टाप टेन में जगह बनाएंगे सरकारी स्कूल के बच्चे, दी गई विशेष ट्रेनिंग
विशेषज्ञों की बनाई गई थी कमेटी
एजुकेशन रिपोर्टर | बिलासपुर
दसवीं-बारहवीं प्री-बोर्ड की परीक्षा में 85 फीसदी से अधिक फीसद अंक पाने वाले जिले के 38 स्टूडेंट्स को बोर्ड परीक्षा में मेरिट में जगह दिलाने शिक्षा विभाग विशेष रणनीति बना रहा है। इसके लिए पेंड्रा में आवासीय शिविर लगाकर इन बच्चों को विषय विशेषज्ञों के निर्देशन में विशेष ट्रेनिंग दी गई और उन्हें दक्ष बनाया गया।
शिक्षा विभाग ने 6 से 9 फरवरी तक गवर्नमेंट मल्टीपरपज स्कूल पेंड्रा में आवासीय शिविर लगाकर दसवीं-बारहवीं की प्री-बोर्ड परीक्षा में 85 फीसद से अधिक अंक पाने वाले 38 स्टूडेंट्स को विशेष प्रशिक्षण दिया गया। सभी विषयों के लिए दो विशेषज्ञों की टीम बनाई गई थी, जिन्होंने बच्चों को परीक्षा में लिखने के तरीके और परीक्षा पूर्व तैयारी के बारे में बताया। इन्हें ब्लू प्रिंट की जानकारी के साथ समय पर प्रश्नों को हल करने की जानकारी दी गई। हिंदी, अंग्रेजी, गणित समेत सभी विषय विशेषज्ञों ने अपने-अपने विषय की जानकारी देते हुए पर्चा हल करने के बारे में उन्हें प्रशिक्षित किया। जिला शिक्षा अधिकारी का कहना है कि दसवीं-बारहवीं बोर्ड में इन 38 बच्चों में से कोई ने कोई मेरिट में स्थान जरूर बनाएंगे। इन 38 बच्चों में गवर्नमेंट गर्ल्स स्कूल पेंड्रा, भर्रीडांड, आमाडांड, एमएलबी बिलासपुर, गर्ल्स सरकंडा, अमाली, मिट्ठुनवागांव आदि स्कूल के बच्चे शामिल है।
चयनित 38 छात्रों को ट्रेनिंग देते जिला शिक्षा अधिकारी हेमंत उपाध्याय।
चुनिंदा प्रश्नों की दी गई जानकारी
विशेषज्ञों ने मॉडल प्रश्न भी तैयार किया था। इसमें परीक्षा में अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्नों को शामिल किया गया था। प्रशिक्षण के दौरान इसकी तैयारी कराई गई। अंत में बच्चों का एग्जाम लिया गया। परीक्षा की काॅपी जांचकर उन्हें प्रतिशत भी दिया गया। इसके आधार इन बच्चों में से किसी न किसी बच्चों के टाप टेन में आने की उम्मीद की जा रही है।
विषय को सरल समझना सबसे बड़ी गलती
विषय विशेषज्ञों ने बच्चों से कहा कि किसी भी विषय को सरल समझना सबसे गलती है। अक्सर स्टूडेंट्स किसी विषय को सरल समझकर गलती कर बैठते हैं। दरअसल कोई भी विषय सरल नहीं है, सभी विषयों पर गंभीर होकर तैयारी करना चाहिए। इन्हीं बातों से स्टूडेंट्स को अवगत कराया गया। सभी विषय विशेषज्ञों ने अपने-अपने विषयों की तैयारी कराया।
दिया गया है प्रशिक्षण
दसवीं-बारहवीं प्रीबोर्ड में 85 प्रतिशत से अधिक अंक पाने वाले छात्र-छात्राओं को पेंड्रा में अावासीय शिविर लगाकर प्रशिक्षण दिया गया। उम्मीद है कि ये बच्चे टॉप टेन में जगह बनाएंगे।\\\'\\\' - हेमंत उपाध्याय, डीईओ
समय की कीमत समझें स्टूडेंट्स
जिला शिक्षा अधिकारी हेमंत उपाध्याय भी बतौर ट्रेनर के रूप में मौजूद थे। उन्होंने कहा कि स्टूडेंट्स को समय की कीमत समझना चाहिए। परीक्षा के दौरान पल-पल की कीमत का महत्व है। प्रश्नों को समय के आधार पर ही हल करना चाहिए। अक्सर ऐसा होता है कि स्टूडेंट्स समय के चक्कर में प्रश्न छोड़ देते हैं, जबकि उन प्रश्नों का आंसर उन्हें पता होता है। यह सब टाइम मैनेजमेंट नहीं करने के कारण होता है।