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कांंग्रेस से रामशरण पर सहमति बनने के आसार
नगरीय निकाय चुनाव में भाजपा ने पहले पत्ते खोले, कांग्रेस गुटबाजी में ही उलझी रही
तीन ने मेयर के लिए पर्चा भरा, पार्षदों के लिए 127 नामांकन
कांग्रेस के दावेदारों की लिस्ट गुटीय राजनीति में उलझकर रह गई है। नगर निगम में कांग्रेस की ओर से मेयर का टिकट किसे मिलेगा, इसका फैसला अब दिल्ली में आला नेता लेंगे। इधर, पार्षद प्रत्याशियों के चयन के लिए पांच सदस्यीय कमेटी बनाई गई है।
मेयर की उम्मीदवारी को लेकर जोगी बघेल गुट के बीच विवाद मार-पीट के बाद इसमें नया मोड़ गया है। पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी अपने समर्थक विष्णु यादव को टिकट दिलाने पर अड़े हैं, जबकि संगठन खेमा रामशरण यादव को भाजपा के प्रत्याशी किशोर राय के खिलाफ चुनाव मैदान में उतारना चाहता है। दोनों गुट अपने-अपने कैंडिडेट के लिए प्रयास कर रहे हैं और विवाद, गाली-गलौज के अलावा मार-पीट तक की नौबत चुकी है। हर चुनाव की तरह इस बार भी कांग्रेस में प्रत्याशी चयन को लेकर बिगड़ते माहौल और अनुशासनहीनता की खबर दिल्ली पहुंच चुकी है। शेषपेज |14
यहीवजह है कि अब गेंद दिल्ली के आला नेताओं बीके हरिप्रसाद, मोतीलाल वोरा, मोहसिना किदवई और भक्त चरणदास के पाले में है। उन्हें अपने स्तर पर नाम तय कर इसकी सूचना प्रदेश कांग्रेस कमेटी को भेजनी है। उनके फैसले को अंतिम मानते हुए प्रदेश चुनाव समिति बी फॉर्म देगी। इधर, बिलासपुर के 66 वार्डों में से अधिकांश में पैनल में एक नाम है, लेकिन अन्य वार्डों में दो इससे अधिक नाम होने की वजह से प्रत्याशियों के नामों की घोषणा नहीं की गई है। इसमें पर भी विवाद गहराता जा रहा है। बवंडर हो, इसलिए पांच सदस्यीय कमेटी बनाकर उन्हें एक दिन के भीतर प्रत्याशी चयन का जिम्मा सौंपा गया है। इस कमेटी में सांसद प्रत्याशी करुणा शुक्ला, विधानसभा प्रत्याशी मेयर वाणी राव, शहर कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष नरेंद्र बोलर के अलावा ब्लाॅक अध्यक्ष शशि देवांगन अकबर खान शामिल हैं। कहा जा रहा है कि देर रात या रविवार तक प्रत्याशियों की चयन सूची जारी कर दी जाएगी। इधर, जिले के अन्य नगरीय निकायों के अलावा राज्य की अन्य सीटों को लेकर रायपुर के कांग्रेस भवन में शाम को बैठक शुरू हुई जो देर रात तक चलती रही।
अंतिमसमय में होगा टिकट का फैसला
बैठकमें ढाई घंटे शामिल रहने के बाद नेता प्रतिपक्ष टीएस सिंहदेव चले गए, लेकिन जोगी पहुंचे ही नहीं। प्रदेश क