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जीरो शॉर्टेज, फिर भी नहीं मिल रहा कमीशन

5 वर्ष पहले
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भास्कर न्यूज | जांजगीर-चांपा

जीरो शॉर्टेज करने के बाद भी धान खरीदी करने वाली 24 समितियों को अभी तक कमीशन तो दूर प्रोत्साहन राशि तक नहीं मिल पाई है। सूत्रों के अनुसार परिवहन के दौरान शॉर्टेज होने का खामियाजा इन समिति के प्रबंधकों को भुगतना पड़ रहा है।

वर्ष 2014-15 में समर्थन मूल्य पर हाेने वाले धान खरीदी के नुकसान को रोकने के लिए व्यापक व्यवस्था की गई थी। समय पर उठाव होने के कारण जिले की सभी 206 खरीदी केंद्रों में कहीं भी शॉर्टेज नहीं पाया गया। इन समितियों को सरकार द्वारा 50 पैसे प्रति क्विंटल की दर से प्रोत्साहन राशि दी गई और जीरो शॉर्टेज होने पर जिले की सभी समितियों के लिए कमिशन की राशि भी दी गई है। प्रोत्साहन राशि 3 करोड़ रुपए पहले ही सरकार ने समितियों को बांट दी है। कमिशन की राशि भी 14 करोड़ कलेक्टर ओपी चौधरी की पहल पर सरकार ने जारी कर दी है। यह राशि भी मार्कफेड के माध्यम से जिला सहकारी केंद्रीय बैंक को दे दी गई है।- शेष पेज 14 पर

कलेक्टर ने इस राशि से पहले समिति के कर्मचारियों का वेतन भुगतान करने का स्पष्ट निर्देश दिया है। राशि मिलने से जहां कर्मचारी खुश हैं वहीं बाराद्वार, जैजैपुर, चांपा ब्रांच के 24 उपार्जन केंद्रों के प्रभारियों को जीरो शॉर्टेज करने के बाद भी नुकसान हो रहा है। विभागीय सूत्रों के अनुसार इन 24 समितियों से धान का नियत समय पर उठाव हो गया है, लेकिन परिदान के दौरान परिवहनकर्ता द्वारा संग्रहण केंद्र तक पहुंचाने में कमी हो गई। जिसका खामियाजा संस्था प्रभारियों को भोगना पड़ रहा है। सूत्रों का यह भी कहना है कि संबंधित ट्रांसपोर्टर द्वारा शार्टेज धान के बदले रकम भी डीएमओ कार्यालय में जमा कर दी गई है। इसके बाद भी समितियों को जीरो शॉर्टेज का फायदा नहीं मिल रहा है।

धान खरीदी केंद्र में जाम धान।

कमिशन की राशि पहुंची बैंक
सरकार द्वारा कमिशन की राशि 14 करोड़ रुपए भेजने की बात करीब माह भर पहले कही गई थी, पर अभी तक कर्मचारियों को राशि नहीं मिली है। सरकार ने मार्कफेड को राशि भेज दी है, डीएमओ का कहना है कि पूरी राशि बैंक को दे दी गई है।

जिले की 24 खरीदी केंद्रों में जीरो शॉर्टेज के बाद भी प्रोत्साहन राशि नहीं मिल पाई है, ट्रांसपोर्टर द्वारा परिवहन के दौरान शॉर्टेज बताकर राशि रोक दी गई है। इस संबंध में आला अधिकारियों को शिकायत की गई है कि ट्रांसपोर्टर द्वारा शॉर्टेज की भरपाई के बाद भी राशि नहीं मिली है। जल्दी ही राशि नहीं मिली तो आंदोलन किया जाएगा। प्रमोद दुबे, अध्यक्ष जिला सहकारी कर्मचारी महासंघ

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