(रोती-बिलखती बेटी ने कांति देवी की मौत की जानकारी संबंधी को दी।)
पटना. चिकन पकाने के दौरान धमाके के साथ रसोई गैस सिलेंडर के फटने से कांति देवी की मौके पर ही मौत हो गई। पांच लीटर के सिलेंडर का धमाका इतना जोरदार था कि 35 वर्षीया कांति देवी के सिर का पिछला हिस्सा उड़ गया और पास के मकान की दीवार में चिपक गया। सिलेंडर का आधा भाग भी उड़ा और पास के मकान में जा गिरा। बरामदे और किचन के चारों ओर खून पसर गया।
इस घटना में पड़ोसी के घर में खेल रहा दस साल का यश ठाकुर बाल-बाल बच गया। सिलेंडर फटने के बाद उसी बच्चे के पास गिरा था। अजंता कॉलोनी, केसरी नगर में रविवार को हुई इस घटना से आसपास के मकान हिल गए। जोरदार आवाज सुनकर आस-पड़ोस के लोग भी जुट गए।
सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। कांति देवी वैशाली जिले के करताहा गांव निवासी लाल बाबू सिंह की पत्नी थी। लाल बाबू मार्बल मिस्त्री हैं। कांति को 12 साल की बेटी प्रीति और 10 साल का बेटा प्रीतम है। घटना के समय पति काम करने गया था। दोनों बच्चे ऊपर के कमरे में पढ़ाई कर रहे थे। लाल बाबू तीन माह पहले ही रिटायर इंजीनियर गजेंद्र नारायण के मकान में किराए पर रहने आए हैं। गजेंद्र भी उसी मकान में रहते हैं। पुलिस ने यूडी केस दर्ज किया है।
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