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खरीदी में लेटलतीफी से परेशान हैं किसान

7 वर्ष पहले
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वेबसाइट में गलत जानकारी, किसान परेशान

मौसम के पल-पल बदलते मिजाज से किसान चिंतित

बदलतेमौसम के कारण किसान इन दिनों चिंतित हैं। उनका कहना है कि मौसम ऐसा ही रहा तो कटाई मिसाई का काम प्रभावित होगा। वहीं बारिश हुई तो खेतों में रखा धान भीग जाएगा। उधर समिति प्रबंधक चिंतित हैं क्योंकि जगह के अभाव में खरीदा गया धान उन्होंने खुले आसमान तले रख दिया है। ऐसे में बारिश हुई तो वह धान भीग जाएगा। इस तरह बदलते मौसम से सभी परेशान हैं।

सहकारी समिति केंद्र में धान खरीदी तो शुरू कर दी गई है। पर धान रखने के लिए जगह नहीं होने के कारण उसे खुले आसमान के नीचे रखा जा रहा है। ऐसे में यदि बारिश होती है तो वह भीग जाएगा। ऐसा होने पर किसानों शासन दोनों को नुकसान होगा। यह स्थिति खम्हरिया, जरौंधा गिरधैाना के साथ अन्य जगहों पर भी है। खम्हरिया में मेन रोड पर धान रखने की नौबत गई है। समिति अध्यक्ष ने बताया कि वे इसकी जानकारी डीएमओ को दे चुके हैं। वहीं धान खरीदी में लेट लतीफी के चलते किसान भी परेशान है। इसका मुख्य कारण है अब तक धान खरीदी परिवहन का शुरू नहीं होना। गौरतलब हो कि पिछले साल परिवहन में हुई देरी के कारण समिति प्रबंधकों को जमकर नुकसान हुआ था। तखतपुर शाखांतर्गत गिरधौना, पचबहरा, तखतपुर, खम्हरिया, देवरी, मोछ, जरौंधा, कुंआं, नगोई, पुरेना, ढनढन, बेलपान, पोड़ी, बीजा धान खरीदी केंद्र आते हैं। इन केंद्रों में आज तक 38275.10 क्विंटल धान की खरीदी की जा चुकी है।

अिधकारियों को जानकारी दे दी है

^वेबसाइटमें गलत जानकारी से कुछ समितियों में किसानों से कम धान खरीदने की शिकायत मिली है। इसके बाद कुंआ, नगोई अन्य केंद्रों में खरीदी बंद कर दी गई है। इसकी जानकारी तहलीलदार, डीएमओ, कलेक्टर को दी गई है। धान के रखरखाव के लिए शासन के द्वारा समिति के खाते में पैसा दिया जा चुका है। अमितदुबे, शाखाप्रबंधक तखतपुर।

तखतपुर के खरीदी केंद्र में इस तरह बोरियों में धान रखा गया है।

समितियों के प्रांगण में खुले आसमान तले रखा है धान

बदली ने उड़ाई किसानों की नींद

खोंगसरा।आसमान में बादल छाने के साथ ही मौसम बदलने से किसान परेशान हैं। इसका असर धान की कटाई मिसाई पर भी पड़ा है। किसानों का कहना है कि यदि बारिश होगी तो खेतों में रखे फसल का प्रभावित होना तय है। किसान रामू पटेल, फूलसिंह, राज केशरवानी रामसिंह पटेल का कहना है कि बा