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जहर सेवन के बाद विवाहिता की मौत, प्रताड़ना का आरोप

6 वर्ष पहले
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पतिऔर प|ी में विवाद के बाद जहर सेवन करने वाली महिला की इलाज के दौरान जिला अस्पताल में मौत हो गई। मायके पक्ष वालों ने प्रताड़ना का आरोप लगाया है।

नवागढ़ थाना क्षेत्र के गांव गोधना निवासी रविशंकर चौहान के साथ कोरबा जिले की भगवती (20 वर्ष) की दो साल पहले शादी हुई थी। दो साल के बाद भी बच्चा नहीं हो पाया था, जिससे चलते रविशंकर बहुत परेशान रहता था। सोमवार को रविशंकर अपने काम के चक्कर में कहीं बाहर गया था। सोमवार को वह जब घर पहुंचा तो पता चला कि भगवती बिना बताए शिवरीनारायण मेला चली गई थी। भगवती गांव के कुछ लोगों के साथ शिवरीनारायण गई थी। उसके घर पहुंचते ही रात में रविशंकर के साथ इसी बात को लेकर झगड़ा हुआ। कुछ देर करीब 1 बजे कमरे अंदर जाकर भगवती जहर का सेवन कर लिया। उल्टी होेने पर रविशंकर और उसकी मां ने जाकर देखा तो जहर सेवन की बात का पता चला। उसे तत्काल नवागढ़ स्वास्थ्य केन्द्र ले जाया गया। जहां से डाक्टर ने जिला अस्पताल रेफर कर दिया। जिला अस्पताल में इलाज के दौरान मंगलवार सुबह 7.30 भगवती ने दम तोड़ दिया। पुलिस ने पोस्टमार्टम कर शव परिजनों को सौंप दिया।

मायके वालों ने लगाया प्रताड़ना का आरोप

भगवतीके मां-बाप ने सुसराल पक्ष वालों पर प्रताड़ना का अारोप लगाया है। भगवती के पिता गेसराम का कहना है कि उसका पति रविशंकर उन्हें आए दिन मारपीट करता था। जब पिछले बार मायके आई थी भगवती तो बता रही थी कि रविशंकर किसी-किसी बात को लेकर आए दिन मारपीट करता था। इसके अलावा बच्चा नहीं होने पर उनके परिजन भी प्रताड़ित करते रहते थे। प्रताड़ना से तंग आकर भगवती द्वारा जहर सेवन की बात परिजनों द्वारा कही जा रही है।

कराया जा रहा था झाड़ फूंक

शादीके 2 साल होने के बाद भी रविशंकर का बच्चा नहीं हो पाया था। जिससे वह किसी बैगा के पास झाड़ फूक करा रहा था। बैगा ने रविशंकर को बोला था कि भगवती को घर के बाहर नहीं निकलना है। रविशंकर सोमवार को अपने काम से जब घर वापस लौटा तो पता चला कि भगवती शिवरीनारायण मेला चली गई थी। घर लौटते ही इसी बात को लेकर विवाद हुआ। बच्चा नहीं होने पर अभी लोग झाड़ फूंक पर विश्वास करते हैं। जबकि आज के युग मेंे हर बीमारी बच्चा नहीं होने का इलाज संभव है।

रोते बिलखते भगवती के परिजन।