बदली से बढ़ी ठंड: पहली बार बना ऐसा माहौल
बादलों की वजह से पहले दो दिन जहां ठंड कमजोर पड़ी, वहीं तीसरे दिन अचानक से ठंड बढ़ गई और लोगों को दिन में स्वेटर-जैकेट की जरूरत पड़ी। इस सीजन में मौसम के उतार-चढ़ाव ने मौसम विज्ञानियों को भी सोचने मजबूर कर दिया है। हालांकि पिछले सालों तक ऐसे हालात नवंबर में ही बनने लगे थे। इस बार ठंड लेट पड़ रही है।
तीन दिन पहले तक जिले सहित पूरे संभाग में कड़ाके की ठंड पड़ रही थी। ग्रामीण जंगल के इलाकों में तो अलाव जलाने की नौबत गई थी। वहीं गर्म कपड़ों का उपयोग बढ़ा था। पर इसके बाद अचानक मौसम के तेवर बदल गए। बुधवार की रात से हल्के बादल छाने लगे और इसके असर से नमी की मात्रा बढ़कर 70 फीसदी तक हो गई। रात का तापमान उसके पहले तक 10 डिग्री के करीब दर्ज हो रहा था, गुरुवार को 15 डिग्री पर पहुंच गया। शुक्रवार को दोपहर 12 बजे 29 डिग्री तापमान रिकार्ड किया गया। शुक्रवार की रात को शहर का न्यूनतम तापमान 17 .6 डिग्री पर पहुंच गया और ठंड जैसे गायब ही हो गई लेकिन शनिवार को सुबह से लेकर शाम तक ठंड सताती रही।
गेहूं-चना के लिए फायदेमंद है बारिश
कृषिविशेषज्ञ बताते हैं, शनिवार को जिले में हुई हल्की बारिश को गेहूं चना के लिए फायदेमंद है। ग्रामीण इलाकों में बारिश से धान की कटाई मिसाई को नुकसान की जानकारी नहीं है। ज्यादा बारिश होने पर ही कोई नुकसान होगा। बादलों से किसी भी फसल को कोई खतरा नहीं है।
एक तो बादल ऊपर से कोहरा शहर लगा जैसे कोई हिल स्टेशन हो। लोग मौसम का मजा लेते रहे।
तीन दिनों में सात डिग्री चढ़ा पारा
शहरमें बुधवार से शुक्रवार के बीच रात के तापमान में सात डिग्री का अंतर दर्ज किया गया। बुधवार को तापमान 10 डिग्री था तो शुक्रवार की रात को बढ़कर 17.6 डिग्री पर पहुंच गया। पर दिन का तापमान 29 डिग्री पर ही स्थिर है। मंगलवार को यह 30 डिग्री दर्ज हुआ था।
आसमान साफ होने पर और बढ़ेगी ठंड
^आसमानपर बादल होने की वजह से ठंड थोड़ी कम हुई है लेकिन अगले एक-दो दिन में आसमान साफ होने पर ठंड बढ़ेगी। अगले एक सप्ताह तक औसत न्यूनतम तापमान 12 डिग्री तो अधिकतम तापमान 28 डिग्री के करीब रहने के आसपास रहने की संभावना है।’’ उमेशरायक्वापर्ण, मौसमविज्ञानी, बिलासपुर