पटना. गंडक पर गोपालगंज-बेतिया के बीच पुल बनकर तैयार है। फिनिशंग का काम अंतिम चरण में है। 6 या 7 मार्च को 317 करोड़ की लागत से बने इस दो लेन पुल के उद्घाटन की संभावना है। मुख्य सड़कों को जोड़ने वाले इस पुल के दोनों तरफ एप्रोच का अब टेंडर किया गया है।
निर्माण एजेंसियों द्वारा 18 फरवरी तक टेंडर पत्र जमा करना है। ऐसे में एजेंसी तय होने के बाद 2 साल में एप्रोच का निर्माण पूरा किया जा सकेगा। तय इस्टीमेट के मुताबिक गोपालगंज जिले में 4.65 किमी लंबा एप्रोच होगा। वहीं बेतिया की ओर एप्रोच की लंबाई 16.5 किमी होगी। इसके निर्माण पर 142 करोड़ रुपए खर्च होंगे। दियारा और बाढ़ग्रस्त क्षेत्र होने के कारण दोनों ही तरफ एप्रोच में कुछ पुल-पुलिए भी बनाए जाएंगे।
अभी नहीं मिलेगा पूरा लाभ
अभी 1848 मीटर लंबाई वाले इस पुल को गोपालगंज की तरफ जादोपुर-विशुनपुर रोड होते हुए बसडीला में ईस्ट-वेस्ट कॉरिडोर (एनएच-28) से जोड़ा गया है। वहीं बेतिया जाने के लिए मंगलपुर-नौतन रोड का इस्तेमाल किया जाएगा। पुल दो लेन है और इस पुल के बन जाने के बाद गोरखपुर की तरफ से नेपाल जाने का यह सबसे कम दूरी वाला सुगम मार्ग होगा।
ट्रकों और बसों की भारी ट्रैफिक होगी। पर अभी जादोपुर-विशुनपुर रोड से पीएमजीएसवाई द्वारा बनाए गए एक सड़क होते हुए एप्रोच को फोर लेन मार्ग (एनएच-28) में जोड़ा जा रहा है। कहीं यह दो लेन चौड़ी है तो कहीं सिंगल लेन, जो 10 किमी लंबी है। उसी तरह बेतिया जाने वाले मंगलपुर-नौतन रोड की लंबाई करीब 35 किमी है। अधिकांश सिंगल लेन ही है। ऐेसे में समझा जा सकता है कि बड़ी और भारी गाड़ियों के दबाव आने पर इस सड़क की क्या स्थिति होगी।
100 किलोमीटर तक घटेगी दूरी
इस पुल की उपयोगिता इससे ही समझी जा सकता है कि फिलहाल गोपालगंज की तरफ से बेतिया जाने के लिए गाड़ियों को डुमरिया पुल-खजुरिया होते हुए करीब 150 किमी दूरी तय करनी पड़ती है। पुल के बन जाने के बाद गोपालगंज से बेतिया की दूरी मात्र 50 किमी हो जाएगी।