पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

अब कोर्ट भी नहीं सुरक्षित: चोरों ने बोला धावा, मालखाने में रखी शराब-गांजा पर मारा हाथ

7 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
(फोटो- न्यायालय का वह दरवाजा जहां से घुसे चोर)
बिलासपुर।. कोरबा के जिला न्यायालय परिसर में शुक्रवार की रात पीछे ग्रील का ताला तोड़कर घुसे चोरों ने मालखाना खोलकर दारू-गांजा की चोरी कर ली। उनके माल समेटने के दौरान हुई आवाज से सुरक्षा में लगे गार्ड जाग गए। उन्हें देखकर चोर झािड़यों में माल छिपाकर भाग निकले। सुबह खोजबीन करते हुए पुलिस ने चोरी की गई माल बरामद कर लिया।

जिला न्यायालय परिसर की सुरक्षा व्यवस्था के लिए न्यायालय के चौकीदार के अलावा बटालियन के गार्ड की तैनाती की गई है। रात के समय रोटेशन में जवान परिसर की सुरक्षा व्यवस्था संभालते हैं। लेकिन शुक्रवार की देर रात चोरों ने दुस्साहस दिखाते हुए इस सुरक्षा व्यवस्था को भेदकर न्यायालय के मालखाने में चोरी की। चोर न्यायालय के पिछले भाग में मुलजिम को लाने वाले ग्रील (दरवाजे) का ताला तोड़कर अंदर पहुंचे। जहां मुलजिम कक्ष के समीप स्थित मालखानाें में दूसरे नंबर के कक्ष का ताला तोड़कर उन्होंने अंदर से माल पार किया। चोर चोरी किए गए माल को बाहर ले जाकर समेटने में लगे हुए थे। इसी दौरान तड़के करीब 4 बजे सुरक्षा गार्डों को पीछे परिसर की ओर से कुछ आवाज सुनाई दी। गार्ड आवाज लगाते हुए पीछे की ओर दौड़े। उन्हें देखकर चोर भाग निकले।

चौकीदार बंशीलाल ने इसकी सूचना न्यायालय के अधिकारियों को दी। न्यायालय के मालखाने में चोरी होने की सूचना से न्यायालय व पुलिस महकमें में हड़कंप मच गया। सुबह होते ही डीजे आरके अग्रवाल, एडीजे सीके अजगल्ले, सीजेएम अनीश दुबे समेत एडिशनल एसपी डा. लाल उमेंद सिंह, सीएसपी कीर्तन राठौर, सिटी कोतवाली टीआई यदुमणी सिदार, सीआईटी प्रभारी अश्वनी राठौर वहां पहुंचे। रामपुर चौकी प्रभारी रफीक खान भी स्टाफ समेत मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया। इस दौरान कुछ निशान को देखकर वह न्यायालय परिसर के दीवार के समीप झाड़ियों की ओर पहुंचे। जहां चोरी हुए सामान मौजूद थे। इनमें 3 बोरी में साढ़े 21 किलो गांजा, 4.5 लीटर देशी शराब व कुछ पार्टस था। इससे प्रभारी समेत पूरे चौकी के स्टाफ ने राहत की सांस ली। पुलिस ने माल को बरामद कर लिया। इस मामले में रामपुर चौकी में मालखाना नाजिर प्रमोद कुमार पांडेय की रिपोर्ट पर धारा 457, 380 (चोरी) व लोक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने का जुर्म दर्ज कर जांच की जा रही है।

चौकी के सामने दुस्साहस
जिला न्यायालय परिसर रामपुर चौकी के ठीक सामने स्थित है। इसके अलावा आसपास कलेक्टोरेट, एसपी आफिस, नगर निगम, जिला पंचायत भी है। वहीं न्यायालय परिसर से एसपी आफिस लगा हुआ है। समीप ही पीटीएस भी है। इसके बावजूद चोरों ने दुस्साहस के साथ पुलिस की गश्त को ठेंगा दिखाते हुए न्यायालय के मालखाना तक पहुंचकर चोरी की। इस घटना के बाद रामपुर चौकी की पुलिस की मुस्तैदी पर सवाल उठने लगे हैं।

