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सरकार! काश... आपके झाड़ू थाम लेने से अमला और जनता जाग जाए
बीतेकुछ दिनों से शहर सरकार के ओहदेदारों के हाथों में जब-तब झाड़ू दिख जाती है, लेकिन शहर में जहां-तहां कचरा और गंदगी पसरी है। स्वच्छता अभियान दरअसल इस ट्रेंड को सेट करने के लिए है कि अब पब्लिक जागेगी और अपने आस-पास के क्षेत्र को साफ-सुथरा रखेगी। इस भाव को समझकर उसके लिए प्रयास करने के बजाय आईएएस, आईपीएस और जनप्रतिनिधि सिर्फ दिखावे में यकीन रख रहे हैं। ऐसा ही नजारा सोमवार को कलेक्टोरेट, कमिश्नरी, जिला पंचायत, कंपोजिट बिल्डिंग समेत बड़े सरकारी दफ्तरों में देखने को मिला। संभाग के अाला अफसरों से लेकर जनप्रतिनिधि तक फोटो खिंचवाने झाड़ू थामे नजर आए। जनता को सफाई के प्रति जागरूक बनाने या कर्मचारियों को कर्तव्यबोध करवाने के लिए कोई रणनीति ही नहीं बनाई गई है। यानी आगे पाट, पीछे सपाट... की तर्ज पर शहर में गंदगी दूर होने से रही।
सोमवार को अचानक कलेक्टोरेट में सुबह करीब 11 बजे झाड़ू लगाने और स्वच्छता अभियान के रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना करने का प्रोग्राम तय कर लिया गया। इसकी सूचना कई अधिकारी कर्मचारियों को नहीं थी। उन्हें केवल यह पता था कि कोई वर्कशॉप होने वाली है। कर्मचारी इसमें शामिल होने के लिए मंथन कक्ष के आस-पास पहुंचे थे, तभी अचानक संभागायुक्त सोनमणि बोरा कलेक्टोरेट पहुंचे। वे सीधे कलेक्टर सिद्धार्थ कोमल परदेशी के चैंबर में गए। थोड़ी देर में मेयर वाणी राव नगर निगम के नेता प्रतिपक्ष महेश चंद्रिकापुरे भी गए। इसके बाद गांधी प्रतिमा के पास सभी ने कर्मचारियों के साथ झाड़ू लगाई। यह अलग बात है कि चुनी गई जगह पहले ही साफ-सुथरी थी। शेषपेज|19
दरअसल,सुबह-सुबह ही सफाईकर्मियों को बुलवाकर वहां सफाई करवा दी गई थी। अब कुछ तो साफ करना था, इसलिए पेड़ के पत्ते बिखेर दिए गए और उस पर ही झाड़ू फेर दी गई। सफाई का दिखावा करने वालों का ध्यान फोटो खिंचवाने पर था। दफ्तर में अटी गंदगी की ओर किसी ने गौर नहीं किया। अधिकारी नेताओं ने जिला पंचायत परिसर, न्यू कंपोजिट बिल्डिंग, पुरानी कंपोजिट बिल्डिंग, टाउन हाॅल, सिम्स और कमिश्नर कार्यालय में सफाई की औपचारिकताएं पूरी की। न्यू कंपोजिट बिल्डिंग को छोड़कर अन्य कार्यालयों में कचरा नजर नहीं आया। काम खत्म होने के बावजूद सफाईकर्मियों को भी रोक लिया गया था। दोपहर 2 बजे तक भी जब उन्हें जाने की इजाजत नहीं मिली तब उनका गुस्सा दिखने लगा। वे चाय-नाश्ता नहीं मिलने की