पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

जानिए एक ऐसे पेड़ की कहानी, जिसको खरीदते ही कैसे मर गया खरीदार

7 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
बगहा. भैरोगंज थाना के पाड़रखाप गांव के ब्रह्म स्थान का विशाल पीपल पेड़ गिरा तो था आंधी में, लेकिन इस पेड़ को बेचने का ग्रामीणों का निर्णय अब उन्हीं के लिए भारी पड़ने लगा है। इस मामले में मंगलवार को पाड़रखाप निवासी ब्रजकिशोर चैधरी ने अपने ही गांव के मोती बैठा के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करायी।
आरोप है ब्रह्म स्थान का पीपल पेड़ 91 हजार रुपये में बेचकर उसके पैसे को हड़पने के लिए ऐसा किया गया है। जबकि ग्रामीण पीपल को बेचने से मिलने वाली राशि से ब्रह्म स्थान का सौंदर्यीकरण कराना चाहते हैं।

पेड़ खरीदनेवाले की हो गयी मौत
वस्तुतः इस विवाद का मूल कारण है कि जिस लकड़ी कारोबारी ने पेड़ खरीदा उसकी मौत हो गयी। ग्रामीणों के मुताबिक पेड़ बेचने के लिए मोती बैठा अधिकृत किया गया था। खरीदार की मौत पेड़ उठवाने के बाद हो गयी तो मोती ने कह दिया कि उसे तो पेड़ के रुपये मिले ही नहीं हैं। फिर तो सारा गांव एक नयी अशांति के आलम में डूब चला।

पीपल से जुड़े मिथक लोग कर रहे याद
ग्रामीणों ने अंततः मोती बैठा पर एफआईआर करा डाला है। उधर मोती भी दलित उत्पीड़न के मुकदमे में अपने विरोधियों को फंसाने की धमकी दे रहा है। इस मामले की जांच में चंद रोज पहले पहुंचे अंचलकर्मी व भैरोगंज थानाध्यक्ष ग्रामीणों के बीच मचे घमासान के चश्मदीद बन चुके हैं।
अब गांव में अशांति आयी है तो बहुतेरे लोगों को पीपल से जुड़े मिथक याद आने लगे हैं। कई लोग मानते हैं कि पवित्र ब्रह्म स्थान के जिस पीपल की पूजा पीढि़यों से इस गांव के लोगों ने की, रुपये की लालच में उसे बेचना भारी भूल साबित हुई है।