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नीतीश बताएं, 'लाठी में तेल पिलाएंगे या कलम में स्याही'

7 वर्ष पहले
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पटना। रालोसपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष व केंद्रीय राज्यमंत्री उपेंद्र कुशवाहा ने पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से पूछा कि लाठी में तेल पिलाएंगे या कलम में स्याही भरेंगे। उन्होंने लालू प्रसाद से हाथ मिलाकर समता पार्टी के शहीदों का अपमान किया है। भगवान माफ भी कर दे, तो बिहार की जनता माफ नहीं करेगी। वे शनिवार को एसकेएम में श्रद्धांजलि रथयात्रा के समापन सभा को संबोधित कर रहे थे।

उन्होंने कहा कि आगामी विधानसभा चुनाव पर हमारी नजर है। इसके लिए पार्टी के सभी नेता और कार्यकर्ता तैयारी करें। समता पार्टी के शहीदों की कुर्बानी व्यर्थ नहीं जाने देंगे। प्रदेश अध्यक्ष व सांसद डॉ. अरुण कुमार ने पार्टी के उन नेताओं को खड़ी-खोटी सुनाई, जो संघर्ष में पीछे और अगली पंक्ति में रहकर पद चाहते हैं। कहा- अब जंगलराज को वापस नहीं आने देंगे। श्रद्धांजलि रथयात्रा वोट की राजनीति नहीं है।

डॉ. जगन्नाथ गुप्ता बोले- नीतीश ने जनता से किया धोखा : कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव व रथयात्रा के संयोजक डॉ. जगन्नाथ गुप्ता ने कहा कि नीतीश कुमार ने लालू प्रसाद से हाथ मिलाकर राज्य की 11 करोड़ जनता को धोखा दिया है। विधान पार्षद संजीव श्याम सिंह ने कहा कि उपेंद्र कुशवाहा को मुख्यमंत्री बनाने के लिए कार्यकर्ताओं को कड़ी मेहनत करनी होगी। नीतीश कुमार ने जदयू का राजदीकरण कर दिया है। मौके पर ललन पासवान, योगेश कुशवाहा, राजकुमार सिंह, शंभुनाथ सिन्हा, शंभु कुशवाहा, राजेश यादव, प्रो. अभयानंद सुमन, मनोज लाल दास मनु, अनिल यादव आदि मौजूद थे।
रथयात्रा के ये सारथी सम्मानित
विजय कुशवाहा, मनीषा शर्मा, अंगद कुशवाहा, मनोज यादव, डॉ. नूर हसन आजाद, विद्यानंद राम, योगेंद्र चौहान, हिमांशु पटेल आदि।

ये हुए शामिल : संजीव कुमार मिश्र, प्रो. विधान चंद्र भारती, अविनाश यादव, अखिलेश ठाकुर, मो अशफाक अहमद, मो. शमीम रजा, मो. एजाजुल रहमान, सत्येंद्र सिंह, पंकज कुमार राय आदि।
कुशवाहा ने भी दी नसीहत श्रद्धांजलि रथ यात्रा में भाग लेने की सहमति देने के बाद भी शामिल नहीं होने वाले नेताओं को उपेंद्र कुशवाहा ने नसीहत दी। कहा- जवाबदेही नहीं लेने वाले कार्यकर्ता व नेता खुद ही पहले बता दें।