न्यायालय परिसर में बढ़ी चोरियां
जिला न्यायालय में यह चोरी की पहली घटना नहीं है। दोे साल पहले तांबा तार की चोरी हुई थी। वहीं कुछ माह पूर्व न्यायालय परिसर में स्थित अधिवक्ता कक्ष में चोरों ने घुसकर टीवी की चोरी की थी। इसके अलावा न्यायालय परिसर से कई बाइक की चोरी हो चुकी है। अधिवक्ता नूतन सिंह ठाकुर ने सीसीटीवी लगाने की मांग की है। पुराने न्यायालय परिसर के मालखाने से करीब 3 साल पहले लाखों का माल पार हुआ था।
चौकीदार को भनक नहीं
न्यायालय का चौकीदार बंशीलाल ितड़के नाइट ड्यूटी में था। उसने बताया कि वह बटालियन के गार्डो के साथ न्यायालय के ऊपरी तल में बैठा था। चोरों के द्वारा ग्रील व मालखाने के दरवाजे का ताला तोड़ने का आवाज उन्हें सुनाई नहीं दी। सभवत: चोर माल समेटते हुए ले जा रहे थे, इस दौरान न्यायालय के पीछे की ओर से आवाज आने पर उन्हें भनक लगी।
1-4 का गार्ड है तैनात
जिला न्यायालय संवेदनशील माना जाता है। यहां किसी तरह की अप्रिय वारदात न हो इसके लिए 1-4 के आर्म्स गार्ड की तैनाती रहती है। रोटेशन में बटालियन बदलता रहता है। वर्तमान में 15वीं बटालियन बीजापुर के 1 हेड कांस्टेबल व 4 कांस्टेबल की तैनाती यहां है। लेकिन सूत्रों की मानें तो ये गार्ड दिन के समय ताश में व्यस्त और रात के समय आराम फरमाते हैं। इस मामले के बाद पुलिस अब इन बटालियन के जवानों पर विभागीय कार्रवाई कर सकती हैं।
गार्डों पर भड़के जज
न्यायालय के भीतर मलखाना का ताला तोड़कर चोरी होने की जानकारी मिलने पर पहुंचे जजों ने सुरक्षा के लिए तैनात बटालियन के गार्डों को जमकर फटकार लगाई। पुलिस अधिकारियों को इस मामले में जुर्म दर्ज कर चोरों को जल्द पकड़ने के साथ-साथ सुरक्षा कर्मियों के खिलाफ जांच कर उनके खिलाफ कार्रवाई का निर्देश दिया गया।
नाली के रास्ते घुसे थे चोर
मालखाने तक पहुंचने वाले चोर न्यायालय परिसर में पीछे की ओर से दीवार के नीचे बने बड़े नाली के रास्ते पहुंचे थे। दरअसल राज्य परिवहन विभाग के डिपो परिसर से पानी के निकासी के लिए पुराने कोर्ट की ओर दीवार के किनारे बड़ी नाली बनाई गई थी। इसमें अंतिम छोर खुला होने की वजह से वहां से चोर असानी से घुस गए। इसी रास्ते से चोरी का माल छोड़कर वह भागे। घटना के बाद अब परिसर के झाड़ियों को साफ कराया गया है।

सीएसपी काे जांच की जिम्मेदारी
न्यायालय परिसर के मालखाने में चोरी की घटना गंभीर मामला है। इस मामले में सीएसपी कीर्तन राठौर को जांच अधिकारी बनाया गया है। न्यायालय की सुरक्षा में भी लापरवाही बरती गई है। जांच में जो भी तथ्य आएगा उसके अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
डा. लाल उमेंद सिंह, एडिशनल एसपी