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शुभ मुहूर्त में होगी घटस्थापना, नौ दिनों तक होंगे माता के जगराते

7 वर्ष पहले
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शक्तिकी भक्ति का पर्व नवरात्रि गुरूवार से शुरू होगी। ध्वज-पताकाओं, बंदनवारों से सजे-धजे और रोशनी से नहाए मंदिरों में नौ दिनों तक आस्था के दीप जगमगाएंगे। भक्तों की भीड़ दर्शन-पूजन के लिए उमड़ेगी। नवरात्रि की विशेष आराधना की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।

नवरात्रि के नौ दिन दुर्गा के नौ रूपों की उपासना के दिन माने जाते हैं। उपासना का पर्व शारदीय नवरात्र 25 सितंबर से शुरू हो रहा है। बुधवार शाम तक ज्योति कलश कक्ष में कलशों को व्यवस्थित किया गया। सभी देवी मंदिरों में भव्य सजावट रंग-रोगन किया गया है। आश्विन शुक्ल प्रतिपदा पर गुरूवार को सुबह शुभ मुहूर्त पर घटस्थापना की जाएगी और इसके साथ ही देवी मंदिरों में आस्था का ज्वार उमड़ेगा पंडित दिलीप चतुर्वेदी के अनुसार महानवमी का क्षय है और नवरात्रि 8 दिन की है। 2 अक्टूबर को महाअष्टमी के साथ नवमी का पर्व भी मनेगा। 3 अक्टूबर को दशहरा मनाया जाएगा। वहीं पंडित रामलोचन तिवारी के अनुसार 2 अक्टूबर को सुबह 8.30 बजे अष्टमी तिथि खत्म होगी और इसके बाद महानवमी तिथि शुरू होगी तो वहीं 3 अक्टूबर को सुबह 6.30 बजे नवमी की तिथि खत्म होने से दशहरा लग जाएगा। चंद्रपुर की चंद्रहासिनी देवी, हरदी के महामाया मंदिर, मनकादाई मंदिर खोखरा, समलाई दाई मंदिर चांपा, सरई शृंगार बलौदा, अड़भार की अष्टभुजी देवी मंदिर समेत अंचल के सभी देवी मंदिरों में नवरात्रि के पहले ही दिन से ज्योति कलश जगमगाएंगे।

पहले दिन होगी शैल पुत्री की पूजा

नवरात्रिनौ दिनों की होती है पर तिथियों के फेरबदल में कई बार ऐसे मौके आते हैं कि पर्व 8 दिन में ही सिमट जाता है। पंडित दिलीप चतुर्वेदी के अनुसार यह स्थिति तिथि क्षय के कारण बनती है। कई बार एक ही दिन में अष्टमी एवं नवमीं तिथि के संयोगवश तथा दूसरे दिन दसवीं तिथि लगने से नवरात्रि 9 दिन का होकर 8 ही दिन रह जाती है। पहले दिन मां शैल पुत्री की उपासना की जाएगी, पर्वतराज हिमालय की पुत्री होने के कारण उनका नाम शैल पुत्री पड़ा। दूसरे दिन मां ब्रह्मचारिणी की उपासना होगी। तीसरे दिन मां चंद्रघंटा, चौथे दिन कुष्मांडा स्वरूप की अर्चना होगी। पांचवे दिन स्कंद माता, छठवें दिन मां कात्यायनी, सातवें दिन मां कालरात्रि की उपासना होगी। अष्टमी को मां सिद्धिदात्री की पूजा-आराधना के साथ नवरात्रि का समापन होगा।

सुबह 6.19 से 7.47 तक शुभ, दोपहर 12.11 से 1.28 तक