पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • Bihar News Patn Suspicious Death Three Sibling Siblings Beau

बांका में तीन सहोदर भाई बहन की संदेहास्पद मौत

7 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
फोटो: बच्चों के साथ पिता राजेन्द्र यादव और ब्यान लेती पुलिस।
बांका/पटना. कहते हैं औरत गृह लक्ष्मी होती है। उसके घर छोड़ते ही सारा घर बिखर जाता है। यही बात आज धोरैया में चरितार्थ हुई। धोरैया में एक औरत के घर छोड़ते ही उसका पूरा परिवार इस कदर बिखर गया, जिसकी कल्पना मात्र से लोग सिहर उठते हैं। पांच बच्चों में तीन बच्चों की मौत हो गई। घटना के बाद मृतक के पिता अलग-अलग ब्यान दे रहे हैं।

मध्य रात्रि में एक साथ कैदस्त के बाद तीनों की मौत
धोरैया थाना क्षेत्र के अस्सी गांव में शुक्रवार मध्य रात्रि एक चौदह माह के दुधमुहे बच्चे सहित तीन सहोदर भाई बहन की मौत हो गई। घटना के बाद मृतक के पिता अलग-अलग ब्यान दे रहे हैं। पुलिस को दिये गये ब्यान में उसने बताया कि जब एक साथ तीनों बच्चों को कैदस्त होने लगा तो हम परेशान हो गये। बगल में एक जहरीला सांप बैठा था, जिसे मारने की कोशिश भी किये पर वह भाग गया। तीनों बच्चों का शरीर पीला पड़ गया और मुंह से झाग निकल रहा था। इस संबंध में धोरैया थाना में यूडी केस दर्ज किया गया है।
पिता ने कहा मोबाइल पर फोन आया हम काल बोल रहे हैं
बच्चों के पिता अस्सी गांव निवासी राजेन्द्र यादव ने ग्रामीणों के बीच में कहा कि करीब 12 बजे रात्रि मेरे मोबाइल पर फोन आया हम काल बोल रहे हैं। इसके बाद से ही तीनों बच्चों का तबीयत बिगड़ गया। एक के बाद एक तीनों को कैदस्त शुरू हो गया। रात के कारण हम अकेले क्या कर पाते। सुबह होते ही तीनों को इलाज के लिये अस्पताल लाये। जहां डाक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
आठ दिन पूर्व ही घर छोड़ गई मां
राजेन्द्र यादव और उसकी पत्नी अमृता भारती के बीच किसी मामले को लेकर विवाद हो गया। विवाद इतना गहरा गया कि अमृता अपने बच्चों को घर में छोड़कर निकल गई। कहां गई उसका अभी तक कुछ पता नहीं है। काफी खोजबीन के बाद रविवार को धोरैया थाना में अमृता भारती की गुमशुदगी का रिपोर्ट राजेन्द्र यादव ने दर्ज कराई है।
मौत के बाद गांव में कोहराम
मृतकों में राजेन्द्र यादव और अमृता भारती की 9 साल की पुत्री केशव कुमारी, 7 साल की पुत्री मारुति कुमारी और 14 माह का पुत्र कृष्णा कुमार शामिल है। पुलिस ने तीनों बच्चों के शव को पोस्टमार्टम के लिये बांका अस्पताल भेज दिया। तीनों बच्चों की मौत के बाद गांव में कोहराम मच गया है। जो भी इस हृदय विदारक घटना को सुन रहा है, अनायास ही रो पड़ता है।
पांच बच्चे थे राजेन्द्र और अमृता को
राजेन्द्र यादव और अमृता भारती को पांच बच्चे थे। इसमें चार पुत्री और एक पुत्र शामिल है। बड़ी बच्ची अपने ननिहाल हवेली खड़गपुर में रहती है। घर पर रह रहे चार बच्चों में तीन की मौत हो गई है।