परिचर्चा: मानवतावाद से ही समस्या का निकलता है हल
भिलाई|सतनाम भवन, सेक्टर-6 में 12वीं गुरुव वंदना दिवस पर मानवतावादी संस्कृति से ही समस्या का स्थाई हल विषय पर परिचर्चा हुई। इस दौरान बड़ी संख्या में सतनाम केडर्स व सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अतिथि गुरु घासीदास सेवा समिति के अध्यक्ष गेंदलाल राय, राम सनेही भारद्वाज, एफआर जर्नादन, पंच राम बंजारे, मंशा राम कुर्रे रहे। मौके पर राजेंद्र कुमार बंजार ने संबंध विषय पर चर्चा शुरू की। इसमें कहा गया कि भारत की समस्या का मूल जड़, यहां की प्रचलित जातिवादी व वर्ण व्यवस्था है। मानवतावादी कई संतों और महापुरुषों के प्रयास से भारतीय संविधान में इस जातिवादी व वर्ण व्यवस्था का खात्मा हो चुका है। जिसे आमजनों तक पहुंचाना जरूरी है। देश के नागरिकों काे उनका अधिकार बताने के लिए शासन, प्रशासन के साथ ही संबंधितों को मुहिम चलाने की जरूरत है। दीर्घकालीन समस्या राजनीति के माध्यम से दूर हो सकती है। समस्या का स्थाई निदान मानवीय संस्कृति परिवर्तन और नियंत्रण से ही होगा।