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- छह माह में ही उधड़ गई तीन करोड़ रुपए से बनी सड़क
छह माह में ही उधड़ गई तीन करोड़ रुपए से बनी सड़क
पहली ही बारिश में सड़क धुल गई ढलाई की गई गिट्टी उधड़ने लगी
जलसंसाधन विभाग द्वारा खूंटाघाट जलाशय को मुख्य मार्ग से जोड़ने के लिए 3 करोड़ 14 लाख की लागत से बनाई गई सड़क 6 माह में ही उधड़ गई है। इससे ग्रामीणों में आक्रोश है। इस सड़क का निर्माण एसीबी के हत्थे चढ़े कार्यपालन अिभयंता ने करवाया था।
बिलासपुर-कोरबा मुख्य मार्ग पर ग्राम मेलनाडीह के बड़े पुल से खूंटाघाट जलाशय तक करीब 1750 मीटर मुख्य नहर पथ का सुदृढ़ीकरण कार्य जुलाई 14 में पूरा हुआ था। इसके तहत 3 करोड़ 14 लाख 92 हजार रुपए की लागत से नहर पथ का कांक्रीटीकरण किया गया था। इस सीसी रोड की चौड़ाई कहीं 5 मीटर, तो कहीं 9 मीटर है। इसके ठेकेदार कोरबा के मेसर्स बीपी मिश्रा थे। दांई तट नहर पथ का सुदृढ़ीकरण कार्य जुलाई 14 में पूरा हुआ था। इसके तहत 3 करोड़ 14 लाख 92 हजार की लागत से नहर पथ का कांक्रीटीकरण किया गया। यह काम पहले दिन से ही विवादों में रहा। ग्रामीणों ने आरोप लगाया था कि इसके निर्माण में घटिया सामग्री का प्रयोग किया गया था। बेस लेवल में बोल्डर मुरम कम, मिट्टी अिधक डाल दी गई। निर्माण के दौरान पीली मिट्टी मिली रेत को लेकर ग्रामीणों ने आक्रोश भी जताया था। इसी तरह लोकल गिट्टी घटिया मसाले का इस्तेमाल किया गया।
बारिशमें धुली सड़क: सीसीरोड जुलाई 14 में पूरी हुई। इसके बाद बारिश शुरू हो गई। पहली ही बारिश में सड़क धुल गई ढलाई की गई गिट्टी उधड़ने लगी। पिछले छह माह में सड़क उधड़ चुकी है। बीच-बीच में कई जगह गड्ढे हैं, ढलाई में उपयोग िकए गए सरिए बाहर गए हैं। इस वजह से पर्यटकों के दुपहिया चार पहिया वाहन पंक्चर हो रहे हैं। ग्रामीणों के आक्रोश के बाद ठेकेदार ने 1750 मीटर लंबी इस सड़क की पुन: ढलाई का आश्वासन दिया था। कुछ स्थानों पर एक्सीवेटर से छिलाई भी की गई, पर 5 माह से ठेकेदार उसके कर्मी नदारद हैं। सामान की रखवाली के लिए एक-एक चौकीदार मौजूद हैं।
नहींमिली मजदूरी: सड़कनिर्माण में काम करने वाले ग्राम मेलनाडीह के साेनू नेताम, अरुण ध्रुव, दिनेश मरावी, दरस मरावी कई अन्य लोगों को मजदूरी नहीं मिली है। यहां तक कि चौकीदार जगदीश यादव को 8 माह से मजदूरी नहीं दी गई है इससे उसकी आर्थिक हालत खराब है।
जल्दी ही शुरू होगा काम
^सड़कठीक बनाई है। फिर भी कहीं डेमेज है, तो उसे जल्दी ही सुधार दिया जाएगा। जिन मजदूरों का भुगतान रुका है उन्हें मजदूरी दी जाएगी। बीपीमिश्रा, ठेकेदार
ठेकेदार की अमानत राशि जब्त की जाएगी
^ठेकेदारको 8 से 10 बार नोटिस दी जा चुकी है। पर वह सड़क मरम्मत नहीं कर रहा है। अब उसे अंतिम नोटिस जारी कर विभाग के पास जमा उनकी राशि जब्त कर दूसरे ठेकेदार से मरम्मत कराई जाएगी। ठेकेदार को बिल भुगतान नहीं हुआ है। केकेशुक्ला, सब-इंजीनियर, जल संसाधन विभाग
सड़क मरम्मत के निर्देश दिए गए हैं
^संबंधितठेकेदार को नोटिस जारी कर जर्जर सड़क की मरम्मत के निर्देश दिए गए हैं। नहर पथ सुदृढ़ीकरण के दौरान जिस साइट इंजीनियर की ड्यूटी थी उन्हें भी नोटिस जारी किया जाएगा। काम में लापरवाही साबित होने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। एसकेसर्राफ, एसडीओ, जल संसाधन विभाग
पर्यटकों को असुविधा होती है
खूंटाघाटजलाशय देखने यहां पिकनिक मनाने रोज बड़ी संख्या में पर्यटक आते हैं। दांई तट नहर पथ एप्रोच रोड दोनों खराब होने से उन्हें परेशानी होती है। सड़क के ऊपर छड़ बाहर निकल आने से कई पर्यटकों के वाहन पंक्चर हो जाते हैं।
जिला प्रशासन मूकदर्शक बना
खूंटाघाटजलाशय में जिले के प्रमुख आला अफसर परिजनों के साथ पिकनिक मनाने या छुट्टियां बिताने आए दिन यहां पहुंचते हैं। खासकर रविवार को प्रशासनिक अिधकारियों का यहां जमावड़ा होता है। पर इन अिधकािरयों ने तो सड़क निर्माण के दौरान ही अब सड़क उधड़ जाने के बाद इसका संज्ञान लिया। इसकी एक वजह शायद यह हो सकती है खूंटाघाट जलाशय में सिंचाई विभाग के वातानुकूलित रेस्ट हाऊस में इन अिधकारियों की जोरदार आवभगत हाेती है। इसलिए ये अिधकारी सड़कों की दुर्दशा पर मौन हैं।
जल संसाधन विभाग ने तीन साल पहले मेलनाडीह से खूंटाघाट जलाशय तक एक करोड़ की लागत से एप्रोच रोड बनाई थी। यह रोड भी बनने के महज 5-6 माह बाद ही उधड़ने लगी थी। इसकी हालत भी खराब है। सड़क में छोटे-बड़े गड्ढे हो गए हैं।
एक करोड़ की सड़क पहले से खराब
फिर से बने सड़क, दोषी पर कार्रवाई हो
^नहरपथ एप्रोच रोड दोनों की हालत खराब है। इसका निरीक्षण किया है। ये दोनों सड़कें फिर से बननी चाहिए। साथ ही दोषी अिधकारियों पर कार्रवाई हो। शारदागढ़ेवाल, सरपंच, मेलनाडीह
ग्रामीणों में फैल रहा है आक्रोश
घटियासड़क निर्माण को लेकर ग्रामीणों ने रोष जताया है। सोनू नेताम, नमन प्रधान, सूरज मरावी, कन्हैया राज बहोरन मरावी का कहना है कि निर्धारित मापदंड के अनुसार नहर पथ का पुनर्निर्माण किया जाए।