हास्टल की अधीक्षिका को नोटिस

9 वर्ष पहले
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पेंड्रा

कस्तूरबा गांधी आवासीय कन्या विद्यालय में अधीक्षिका के साथ उसके पति के रहने के मामले में एसडीएम के निर्देश के बाद बीईओ ने नोटिस जारी कर अधीक्षिका से स्पष्टीकरण मांगा है। पति के हास्टल में रहने की स्थिति में अनुशासनात्मक कार्यवाही की चेतावनी भी अधीक्षिका को दी है। इसी तरह सिवनी में कन्या छात्रावास की बदहाली की खबर के प्रकाशन के बाद शासन ने नए कन्या छात्रावास के भवन की मंजूरी दे दी है।


आदिवासी विकासखण्ड पेण्ड्रा व मरवाही इलाके के कन्या छात्रावासों में अधीक्षिकाओं की मनमानी से अव्यवस्था चरम पर है। इसकी खबर डीबी स्टार के 10 जनवरी के अंक में प्रकाशित हुई थी। इस पर अधिकारियों ने कार्यवाही की है। पेण्ड्रा विकासखंड के ग्राम कोडगार के कस्तूरबा गांधी कन्या आवासीय विद्यालय में 6वीं से 8वीं तक की 100 आदिवासी छात्राएं वहीं रहकर पढ़ती हैं। इसके अलावा 9वीं की 15 छात्राएं भी वहीं रहकर पढ़ती हैं। शासन ने इस आवासीय विद्यालय में अधीक्षिका के रूप में श्रीमती बृजभान टंडन की नियुक्ति की थी। पर इस आवासीय विद्यालय में वे अपने पति को भी साथ रखती हैं। इस संबंध में खबर छपने के बाद एसडीएम डॉ सारांश मित्तर ने पेण्ड्रा, गौरेला व मरवाही तीनों ब्लाक के बीईओ को पत्र लिखकर निर्देशित किया है कि किसी भी कन्या छात्रावास में अधीक्षिका के साथ उनका पति नहीं रहना चाहिए। किसी छात्रावास में अधीक्षिका का पति रहते हुए पाया जाता है तो अधीक्षिका पर कार्यवाही करें। इस निर्देश के बाद बीईओ केबी दीक्षित ने कस्तूरबा गांधी कन्या आवासीय विद्यालय की अधीक्षिका को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा है कि वे अनाधिकृत तरीके से आवासीय विद्यालय के परिसर मे पति को क्यों रख रही हैं? संतोषप्रद जवाब नहीं मिलने पर अनुशासनात्मक कार्यवाही की चेतावनी भी दी गई है।इसी तरह से मरवाही ब्लाक के प्री-मेट्रिक कन्या छात्रावास सिवनी के दुर्दशा की खबर को भी शासन-प्रशासन ने गंभीरता से लिया है। एसडीएम ने छात्रावास का निरीक्षण कर छात्रावास में आवश्यक सुधार का निर्देश मरवाही के बीईओ को दिया है। इस छात्रावास में दुर्दशा के कारण ही छठवीं से दसवीं तक पढऩे वाली सिर्फ 35 छात्राओं ने ही प्रवेश लिया। जो 35 छात्राएं छात्रावास में रह रही हैं इनमें से भी कुछ छात्राएं शाम को खाना खाकर असुरक्षित तरीके से सोने के लिए घर चली जाती हैं। छात्रावास की हालत जर्जर है। कन्या छात्रावास में पीछे के दरवाजे टूटे हुए होने से मकान में कोई भी प्रवेश कर सकता है। खबर छपने के बाद मकान में जो दरवाजे लगाए गए वे भी इतने घटिया स्तर के हैं कि वे ठीक से बंद नहीं होते। बिलासपुर के सहायक आयुक्त सी.एल. जायसवाल ने बताया कि सिवनी में कन्या छात्रावास के नए भवन की राशि स्वीकृत हो गई है वहां जल्द ही काम शुरू किया जाएगा। सभी कन्या छात्रावासों से पुरूष भृत्य व चौकीदार स्थानांतरित कर महिलाओं को रख लिया गया है।

इनका कहना है
॥मरवाही ब्लाक के सिवनी गांव में नये कन्या छात्रावास भवन की स्वीकृति शासन से मिल गई है। जल्द ही वहां नये भवन का निर्माण कार्य प्रारंभ करा दिया जायेगा। जिले के सभी कन्या छात्रावासों से पुरूष भृत्य, चौकीदार एवं रसोइयें को स्थानांतरित करके उनके स्थान पर महिला भृत्य, चौकीदार एवं रसोइयां रख लिया गया है। सभी कन्या छात्रावासों को नियमित रूप से निरीक्षण भी किया जा रहा है।


-सीएल जायसवाल, सहायक आयुक्त, आदिवासी विकास विभाग बिलासपुर।
॥कस्तूरबा गांधी कन्या आवासीय विद्यालय कोडगार में अधीक्षिका के पति का साथ में रहना नियम विरुद्ध है इसलिए अधीक्षिका को नोटिस जारी करके स्पष्टीकरण मांगा गया है। संतोषप्रद जवाब नहीं मिलने पर अधीक्षिका के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्यवाही की जाएगी।
-केबी दीक्षित, बीईओ पेण्ड्रा।