पटना/बिहारशरीफ/यमुनानगर. हरियाणा में पढ़ रहे बिहार के छात्रों पर जानलेवा हमला हुआ है। यमुनानगर जिले के विलासपुर स्थित गणपति इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी एंड मैनेजमेंट कॉलेज में यूपी और हरियाणा के छात्रों ने बिहारी छात्रों को चाकू, तलवार, हॉकी स्टिक से पीटा। हमले में करीब अाधा दर्जन छात्र जख्मी हो गए हैं। घायलों में औरंगाबाद के कुणाल तिवारी, पटना के विकास यादव, बेगूसराय के
मनमोहन सिंह, नालंदा के अाशित पुरी आदि शामिल हैं।
विलासपुर से छात्र ऋषभ दुबे ने फोन पर बताया कि यूपी और हरियाणा के छात्र हम लोगों से पैसे मांगते हैं। नहीं देने पर मारपीट करते हैं। इसी के चलते हम लोगों ने कॉलेज का हॉस्टल छोड़ दिया और निजी हॉस्टल में रहने लगे। अब भी हम कॉलेज आते हैं तो वे लोग हमसे पैसे मांगते हैं। हमलोग दो दिन से हॉस्टल में छुपे हैं। एक-एक कमरे में 10-12 लोग रह रहे हैं।
हरियाणा पुलिस नहीं कर रही मदद
घायल कुणाल व विकास ने बताया कि हम बीटेक सेकेंड ईयर में पढ़ते हैं। इन दिनों परीक्षा चल रही है। परीक्षा के बाद हम दोनों बाइक से निजी हॉस्टल जा रहे थे तभी स्थानीय और सहारनपुर के छात्रों ने हमला कर दिया। इसके बाद करीब 200 छात्र कॉलेज के हॉस्टल में शरण लिए हैं। इनमें नालंदा के करीब दो दर्जन छात्र हैं। दो दिनों से ऐसे ही हालात हैं। हमने केस दर्ज कराया, लेकिन हरियाणा पुलिस मदद नहीं कर रही है।
छात्रों ने गृह सचिव से लगाई सुरक्षा की गुहार
पीड़ित छात्रों ने बिहार के गृह सचिव आमिर सुबहानी को गुरुवार को फैक्स भेजकर सुरक्षा की गुहार लगाई है। इधर डीजीपी
पीके ठाकुर ने कहा कि इस बाबत हरियाणा के डीजीपी से बात की गई है। उन्होंने बिहारी छात्रों को सुरक्षा देने के लिए कहा है। डीजीपी ने बताया कि यमुनानगर के एसपी वेद प्रकाश को घटनास्थल पर जाने को वहां के डीजीपी ने कहा है।
पहले भी इसी संस्थान में हुआ है छात्रों पर हमला
तीन माह पहले भी यहां दो दर्जन नेपाल के छात्र पर हमला हुआ था। छात्र कॉलेज छोड़कर जा रहे थे तो प्रशासन ने उन्हें पूरी सुरक्षा देने की बात कहकर रोका था। बीते शनिवार को रादौर स्थित ग्लोबल रिसर्च इंस्टीट्यूट में
जम्मू और श्रीनगर के छात्रों के बीच मेस में मारपीट हुई थी। इसमें आठ स्टूडेंट्स घायल हुए थे। विवाद के बाद पुलिस सुरक्षा में 78 स्टूडेंट्स को उनके घर भेजा था।
(हरियाणा में औरंगाबाद के कुणाल का सिर फोड़ा और पटना के विकास यादव का हाथ तोड़ा। कई अन्य अस्पताल में भर्ती हैं।)