(चकरभाठा हवाईपट्टी पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम न होने के कारण अभी ग्रामीण साइकिल-बाइक लेकर रन-वे पर घुस आते हैं। )
बिलासपुर । छत्तीसगढ़ राज्य में जल्द ही एयर टैक्सी की सुविधा शुरू होने वाली है। इस सर्विस के लिए बिलासपुर जिले में चकरभाठा हवाईपट्टी को चुना गया है। शासन ने प्रशासनिक अफसरों को निर्देश दिए हैं कि हवाईपट्टी को एयर टैक्सी शुरू करने के लायक बनाएं। सुरक्षा के पुख्ता बंदोबस्त करें। इसके बाद अफसरों ने हवाईपट्टी का जायजा भी लिया। पीडब्ल्यूडी ने इसकी फेंसिंग और मार्किंग के लिए 46 लाख रुपए का प्रस्ताव बनाया है। इधर, सेना ने बेस कैंप के लिए चकरभाठा की जमीन के अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
छत्तीसगढ़ के शहरों में घरेलू विमान सेवा की कवायद पांच सालों से चल रही है, लेकिन किसी कंपनी ने इस ओर ध्यान नहीं दिया। जिले के चकरभाठा में सेना का बेस कैंप बन रहा है। मिलेट्री अफसर दर्जनों बार चकरभाठा हवाईपट्टी, बिल्हा के आस-पास के गांवों का सर्वे कर चुके हैं। ये हवाईपट्टी भी सेना को हैंडओवर होनी है।
कंपनियों से ऑफर मांगे हैं
बिलासपुर के अलावा अंबिकापुर, जगदलपुर, कोरबा और जशपुर में एयर टैक्सी के लिए राज्य के विमानन विभाग ने कंपनियों से ऑफर मांगे हैं। ऑफर आने के बाद सर्विस का किराया व अन्य रूपरेखा तय की जाएगी। हालांकि प्रक्रिया निकाय चुनाव के बाद पूरी होगी, लेकिन समय रहते शासन तैयारियां पूरी कर लेना चाहता है।
सुरक्षा सबसे बड़ी चुनौती
हवाईपट्टी चारों ओर से खुली हुई है। मवेशियों के अलावा चार पहिया वाहन सीखने-सिखाने वालों और बाइकर्स की फौज हर शाम जुटती है। तेलसरा के ग्रामीणों को चकरभाठा आने-जाने हवाईपट्टी का रास्ता आसान लगता है। इससे सिर्फ तीन किमी चलना पड़ता है। रास्ता बंद होने से उन्हें सात किमी की दूरी तय करनी होगी। प्रशासन के लिए सुरक्षा बड़ी चुनौती होगी।
सेना पहले भवन का पजेशन लेगी
मिलेट्री के कुछ अफसर चकरभाठा पहुंच चुके हैं। वे पहले बिल्डिंग अपने पजेशन में लेंगे। इधर, राजस्व मामले देखने वाले अधिकारियों ने यहां जमीन की नाप-जोख शुरू करवा दी है। बेस कैंप का काम शुरू होने के बाद उसके विमान भी नियमित रूप से आना-जाना करते रहेंगे। फिलहाल आर्मी अफसर आस-पास के गांवों का भ्रमण कर रहे हैं।
1250 एकड़ जमीन है यहां
चकरभाठा में मौके पर लगभग 1250 एकड़ जमीन उपलब्ध है। इसमें 942 एकड़ निजी व 315 एकड़ शासकीय जमीन है। सेना द्वारा जमीन आधिपत्य में लेने के बाद सिविल एयरपोर्ट के लिए भी जगह दी जाएगी। यहां आगे चलकर नागरिक उड्डयन विभाग द्वारा हवाई सेवाएं शुरू करने की योजना प्रस्तावित है।
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