एक प्रश्न के जवाब में नीतीश कुमार ने कहा कि उन्हें पूरी उम्मीद है कि राज्यपाल उन्हें जल्द से जल्द सरकार बनाने और बहुमत साबित करने का मौका देंगे। उन्होंने कहा कि फैसले में देर होने पर वह सभी विधायकों के साथ दिल्ली जाकर राष्ट्रपति से भी मिलकर अपनी बात रख सकते हैं।
प्रधानमंत्री से मिलने के बाद मांझी कर रहे हैं हॉर्स ट्रेडिंग की कोशिश
मीडिया से बात करते हुए नीतीश कुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी ने प्रधानमंत्री से मिलने के बाद जिस तरह से दो उपमुख्यमंत्री और 17 मंत्री बनाने की बात कही है। वह पूरी तरह से हॉर्स ट्रेडिंग की तरफ इशारा कर रहा है। ऐसा लग रहा है कि प्रधानमंत्री से मिलने के बाद मांझी हॉर्स ट्रेडिंग का लाइसेंस प्राप्त करके आए हैं। बहुमत साबित करने के लिए उनके पास सिर्फ भाजपा और निर्दलिय विधायक ही हैं।
बजट सत्र से पहले हो नई सरकार का फैसला
नीतीश कुमार ने कहा कि उन्होंने राज्यपाल से कहा है कि 20 फरवरी से बजट सत्र शुरू होने वाला है। यह सत्र काफी लंबा चलेगा। बहुमत और नई सरकार का फैसला इस सत्र से पहले ही होना चाहिए। नीतीश ने कहा कि बजट सत्र से पहले राज्यपाल का अभिभाषण होता है। यह अभिभाषण सरकार द्वारा तैयार किया जाता है। वर्तमान हालात में राज्यपाल किस सरकार का अभिभाषण पढ़ेंगे।
राज्यपाल से की अपील, न मानें विधानसभा भंग करने की अनुशंसा
नीतीश कुमार ने कहा कि उन्होंने राज्यपाल से अपील की है कि वह मुख्यमंत्री द्वारा विधानसभा भंग करने की अनुशंसा करने पर उसे न माने। कैबिनेट की बैठक में विधानसभा भंग करने का प्रस्ताव गलत तरीके से पास कराया गया है। प्रस्ताव के विरोध में दो तिहाई मंत्री से फिर भी उसे तकनीकी आधार पर पास करा लिया गया है। प्रेस कॉन्फ्रेंस के समय नीतीश कुमार के साथ राजद प्रमुख लालू यादव और शरद यादव भी मौजूद थे।
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फोटो: शेखर।