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खंड वर्षा से जिले में खेती पिछड़ रही, अब तक सिर्फ 40 फीसदी हुई बोनी, किसानों में मायूसी

4 वर्ष पहले
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समितियों में खाद नहीं होने से ठप पड़ा है काम
सावन लगते ही जोरदार बारिश होने की उम्मीद किसानों को थी पर कोरिया जिले में पिछले साल की तुलना में अब तक आधी बारिश ही हुई है। किसानी के काम में किसान पिछड़ गए हैं। वहीं जिले के सोनहत विकासखंड में हर साल की तरह इस साल भी प्री-मानसून के तहत अच्छी बारिश हो गई है।

जिले में खंड वर्षा से किसानों के माथे पर पसीना आने लगा है क्योंकि बोनी का समय निकला जा रहा है। खेतों में अब भी लबालब पानी नहीं भरा है। वैसे भी बोनी में किसान पिछड़ गए हैं। अब तक जिले में 40 फीसदी ही बोनी का काम हो सका है। खंड वर्षा से अब तक जिले में औसत 250.86 मिमी बारिश दर्ज हुई है। पिछले साल इस माह तक 636.00 एमएम बारिश दर्ज की गई थी। एक्सपर्ट बताते हंै कि धान की बोनी के लिए कम से कम 200 एमएम बारिश चाहिए। मनेंद्रगढ़,भरतपुर,सोनहत में ही 200 एमएम से अधिक बारिश हुई है। जबकि बैकुंठपुर व खड़गवां के कई गांव के खेत खंड वर्षा से प्यासे हैं।

सोनहत| सोनहत ब्लाॅक की 3 समितियों में पिछले 20 दिनों से खाद नहीं होने से लगभग 500 किसानों का काम ठप पड़ा है। दूसरी ओर रोपाई का समय भी हो गया और कई किसान जिन्होंने पहले खाद का उठाव सोसायटी से कर लिया था उनका रोपाई का कार्य अब अंतिम दौर में है। जबकि बाकी किसान रोज सोसायटी के चक्कर लगा रहे हंै। प्रबन्धक से मात्र एक दो दिन में खाद के आने का अाश्वासन मिल रहा है। ब्लाॅक में रजौली, सोनहत व रामगढ़ तीनों समितियों में खाद पिछले 20 दिनों से नहीं है। चूंकि रोपाई का काम ब्लॉक में शुरू हो गया और समितियों में खाद नहीं है, इसलिए कई किसान रोपाई कार्य को पिछड़ता देख महंगे दामों में बाजार से निजी दुकानों से खाद खरीदने में मजबूर हो गए हैं। जहां पर उन्हें यूरिया 600 रुपए डीएपी 1700 रुपए इफको 1500 रुपए में नगद पैसे देकर लेना पड़ रहा है। ग्राम परसा बहरी के किसान ननकू सिंह पिछले 10 दिनों से खाद के लिए सहकारी समिति का चक्कर लगा चुका है। वहीं कई ऐसे किसान हैं जो प्रतिदिन सोसायटी आते हैं और निराश होकर लौट जाते है। इस संबंध में जानकारी लेने पर समिति प्रबंधक मनसाय ने बताया कि एक दो दिन में खाद के आने की संभावना है।

पिछले व इस साल की

बारिश पर एक नजर
वर्ष 2016 - बैकुंठपुर 594.50 मिमी, सोनहत 670 मिमी, खड़गवां 382.80 मिमी, मनेंद्रगढ़ 802.60मि, भरतपुर 729.60 मिमी

वर्ष 2017 - बैकुंठपुर 200.50 मिमी, सोनहत 292.10 मिमी, खड़गवां 166.80 मिमी, मनेंद्रगढ़ 302.90 मिमी, भरतपुर 292.00 मिमी।

अमरपुर में डेम तो है पर इसमें पानी नहीं रूकता
विकासखंड बैकंुठपुर के ग्राम पंचायत अमरपुर में कहने को तो 100 हेक्टेयर रकबा में सिंचाई के लिए जलाशय का निर्माण कराया गया है । पर बीते एक दशक से इसमें पानी नहीं रूका है। ग्रामीणों ने बताया कि जलाशय का स्लूज गेट खराब हो गया है। इसके कारण बारिश का पानी बह जाता है और खेती यहां भगवान भरोसे होती है। जलाशय के आसपास लगभग 250 एकड़ में धान बोनी काम नहीं हो सका है क्योकि यहां पर्याप्त बारिश नहीं हुई है। किसानों को यहां अच्छी बारिश का अब भी इंतजार है।

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