लोगों को पढ़ाया जाएगा सफाई का पाठ
लोगोंको अपने दैनिक जीवन में स्वच्छता के प्रति जागरूक करने, घरों में शौचालयों का निर्माण और उसका उपयोग करने के प्रति जागरूकता लाने के लिए 2 अक्टूबर ‘स्वच्छता जागरूकता सप्ताह’ मनाया जाएगा। इस दौरान कई कार्यक्रम गतिविधियों के माध्यम से लोगों को स्वच्छता का पाठ पढ़ाया जाएगा। कलेक्टर हिमशिखर गुप्ता ने विभागीय अधिकारियों को इसके लिए जरूरी निर्देश दिए हैं।
श्री गुप्ता ने कहा कि भारत सरकार 2019 तक खुले में शौच की प्रथा को पूरी तरह समाप्त करने के लिए स्वच्छ भारत अभियान के तहत विशेष प्रयास कर रही है। इसी कड़ी में यह कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस दौरान पंचायत पदाधिकारियों के माध्यम से ग्रामीणों को शौचालयों का निर्माण कराने एवं उसका शतप्रतिशत उपयोग कराने, बच्चों के शौच का उपयुक्त निराकरण करने, शौच के बाद साबुन से हाथ को धोने और पेयजल के उचित रख-रखाव एवं उपयोग के संबंध में जागरूक किया जाएगा।
स्वच्छता जागरूकता सप्ताह के तहत 26 सितंबर को स्कूली बच्चे एवं अन्य प्रतिभागियों द्वारा स्वच्छता रैली निकाली जाएगी एवं ग्राम पंचायत में स्वच्छता संबंधी नारे दीवारों पर लिखे जाएंगे। 27 सितंबर को हर स्कूल आंगनबाड़ी केंद्रों में उपस्थित बच्चों का विशेष रूप से हाथ धुलाई कराया कराया जाएगा एवं उन्हें भोजन से पहले शौच के बाद हाथ धोने के महत्व को बताया जाएगा। इसी तरह 28 सितंबर को कूड़े-कचरे, गोबर और बेकार पानी के उचित निपटान के लिए श्रमदान दिवस का आयोजन किया जाएगा। 29 सितंबर को घर एवं खान-पान की स्वच्छता पर जनजागरण एवं स्व-सहायता समूह एवं महिला समूह के माध्यम से ग्राम में स्वच्छ घर का निर्माण एवं स्वच्छ भोजन के उपयोग पर समझाईश दी जाएगी। 30 सितंबर को स्वच्छ विद्यालय स्वच्छ बच्चे की सोच को लेकर स्कूल एवं पूरे परिसर की सफाई कराई जाएगी। बच्चों के नाखून, बाल, कपड़े, दांत आदि की सफाई का निरीक्षण किया जाएगा। साथ ही भोजन से पहले एवं शौच के बाद हाथ धोने के लिए बच्चों को शपथ दिलाई जाएगी।
इसी दिन स्कूल में कंघी, नेलकटर शीशा, साबुन टावेल प्राथमिक चिकित्सा सामग्री आदि उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी। 1 अक्टूबर को ग्राम पंचायत स्तर पर पेयजल के सही रखरखाव सही व्यवहार से होने वाले लाभ से ग्रामीणों को अवगत कराया जाएगा।
वहीं 2 अक्टूबर को स्वच्छता ग्राम सभा का आयोजन किया जाएगा एवं शौचालय नि