शौक पूरा करने नाबालिग बन गए चोर
कार,जैकेट और मोबाइल के शौक ने दो नाबालिग को चोर बना दिया। सातवीं और दसवीं कक्षा में पढ़ने वाले इन नाबालिग चोरों ने पहले तो चाचा के घर चोरी की, इसके बाद ये सामान खरीदे। घरवालों को संदेह हुआ और पूछताछ में दोनों ने चोरी करना कबूल लिया। सिरगिट्टी पुलिस ने उनसे सामान बरामद कर लिया है।
तिफरा स्थित आर्या कॉलोनी में 6 दिन पहले चोरी हो गई। यहां रहने वाले ट्रांसपोर्टर बलजीत सिंह का परिवार खरीददारी करने के लिए बाजार गए थे। इसी दौरान चोरों ने उनके घर से 1 लाख 40 हजार रुपए पार कर दिया। उन्हें घर के कुछ लोगों पर संदेह था। दरअसल, जिस अलमारी से पैसे गायब हुए थे उसकी जानकारी घरवालों के अलावा किसी को नहीं थी। उनके घर में तिफरा के ही कालिका नगर में रहने वाले साले के परिवार का आना-जाना था। बलजीत के साले के 15 वर्षीय बेटे की नजर मुंहबोले चाचा के पैसों पर थी। वह परिजनों से कार खरीदने की जिद किया करता, लेकिन उसकी यह इच्छा पूरी नहीं हुई। उसने अपना शौक पूरा करने के लिए चाचा के घर चोरी करने की योजना बनाई। उसने सातवीं कक्षा में पढ़ने वाले 12 वर्षीय नाबालिग दोस्त को अपने साथ लिया। बलजीत जैसे ही घर से बाहर निकले दोनों ने बड़ी सफाई से अलमारी में रखे पैसों को पार कर दिया।