(मंगलवार को पार्षदों ने प्रदर्शन किया।)
पटना. नगर निगम को भंग करने की नोटिस से निगम में हड़कंप मचा है। बड़े आंदोलन की तैयारी में विपक्ष, मेयर समर्थक पार्षदों के साथ सभी नगर निकायों के पार्षदों के संपर्क करने में लग गए हैं। वहीं, मेयर समर्थक पार्षद विपक्ष के विरोध प्रदर्शन में शामिल होने के सवाल पर मौन हैं। मेयर व उनके समर्थक विपक्षी पार्षदों के प्रदर्शन से खुद को अलग किए हुए हैं।
हालांकि विपक्ष ने निगम को भंग करने के मुद्दे पर सभी से एक होने का आह्वान किया है। मंगलवार को सरकार के विशेष सचिव का नोटिस कुछ पार्षदों को मिलने के बाद विपक्ष के पार्षदों ने प्रदर्शन किया व नगर विकास मंत्री सम्राट चौधरी का पुतला फूंका।
नगर निगम को भंग करने के लिए पार्षदों को मिले कारण बताओ नोटिस के बाद मंगलवार को पार्षदों ने सड़कों पर प्रदर्शन किया। नगर विकास एवं आवास विभाग मंत्री सम्राट चौधरी के खिलाफ नारेबाजी की और मंत्री के पुतले में आग लगाई। पार्षदों ने सरकार व विभाग को चेतावनी दी है कि अगर निगम को भंग करने की कार्रवाई वापस नहीं ली जाती है, तो सड़क से लेकर सदन तक आंदोलन होगा।
डिप्टी मेयर रूप नारायण मेहता, पार्षद विनय कुमार पप्पू, संजय सिंह, सुनील कुमार, दीपक कुमार चौरसिया, सुषमा साहू आदि मौर्यालोक निगम कार्यालय से प्रदर्शन की शुरुआत करते हुए डाकबंगला तक गए।
आज निकालेंगे मशाल जुलूस
विभाग द्वारा निगम भंग करने के लिए की जा रही कार्रवाई पर विपक्ष के सभी पार्षद बुधवार को निगम मुख्यालय से जेपी गोलंबर तक मशाल जुलूस निकालेंगे। डिप्टी मेयर रूप नारायण मेहता ने कहा कि नगर विकास मंत्री पहले निगम को निलंबित करने की बात कह रहे थे अब विघटित करने की धमकी दे रहे हैं। इससे जाहिर होता है कि उन्हें संविधान का कोई ज्ञान नहीं है।
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