बिहार की महान विभूति थे जगलाल
जगलालचौधरी बिहार की महान विभूति थे। गांधीजी के आह्वान पर जगलाल चौधरी मेडिकल की पढ़ाई छोड़कर आंदोलन में कूद पड़े थे। उनका मानना था कि नशाखोरी से समाज का उत्थान बाधित होता है। उनपर डॉ. राजेन्द्र प्रसाद की भी जबरदस्त छाप थी। यह बातें गुरुवार को पटना विश्वविद्यालय में इतिहास के प्रो. प्रमोदानंद ने कही। वह बिहार राज्य अभिलेखागार निदेशालय के सभा कक्ष में आयोजित एक सेमिनार में बोल रहे थे। सेमिनार का विषय था ‘राष्ट्रीय आंदोलन में बिहार के वंचित समाज की भूमिका : जगलाल चौधरी के विशेष संदर्भ में’।
सेमिनार में बिहार विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति प्रो. निहार नंदन प्रसाद सिंह ने कहा कि गांधी के नेतृत्व में हुए राष्ट्रीय आंदोलनों में किसान, मजदूर और निचले तबके के लोगों ने बढ़चढ़ कर भाग लिया था। कार्यक्रम का उद्घाटन एसएन सिन्हा ने किया। वहीं, इस मौके पर निदेशालय के निदेशक विजय कुमार ने अतिथियों का स्वागत करते हुए विषय प्रवेश कराया।
सेमिनार में शिरकत करते डॉ.विजय कुमार, प्रो. निहार नंदन प्रसाद सिंह अन्य।