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मैग्नीज कांड की जांच 36 घंटे बाद भी नहीं हुई पूरी

7 वर्ष पहले
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बीएसपीमें फेरो मैग्नीज ओर की जगह गिट्टी-पत्थर सप्लाई के मामले की जांच 36 घंटे बाद भी पूरी नहीं हो पाई है। ही प्रबंधन ने इसकी जानकारी पुलिस को दी है। इससे मामले में लीपापोती करने की चर्चा शुरू हो गई है।

मंगलवार की सुबह करीब 11 बजे मॉयल के बालाघाट माइंस से 10 से 12 ट्रकों में फेरो मैग्नीज ओर बीएसपी पहुंचा था। एक ट्रक में मैग्नीज ओर की जगह गिट्टी रेत भरा हुआ था। रिसर्च कंट्रोल लेबोरेटरी (आरसीएल) के चार्जमैन अप्पाराव की नजर इस पर पड़ी और उन्होंने उच्च प्रबंधन को इसकी जानकारी दी। प्रबंधन के आदेश पर विजिलेंस की टीम ने एक-एक कर सभी ट्रकों में लदे मैग्नीज ओर की जांच शुरू की जो बुधवार शाम तक पूरी नहीं हो पाई थी। जांच में लेटलतीफी पर यह जानकारी दी जा रही है कि गड़बड़ी कहां से किस स्तर पर किसके द्वारा की गई। इसमें दोषी कौन-कौन हैं। यह जानकारी जुटाने में समय लगने के कारण जांच पूरी नहीं हो पाई है। जांच में देरी को लेकर सवाल उठने लगे हैं। जानकारों की माने तो प्रारंभिक जांच में गड़बड़ी में बीएसपी अफसरों की भी संदिग्ध भूमिका सामने आई है। ऐसे में बीएसपी की साख पर कहीं बट्टा लग जाए, लिहाजा मामले में लीपापोती किए जाने की तैयारी शुरू हो गई है।

^मैग्नीज ओर की जगह गिट्टी-रेत मिलने की जांच का काम विजिलेंस विभाग सीआईएस को सौंपा गया है। उनके द्वारा जांच की जा रही है।\\\'\\\' सीओसी,बीएसपी

हटाने के बाद फिर आरएमडी में तैनात

बतायागया कि इनके अलावा कुछ अफसर तो ऐसे हैं जिन्हें 2002 की घटना के बाद प्रबंधन ने उन्हें उस समय तो विभाग से हटा दिया लेकिन कुछ सालों बाद दोबारा उन्हें आरएमडी भेज दिया गया। इनमें वर्तमान एजीएम आईसी सेनगुप्ता चार्जमैन मुकेश तिवारी शामिल हैं।

लंबे समय से जमे हैं अफसर

डीपीईकी गाइड लाइन के अनुसार संवेदनशील स्थानों में किसी भी अधिकारी को तीन साल से अधिक समय तक नहीं रखा जाना है। इनमें रा मटेरियल डिपार्टमेंट (आरएमडी) भी शामिल है। बावजूद बीएसपी के आरएमडी में ज्यादातर स्टाफ तीन से अधिक समय से जमा हुआ है। इनमें एजीएम अनुपम बिष्ट (सात साल) असिस्टेंट मैनेजर गुरुप्रसाद सोनी (10 साल) प्रमुख रूप से शामिल हैं।

दो ट्रांसपोर्टर्स को मिला है ठेका

बीएसपीमें फेरो मैग्नीज ओर बालाघाट के अलावा चांपा से रहा है। परिवहन का काम भिलाई की दो ट्रांसपोर्ट कंपनी एसीसी ईटीसी को मिला है। एक दिन