छह माह में आए 36 सौ नए वोटर
नगरीयनिकाय चुनाव के लिए एक- एक वोट महत्वपूर्ण होता है, इसे ध्यान में रखते हुए दावेदारों ने दावा आपत्ति के प्रारंभिक प्रकाशन में ही अपने लोगों के इतने नाम शामिल करा दिए कि प्रशासन को सोचना पड़ गया है। 2009 में हुए नगरपालिका चुनाव में 29 हजार से कम वोटर थे इस वर्ष मार्च में हुए लोकसभा चुनाव के लिए हुए मतदाता सूची के पुनरीक्षण में लगभग पांच सौ वोटर पांच साल में बढ़े थे, लेकिन इन छह माहों में ही अप्रत्याशित रूप से वोटरों की संख्या में बढ़ोतरी हो गई है। 22 सितंबर को समाप्त हुए दावा आपत्ति के दौरान 36 सौ लोगों ने नाम जोड़ने के लिए आवेदन किया है।
वर्ष 2011 में हुए जनगणना के अनुसार जांजगीर- नैला की जनसंख्या 40 हजार 561 है। इसमें 30 हजार 120 अनारक्षित, 9 हजार 120 अजा और 13 सौ 21 अजजा के हैं। लेकिन वोटरों की संख्या अप्रत्याशित रूप से बढ़कर 29 हजार 369 हो गई है। पालिका चुनाव खंदक की लड़ाई होती है। राजनीतिक दलों के कार्यकर्ता अपने लोगों का नाम जुड़वाने में कोई कसर नहीं छोड़ते। जिसका फायदा उन्हें मिलता है। वर्ष 2009 में हुए पालिका चुनाव में वोटरों की संख्या 28 हजार 800 के लगभग थी। मार्च 2014 में हुए लोक सभा चुनाव के पूर्व हुए मतदाता सूची के संक्षिप्त पुनरीक्षण के दौरान लगभग पांच सौ नए वोटरों के नाम जोड़े गए। वर्तमान में जांजगीर नपा क्षेत्र में 29, 369 वोटर हैं। यह संख्या नगर की जनसंख्या का 72 प्रतिशत है। वोटरों का यह प्रतिशत और बढ़ सकता है नपा चुनाव के लिए हुए संक्षिप्त पुनरीक्षण के दौरान मात्र छह माह में ही 36 सौ लोगों के आवेदन नाम जोड़ने के लिए नपा के कर्मचारियों को मिले हैं।
चौदह वार्डों में नाम शामिल करने के लिए एक सौ से अधिक आवेदन किए गए हैं जो संदेह के दायरे में है।
टीम करेगी डोर टू डोर जांच
जिन36 सौ लोगों के नाम जोड़ने के लिए हाल में हुए दावा आपत्ति में मिले हैं। उनका भौतिक सत्यापन कराया जाएगा। जिला प्रशासन ने ऐसे वार्डों जहां एक सौ से अधिक नाम जोड़ने के लिए आवेदन मिले हैं। उन वार्डों में डोर टू डोर सत्यापन करने के लिए चार लोगों की टीम का गठन किया है। टीम में भू अभिलेख शाखा के राजस्व निरीक्षक शिवकुमार राठौर, राजस्व निरीक्षक तुलसीदास साकेत, राजस्व निरीक्षक मुकेश वर्मा और भू अर्जन शाखा के देवसिंह धृतलहरे शामिल किए गए हैं।
दावा आपत्ति के अंतिम दिन आवेदन नाम जोड़ने के लिए आव