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जमुई में नक्सली बंद का असर, कई मार्केट में छाया सन्नाटा

8 वर्ष पहले
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जमुई. नक्सलियों ने आज 24 घंटे बंद की घोषणा की है। इसे लेकर जमुई के सिमुरतला बाजार, नरंगजौ बाजार, झाझा 1 नम्बर सर्किल, चकाई और खैरा सहित कई बाजार बंद हैं। वहीं बांका जिले में भी बंद का असर देखा जा रहा है। तकरीबन सभी बाजार बंद हैं और बड़े वाहनों की आवाजाही भी ठप हो गई है। बांका के तेलहर क्षेत्र नक्सल प्रभावित क्षेत्र हैं। जहां इसका सबसे ज्यादा असर देखा जा रहा है।

बताते चलें कि 5 जनवरी 2014 को सिकंदरा थाना क्षेत्र के पाठकचक के जंगल में पुलिस के साथ हुई नक्सली मुठभेड़ को फर्जी बता नक्सलियों ने 24 घंटे की बंदी का आह्वान किया है। नक्सली के पूर्वी बिहार, उत्तरी झारखंड के जोनल कमिटी प्रवक्ता लालजीत कोड़ा ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए कहा था कि 5 जनवरी को पुलिस ने जोसेफ हासदा नामक सदस्य की हत्या कर दी।

पुलिस के साथ उस दिन कोई मुठभेड़ नहीं हुआ था। जोसेफ हासदा पानी लेने के लिए नीचे उतरा था और पुलिस के हत्थे चढ़ गया। पुलिस ने उसे पकड़ लेने के बाद उसकी हत्या कर दी और उसे पुलिस के द्वारा हुए मुठभेड़ में मारे जाने की बात बताई थी।

नक्सलियों ने इसका विरोध जताया है और 22 जनवरी की रात से 24 घंटे की बंदी का आह्वान किया है। पुलिस ने इस बंदी को देखते हुए जिले के सभी थाने को हाई अलर्ट कर दिया है। इस संबंध में एसपी जीतेंद्र राणा ने बताया कि नक्सलियों को काफी नुकसान हुआ है तो वे बौखलाए हुए हैं। उनकी बंदी के दौरान कोई घटना को अंजाम देने की साजिश को विफल कर दिया जाएगा। जिले के सभी थानों को हाई अलर्ट कर दिया गया है और नक्सलियों के गतिविधि पर नजर रखा जा रहा है।

नक्सल प्रभावित क्षेत्र होने की वजह से यहां के प्रखंड कार्यालय तक को बंद रखा गया। वहीं इस बंदी को देखते हुए स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की सिमुलतला शाखा में भी ताला लगा रहा। वहीं नारगंजो की सभी दुकानें बंद रही । दुकानदार अविनाश कुमार ने बताया कि नक्सलियों की बंदी को देखते हुए सभी दुकानें बंद कर दी गई है। क्योंकि ऐसा करने पर संगठन के लोग आते हैं और मारपीट करते हैं।

नक्सलियों द्वारा जब भी बंदी का आह्वान होता है तो यहां पूरा बाजार बंद हो जाता है। इधर झाझा में भी बंदी के कारण जनजीवन प्रभावित रहा। यात्री वाहन कम चलने के कारण रेलवे स्टेशन पर भी लोगों का आवागमन कम रहा और बाजारें भी बंद रही। इसी प्रकार खैरा में वाहनों का परिचालन बाधित रहा। नक्सलियों के इस बंदी से जनजीवन पूरी तरह प्रभावित रहा और जो बाहर निकलने का प्रयास भी कर रहे थे वे सहमे हुए दिख रहे थे।


आगे देखिए बंद की तस्वीरें...

फोटो- गौतम गुप्ता