीन से इसके हेड बनाए जाते हैं। इसके बाद शेविंग के लिए एक पृथक मशीन होती है। शेविंग और शेपिंग के दौरान अधिक सतर्कता बरतनी पड़ती है क्योंकि ये कीले अत्यधिक कठोर अवस्था में रहती है। अंत में इन कांटियों पर विशेष पॉलिशिंग की जाती है। तीन स्टेप प्रोसेसिंग में अधिक श्रम लगता है और इसका मेटेरियल भी महंगा है। इस कारण इन कीलों का उत्पादन देशी कीलों की अपेक्षा दोगुना है।
{ये गैल्वेनाइज्ड कंक्रीट कील 20, 25, 40, 50, 65, 75, 80, 90, 100 एवं 125 एमएम की साइज में पटना के हार्डवेयर दुकानों में उपलब्ध हंै।