सहायक यंत्री को मारने दी थी सुपारी
जांजगीर.अधीक्षण यंत्रीरामअवतार पाठक द्वारा आफिस में किए गए दुर्व्यवहार विद्युत मंडल में ठेके में लगे विधवानी इंफ्राटेक कंपनी की गाड़ियों का कांट्रैक्ट रद्द कर दूसरी कंपनी की गाड़ी लगवाने की धमकी से आहत ठेका कंपनी के सुपरवाइजर कमल विधवानी ने ही पाठक को मारने के लिए एक लाख रुपए में सुपारी दी थी।
कमल विधवानी को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। विधवानी इंफ्राटेक कंपनी कोरबा का जिले में बिजली विभाग में ठेकेदार है। इस कंपनी की कई लक्जरी गाडिय़ां भी विद्युत मंडल के अधिकारियों के लिए मंडल ने ठेके पर जांजगीर, कोरबा में ली है। -शेष|पेज14
विधवानीइंफ्राटेक कंपनी का सुपरवाइजर कमल विधवानी किसी काम से जांजगीर अधीक्षण यंत्री कार्यालय आया था। उसने श्री पाठक से कक्ष में प्रवेश करने की अनुमति मांगी और बिना पाठक की इजाजत के वह उनके कक्ष में घुस गया। बतौर कमल विधवानी श्री पाठक उनके कक्ष में किसी के अनधिकृत प्रवेश से नाराज हो गए और अपशब्दों का प्रयोग करते हुए उससे गाली गलौज करते हुए कार्य बंद कराने विद्युत मंडल के अधिकारियों के लिए लगे उनकी गाडिय़ों को बंद कर रायपुर से गाड़ी लगाने की धमकी दी। इससे कमल डर गया। उसे डर हो गया कि कहीं उसकी कंपनी का ठेका निरस्त कर दूसरे को दे दिया जाए। इसलिए उसने पाठक को निपटाने की योजना बनाई। इसके लिए उसने बिलासपुर के ही कपड़ा व्यवसायी अजय गुरूवानी से संपर्क किया। अजय ने कमल को आदतन बदमाश शहबाज हुसैन उर्फ शिबू से 13 अगस्त को बिलासपुर में मिलाया। कमल ने पाठक को मारने के लिए शिबू को एक लाख में सुपारी दी। शहबाज ने अपने साथियों जमिल खान, वाहिद खान, रविंद्र सिंह और राहुल सोनवानी के साथ मिलकर सुनियोजित ढंग से 25 अगस्त को श्री पाठक पर प्राणघातक हमला कर दिया। पुलिस ने अन्य आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार कर लिया था शनिवार को कमल विधवानी को भी बिलासपुर से उसके निवास से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। अभी भी दो अन्य आरोपी पुलिस की पकड़ से बाहर हैं।
श्री पाठक को मारने के लिए आरोपियों को जो स्कॉर्पियो, टाटा विस्टा और डस्टर जैसी लक्जरी और कीमती गाडि़यां उपलब्ध कराई गई थी। एक सुपरवाइजर इतना बड़ा खौफनाक प्लान बिना किसी के वरदहस्त के बना ले और उसे सुपारी की रकम भी दे, वारदात को अंजाम देने के लिए इतनी कीमती गाडि़यां उपलब्ध कराए और इसकी भनक कंपनी के मालिक को हो यह कैसे हो सकता